शौचालयों के इस्तेमाल से एक नहीं, अनेक फ़ायदे

स्वास्थ्य
© WSSCC/Jason Florio

संयुक्त राष्ट्र के स्वच्छता साझेदार संगठन - जल आपूर्ति और स्वच्छता सहयोग परिषद (WSSCC) का कहना है कि खुले में शौच करने के चलन को समाप्त करने से दुनिया के सबसे कमज़ोर वर्ग के लोगों के जीवन में "लाभकारी बदलाव" आएगा. 

UNDP Ukraine/Oleksandr Ratushnyak

'विविधता एक संपदा है, नाकि विभाजन की वजह'

एक ऐसे दौर में जब चरमपंथ और कट्टरता के मामले ज़्यादा दिखाई दे रहे हैं, जब “नफ़रता का विष” मानवता के एक हिस्से में ज़हर घोल रहा है, उस समय में सहिष्णुता की भूमिका बेहद आवश्यक हो गई है. संयुक्त राष्ट्र की सांस्कृतिक संस्था - यूनेस्को की प्रमुख ने ‘अंतरराष्ट्रीय सहिष्णुता दिवस’ पर जारी अपने संदेश में यह बात कही है.

UN Women/Arachika Kapoor

महिलाओं की सुरक्षा को बढ़ावा देने के लिए मैट्रो की यैलो लाईन हुई नारंगी

संयुक्त राष्ट्र की महिला सशक्तिकरण संस्था – यूएन वीमेन, भारत सरकार के गृह मंत्रालय और मीडिया साझीदारों ने मिलकर शुक्रवार को भारत की राजधानी दिल्ली के सुल्तानपुर मैट्रो स्टेशन पर एक मैट्रो ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. ‘महिलाओं के ख़िलाफ हिंसा रोकने के लिए एकजुट’ होने के अभियान के तहत इस मैट्रो को नारंगी रंग के पोस्टरों से सजाया गया है.

UNICEF/UN0213967/Sokol

रोहिंज्या के ख़िलाफ़ अपराधों की जाँच के लिए आईसीसी की हरी झंडी

अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय आईसीसी ने रोहिंज्या समुदाय के लोगों के मामले में कथित तौर पर मानवता के ख़िलाफ़ अपराधों की जाँच के लिए हरी झंडी दे दी है. इनमें मुख्य रूप से रोहिंज्या लोगों के विस्थापन का मामला है जिसकी वजह से 2016 से अब तक म्याँमार से लाखों रोहिंज्या लोग सुरक्षा की तलाश में पड़ोसी देश बांग्लादेश पहुँचे चुके हैं जो वहाँ शरणार्थी हैं. रोहिंज्या शरणार्थियों की संख्या छह से 10 लाख के बीच बताई जाती है.

WaterAid/Basile Ouedraogo

अनगिनत ख़तरों से जूझने को मजबूर हैं हाथ से मैला ढोने वाले सफ़ाईकर्मी

संयुक्त राष्ट्र ने चेतावनी दी है कि विकासशील देशों में स्वच्छता कर्मचारियों की दुर्दशा पर तात्कालिक कार्रवाई होनी चाहिए.  मंगलवार, 19 नवंबर, को 'विश्व शौचालय दिवस' से ठीक पहले विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने शौचालय, सीवर और सेप्टिक टैंक साफ़ करने वाले करोड़ों लोगों के लिए ख़तरों को उजागर किया है. यूएन एजेंसी ने कहा है कि सफ़ाई कर्मचारियों के अधिकार, उनका स्वास्थ्य और सम्मान ख़तरे में है. 

Unsplash

क़तर से 'जबरन बंदीकरण' के चलन को बदलने का आहवान

संयुक्त राष्ट्र के स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञों के एक समूह ने क़तर सरकार से आग्रह किया है कि उसे अपने यहाँ लोगों को जबरन बंदी बनाए जाने के चलन से महफ़ूज़ रखने के लिए बहुत बड़े बदलाव करने होंगे.

एक नज़र में मुख्य बातें