वीडियो - हब (Video-Hub)
खाद्य पैकेजिंग में रीसायकिल प्लास्टिक का प्रयोग हो सकता है ख़तरनाक
कहने में तो ये बात बहुत अच्छी लगती है कि प्लास्टिक का प्रयोग एक बार नहीं करके, उसे रीसायकिल किया जाए, यानि प्लास्टिक उत्पादों को बार-बार प्रयोग किया जाए, मगर रीसायकिल किए गए प्लास्टिक के, खाद्य पैकेजिंग में बढ़ते इस्तेमाल के साथ, खाद्य सुरक्षा से जुड़े जोखिम भी बढ़ सकते हैं.
नैरोबी स्थित यूएन मुख्यालय का विस्तार, अफ़्रीका की बढ़ती वैश्विक भूमिका पर बल
संयुक्त राष्ट्र ने नैरोबी स्थित अपने मुख्यालय का विस्तार किया है. यूएन महासभा द्वारा स्वीकृत 34 करोड़ डॉलर की यह परियोजना, संयुक्त राष्ट्र सचिवालय के 80 वर्ष के इतिहास में, अफ़्रीका में किया गया सबसे बड़ा निवेश है. इससे नैरोबी की भूमिका वैश्विक कूटनीति और बहुपक्षीय सहयोग के एक प्रमुख केन्द्र के रूप में और मज़बूत होगी.
हंटावायरस की चपेट में आए क्रूज़ जहाज़ से, यात्रियों को उतारने का कार्य सम्पन्न
हंटावायरस संक्रमण की चपेट में आए क्रूज़ जहाज़, एमवी होंडियस से सभी यात्रियों और नाविक दल के सदस्यों को स्पेन के द्वीप, टेनेरीफ़ में सुरक्षित उतारने का कार्य पूरा हो गया है और अनेक यात्री अपने देश पहुँच चुके हैं. विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने इस अभियान को एकजुटता की विजय बताया है.
संयुक्त राष्ट्र के कार्य के लिए शासनादेशों की दक्षता क्यों अहम?
संयुक्त राष्ट्र महासभा ने इस विश्व संगठन के शासनादेशों (Mandates) के वजूद में आने, उन्हें लागू किए जाने और उनकी समीक्षा किए जाने की प्रक्रिया को पूरी यूएन प्रणाली में मज़बूत करने के लिए एक ऐतिहासिक प्रस्ताव पारित किया है. इस वीडियो में समझाया गया है कि शासनादेशों पर इस ऐतिहासिक प्रस्ताव से संयुक्त राष्ट्र के कामकाज में किस तरह सुधार होगा. महासभा का नया प्रस्ताव, संयुक्त राष्ट्र के शासनादेशों को बनाने, लागू करने और उनकी समीक्षा की प्रक्रिया को किस तरह बेहतर बनाएगा. यूएन80 पहल की कार्यधारा 2 के तहत यह एक अहम क़दम है, जिसका उद्देश्य संयुक्त राष्ट्र प्रणाली को अधिक दक्ष, जवाबदेह और परिणाम केन्द्रित बनाना है.
पृथ्वी पर जीवन, सचमुच किसी चमत्कार से कम नहीं - आर्टेमिस II के यात्री
चन्द्रमा मिशन - आर्टेमिस II के अन्तरिक्ष यात्रियों ने, ‘ब्रह्मांड के दूत’ के रूप में हाल ही में संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में अपने क़दम रखे. उन्होंने, चन्द्रमा के मिशन से लौटकर, पृथ्वी पर इनसानों को साझा उद्देश्य के बारे में विचार साझा किए और कहा कि पृथ्वी पर जीवन, किसी चमत्कार से कम नहीं है...(वीडियो)
बदलती दुनिया में शान्तिरक्षा की भूमिका क्यों अहम है?
बढ़ते टकरावों और युद्धों, सीमित संसाधनों और बदलती भू-राजनीति के बीच, संयुक्त राष्ट्र शान्तिरक्षा की प्रासंगिकता पर फिर सवाल उठ रहे हैं. फिर भी, नागरिकों की सुरक्षा, मानवीय सहायता और शान्ति प्रयासों में इसकी भूमिका आज भी अन्तरराष्ट्रीय समुदाय के लिए बेहद अहम बनी हुई है. (वीडियो...)
सूडान: युद्ध के तीन साल, भूख और बेबसी से गहराती त्रासदी
सूडान में तीन साल से जारी युद्ध ने हालात को बेहद गम्भीर बना दिया है. करोड़ों लोग भूख का सामना कर रहे हैं, लाखों परिवार बुनियादी ज़रूरतों से वंचित हैं, और बच्चों का भविष्य संकट में है. संयुक्त राष्ट्र विश्व खाद्य कार्यक्रम (WFP) ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द मदद नहीं पहुँची, तो यह मानवीय संकट और गहरा सकता है. (वीडियो...)
UNMISS: भारतीय शान्तिरक्षकों द्वारा बनाई नई सड़क से मिली नई उम्मीद
दक्षिण सूडान के ऊपरी नील क्षेत्र में बाढ़ और युद्धक हालात ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं, लेकिन एक नई सड़क ने कई दूरदराज़ समुदायों के लिए उम्मीद की राह खोली है. देश में संयुक्त राष्ट्र मिशन - UNMISS के भारतीय शान्तिरक्षक इंजीनियरों के प्रयासों से तैयार यह मार्ग, अब सुरक्षित आवाजाही, आर्थिक गतिविधियों और शान्ति निर्माण में मदद कर रहा है. (वीडियो..)
न्यूयॉर्क सिटी और यूएन का नाता: एक शहर, जिसने दुनिया के लिए अपने दरवाज़े खोले
द्वितीय विश्व युद्ध की तबाही के बाद, एक अधिक शान्तिपूर्ण और न्यायपूर्ण दुनिया के सपने ने, वर्ष 1945 में देशों को एक नई सोच के तहत एकजुट किया. इसी सोच और आशा की बुनियाद पर संयुक्त राष्ट्र का जन्म हुआ. इसके पीछे भी बहुत दिलचस्प कहानी है कि इस विश्व संगठन को आख़िरकार न्यूयॉर्क सिटी की मेज़बानी किस तरह मिली.
यूएन प्रमुख एंतोनियो ने की न्यूयॉर्क सिटी के मेयर ज़ोहरान ममदानी से मुलाक़ात
संयुक्त राष्ट्र प्रमुख एंतोनियो गुटेरेश ने, न्यूयॉर्क सिटी के मेयर ज़ोहरान ममदानी को इस विश्व संगठन के साथ शानदार सम्बन्ध रखने और इस संगठन की मेज़बानी करने के लिए शुक्रिया अदा किया है.