यातना

अफ़ग़ानिस्तान: जीवनरक्षक सहायता पहुँचाने के लिये यूएन मानवीय राहत विमान सेवा

संयुक्त राष्ट्र मानवीय राहत वायु सेवा ने कहा है कि अफ़ग़ानिस्तान के विभिन्न प्रान्तों में ज़रूरतमन्द लोगों तक जीवनरक्षक सहायता पहुंचाने के लिये उड़ानें फिर शुरू की जाएँगी. विश्व खाद्य कार्यक्रम (WFP) द्वारा संचालित इन उड़ानों से 160 राहत संगठनों के कामकाज को जारी रखने में मदद मिलेगी.

तस्करी के दौरान प्रवासियों के साथ हिंसा - पीड़ितों को नहीं मिल पाता न्याय

मादक पदार्थों एवँ अपराध पर संयुक्त राष्ट्र कार्यालय (UNODC) की एक नई रिपोर्ट दर्शाती है कि सीमा-पार तस्करी के दौरान प्रवासियों को अक्सर हिंसा, यातना, बलात्कार और अपहरण का शिकार होना पड़ता है, मगर अधिकाँश मामलों में पुख़्ता जाँच और न्याय का अभाव है. 

ईरान: राजनैतिक क़ैदी को, चिकित्सा आधार पर, रिहा करने का आग्रह

संयुक्त राष्ट्र के स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञों ने मंगलवार को ईरान सरकार से राजनैतिक कार्यकर्ता मोहम्मद नूरीज़ाद को तत्काल रिहा किये जाने का आग्रह किया है. ख़बरों के अनुसार, उपयुक्त चिकित्सा देखभाल के अभाव में, मोहम्मद नूरीज़ाद के  गम्भीर स्वास्थ्य समस्याओं का शिकार होने, यहाँ तक कि, उनकी मृत्यु होने की भी आशंका जताई गई है.

यातना पर पाबन्दी लगाने के लिये 'संकल्प का अभाव'

संयुक्त राष्ट्र के एक स्वतन्त्र मानवाधिकार विशेषज्ञ ने कहा है कि यातना और क्रूर बर्ताव के अन्य रूपों पर पाबन्दी लगाए जाने के लिये सरकारों ने फ़िलहाल ऐसा संकल्प नहीं दिखाया है, जिस पर भरोसा किया जा सके. दुनिया भर में यातना से जुड़े मामलों की निगरानी के लिये नियुक्त, यूएन के विशेष रैपोर्टेयर निल्स मेल्ज़र ने मानवाधिकार परिषद के समक्ष अपनी नई रिपोर्ट पेश की है. 

बांग्लादेश: हिरासत में रखे गए लेखक की मौत की पारदर्शी जाँच की माँग 

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त मिशेल बाशेलेट ने बांग्लादेश में अदालती कार्रवाई शुरू होने से पहले, 9 महीने तक हिरासत में रखे गए एक लेखक मुश्ताक़ अहमद की मौत की पारदर्शी जाँच कराए जाने की मांग की है. लेखक मुश्ताक़ अहमद को कोविड-19 पर सरकार की जवाबी कार्रवाई की आलोचनात्मक टिप्पणियाँ, सोशल मीडिया पर साझा करने और एक लेख प्रकाशित करने के लिये हिरासत में लिया गया था. 

इसराइल से आग्रह, यातना और दुर्व्यवहार के लिये दण्डमुक्ति ख़त्म हो

संयुक्त राष्ट्र के स्वतन्त्र मानवाधिकार विशेषज्ञों ने सोमवार को एक बयान जारी किया है जिसमें इसराइल से यातना और बुरे बर्ताव के मामलों के दोषियों की जवाबदेही तय किये जाने का आग्रह किया गया है. अन्तरराष्ट्रीय क़ानून के तहत अमानवीय, अपमानजनक और क्रूर बर्ताव पर सार्वभौमिक पाबन्दी है.  

अफ़ग़ानिस्तान में बन्दियों को यातना दिये जाने के आरोप, नई रिपोर्ट में चिन्ता 

अफ़ग़ानिस्तान में सुरक्षा व्यवस्था और आतंकवाद सम्बन्धी अपराधों के आरोपों में हिरासत में लिये गए एक-तिहाई से ज़्यादा बन्दियों को यातना और अन्य प्रकार के दुर्व्यवहार का सामना करना पड़ा है. अफ़ग़ानिस्तान में संयुक्त राष्ट्र सहायता मिशन (UNAMA) और यूएन मानवाधिकार उच्चायुक्त कार्यालय द्वारा साझा रूप से बुधवार को जारी एक नई रिपोर्ट में यह बात सामने आई है. 

नेपाल में मानवाधिकार उल्लंघन, यातना और जबरन मज़दूरी का मामला

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार समिति ने नेपाल से कहा है कि यातना और जबरन मज़दूरी कराए जाने के पीड़ितों को शिकायतें दर्ज कराने में आने वाली मुश्किलों को दूर करना होगा. मानवाधिकार समिति ने जिनीवा में मंगलवार को एक व्यक्ति द्वारा मानवाधिकार उल्लंघन की शिकायत पर सुनाए गए अपने एक निर्णय में ये बात कही है.

यातना पर हर हाल में प्रतिबंध ज़रूरी

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने अफ़सोस ज़ाहिर करते हुए कहा कि निसंदेह यातना पर हर हाल में रोक लगनी ज़रूरी है, मगर फिर भी दिन-ब-दिन इस मूल सिद्धांत का उल्लंघन होता देखा जा सकता है - ख़ासतौर पर बंदीगृहों, जेलों, पुलिस थानों, मनोरोग संस्थानों और दूसरे ऐसे स्थानों पर जहाँ क़ैद करने वाले लोग, बंदियों पर अत्याचार करने की हैसियत रखते हों.