जलवायु परिवर्तन

जापान में हेगिबिस तूफ़ान का असर कम, साहस व तैयारी के लिए नेतृत्व की सराहना

जापान में हेगिबिस तूफ़ान जान-माल की भारी तबाही हुई है, ऐसे में संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने जलवायु आपदा से निपटने के प्रयासों में जापानी नेतृत्व की भूमिका की सराहना की है. महासचिव ने साथ ही इस तरह की प्राकृतिक आपदाओं से निपटने में जापान की पहले से ही की गई व्याक तैयारियों का ख़ास उल्लेख किया है.

गहराई से जुड़े हैं आपदा जोखिम प्रबंधन और जलवायु कार्रवाई के तार

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने कहा है कि आपदा जोखिम को कम करने और जलवायु आपदा के नुक़सानों के ख़िलाफ़ मज़बूती हासिल करने के बीच बहुत दमदार आर्थिक दलील है. महासचिव ने आपदा जोखिम प्रबंधन के लिए अंतरराष्ट्रीय दिवस के अवसर पर ये संदेश दिया है. ये दिवस सोमवार 14 अक्तूबर मनाया जा रहा है. 

टिकाऊ और समावेशी विकास में शहरों की अहम भूमिका

यूएन महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने ‘C-40 वर्ल्ड मेयर्स समिट’ को संबोधित करते हुए ध्यान दिलाया है कि टिकाऊ और समावेशी विकास को हासिल करने के प्रयासों में दुनिया भर में शहर अग्रिम मोर्चे पर खड़े हैं. डेनमार्क की राजधानी कोपेनहेगेन में गुरुवार को शुरू हुई यह शिखर वार्ता दो दिन तक चलेगी जिसमें C-40 गठबंधन के सदस्य शहरों ने टिकाऊ खाद्य नीतियों को लागू करने का संकल्प लिया है ताकि जलवायु आपात स्थिति से निपटा जा सके.

जैव विविधता, अर्थव्यवस्था और जलवायु

जलवायु आपदा ने दुनिया भर में जीवन के हर पहलू को प्रभावित किया है. बहुत से युवा भी अब समस्या की गंभीरता को समझने लगे हैं और अपने-अपने स्तर पर प्रयास कर रहे हैं. ऐसी ही युवा चैंपियन हीता लखानी के साथ संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में अंशु शर्मा की बातचीत.

महिलाओं में ताक़त का अलख

अजयता शाह एक ऐसी युवा कार्यकर्ता हैं जो राजस्थान में महिलाओं को उनके अधिकारों के बारे में जागरूक बनाने के साथ-साथ उनके सशक्तिकरण के लिए काम कर रही हैं. अजयता शाह सितंबर में संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में हुई विभिन्न गतिविधियों में शिरकत करने के लिए आई हुई थीं. यूएन न्यूज़ की अंशु शर्मा ने न्यूयॉर्क में अजयता शाह से ख़ास बातचीत की...

जलवायु कार्रवाई: "आंदोलन ने रफ़्तार पकड़ ली है मगर मंज़िल अभी दूर है"

जलवायु आपदा की बात करें तो, “अभी हमें बहुत लंबा रास्ता तय करना है. लेकिन आंदोलन ने रफ़्तार पकड़ ली है.” संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने गुरूवार को अनेक अख़बारों में प्रकाशित अपने एक लेख में ये बात कही है. इस लेख में उन्होंने विश्व में बढ़ते तापमान की वजह से दरपेश ख़तरों पर अपनी चिंता दोहराई है और तुरंत ठोस कार्रवाई किए जाने का भी आहवान किया है.

जलवायु संकट से जूझते द्वीपीय देशों को अंतरराष्ट्रीय मदद की ज़रूरत

लघु द्वीपीय विकासशील देशों में टिकाऊ विकास लक्ष्यों की दिशा में प्रगति के लिए तत्काल निवेश की आवश्यकता पर बल दिया गया है. शुक्रवार को ‘स्माल आईलैंड डिवैलपिंग स्टेट्स एक्सीलरेटेड मॉडैलिटीज़ ऑफ़ एक्शन’ (समोआ पाथवे) की समीक्षा के लिए हुई बैठक में जलवायु परिवर्तन से जूझते द्वीपीय देशों प्रभावी मदद के रास्तों पर चर्चा हुई.

बच्चों का ऐतिहासिक जलवायु मुक़दमा

स्वीडन मूल की युवा जलवायु कार्यकर्ता ग्रेटा थनबर्ग और एलेक्ज़ेन्ड्रिया विलासेनोर समेत 12 देशों के 16 बच्चों ने जलवायु संकट पर सरकार द्वारा कार्रवाई न होने के विरोध में, संयुक्त राष्ट्र बाल अधिकार समिति के सामने 24 सितंबर को एक ऐतिहासिक आधिकारिक याचिका दायर की है. एक रिपोर्ट...

इंटरव्यू: यूएन छत पर सोलर पैनल

जलवायु आपदा का सामना करने के प्रयासों के तहत संयुक्त राष्ट्र में कान्फ्रेंस इमारत की छत पर सोलर पैनल और हरी घास लगए गए हैं. ये काम मुख्य रूप से संयुक्त राष्ट्र के संचालन विभाग के अवर महासचिव अतुल खरे की देखरेख में हुआ है. उनके साथ ख़ास बातचीत.

बढ़ते तापमान की क़ीमत चुका रहे हैं महासागर और बर्फ़ीले इलाक़े

वैश्विक तापमान में दशकों से हो रही बढ़ोत्तरी और जलवायु परिवर्तन से महासागरों और बर्फ़ से जमे क्षेत्रों पर भारी असर पड़ रहा है. जलवायु परिवर्तन के दुष्प्रभावों का अध्ययन कर रहे वैज्ञानिकों ने एक नई रिपोर्ट में चेतावनी जारी की है कि अगर मानवीय गतिविधियों में बड़े बदलाव नहीं आए तो समुद्री जलस्तर के बढ़ने, प्राकृतिक आपदाओं के बार-बार आने और खाने-पीने की क़िल्लत से करोड़ों लोग प्रभावित होंगे.