वैश्विक परिप्रेक्ष्य मानव कहानियां

विस्थापन

हेती में गैंग हिंसा के कारण, हज़ारों लोगों को अपने घरों से विस्थापित होना पड़ा है.
BINUH/Boulet-Groulx

हेती: गैंग हिंसा से विस्थापित लोगों के लिए, $2.1 करोड़ की अपील

अन्तरराष्ट्रीय प्रवासन संगठन (IOM) और हेती सरकार ने, मंगलवार को देश में गैंग हिंसा का कारण विस्थापित हुए लाखों लोगों की मदद के लिए, मंगलवार को दो करोड़ 10 लाख डॉलर की सहायता अपील जारी की है.

© UNICEF/Mykola Synelnykov

यूएन न्यूज़ हिन्दी बुलेटिन, 6 अक्टूबर 2023

इस साप्ताहिक बुलेटिन की सुर्ख़ियाँ...

  • यूएन एजेंसियाँ - काराबाख़ से निकलकर आर्मीनिया पहुँचे, एक लाख से अधिक शरणार्थियों की ज़रूरतें पूरी करने में मदद के लिए सक्रिय.
  • यूक्रेन में हाल ही में हुए हमले की कड़े शब्दों में निन्दा, हमले में कम से कम 49 लोगों की मौत.
  • स्वायत्त हथियार प्रणालियों के इस्तेमाल के लिए अन्तरराष्ट्रीय नियम स्थापित किए जाने का आग्रह.
  • अतीत के वर्षों की तुलना में इस साल सितम्बर का महीना अब तक का सर्वाधिक गर्म साबित.
  • ईरान की महिला अधिकार पैरोकार नरगिस मोहम्मदी, इस वर्ष के नोबेल शान्ति पुरस्कार से सम्मानित.
ऑडियो
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चाड में प्रवेश करने के बाद सूडान के शरणार्थियों का एक समूह एक पेड़ के नीचे आराम करता हुए.
© UNICEF/Donaig Le Du

मौसम-सम्बन्धी आपदाओं से, 6 वर्ष में 4.31 करोड़ बच्चे विस्थापित

संयुक्त राष्ट्र बाल कोष – UNICEF शुक्रवार को कहा है कि मौसम सम्बन्धी आपदाओं ने, पिछले छह वर्षों के दौरान, 44 देशों में लगभग, 4 करोड़ 31 लाख बच्चों को जबरन विस्थापित किया है.

सूडान के शरणार्थी, चाड में पहुँचने के बाद, सहायता सामग्री की प्रतीक्षा करते हुए.
© UNICEF/Donaig Le Du

सूडान युद्ध से, बहुत तेज़ विस्थापन का संकट

सूडान में भीषण युद्ध जारी रहने के दौरान, देश में संयुक्त राष्ट्र की शीर्ष सहायता अधिकारी क्लेमेंटाइन न्कवेता-सलामी ने गुरूवार को आगाह किया है कि इस संकट ने, विश्व का एक सबसे तेज़ी से बढ़ता विस्थापन संकट उत्पन्न कर दिया है.

रवांडा में एक युवक, यूएन समर्थित कार्यक्रम के ज़रिए, निर्माण कौशल सीखते हुए.
© IOM

प्रवासियों के योगदान की बदौलत बेहतर हुई है दुनिया - नई IOM प्रमुख

संयुक्त राष्ट्र प्रवासन एजेंसी (IOM) की नई प्रमुख ऐमी पोप ने, विश्व में प्रवासियों की संख्या ‘अभूतपूर्व’ स्तर पर होने के मद्देनज़र कहा है कि मेज़बान देशों को उन्हें समस्या के रूप में देखने के बजाय, यह मानना होगा कि अर्थव्यवस्थाओं के फलने-फूलने के लिए प्रवासियों की ज़रूरत है.

पश्चिमोत्तर सीरिया में भूकम्प प्रभावित समुदाय तक मानवीय सहायता पहुँचाई जा रही है.
© UNICEF/Joe English

सीरिया: शान्ति प्रक्रिया में राजनैतिक गतिरोध एक बड़ा अवरोध, भरोसे की बहाली पर बल

सीरिया के लिए संयुक्त राष्ट्र के विशेष दूत गेयर पैडरसन ने देश में राजनैतिक पक्षों और अन्तरराष्ट्रीय समुदाय से मौजूदा गतिरोध को तोड़ने और भरोसा बहाल करने के लिए ठोस उपायों का आग्रह किया है.

काराबाख़ क्षेत्र में वनों से घिरा पर्वतीय क्षेत्र.
© Public Domain/Sonashen

काराबाख़: अज़रबैजान से, आर्मीनियाई जातीय आबादी के अधिकारों की गारंटी देने का आग्रह

संयुक्त राष्ट्र द्वारा नियुक्त एक स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञ ने बुधवार को अज़रबैजान से अपील की है कि काराबाख़ क्षेत्र में जातीय आर्मीनियाई समुदाय के अधिकारों की गारंटी दी जानी होगी. साथ ही, वहाँ रहने वाले लोगों के अधिकारों की तयशुदा अन्तरराष्ट्रीय दायित्वों के अनुरूप रक्षा सुनिश्चित की जानी अहम है. 

संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी की वैश्विक प्रवक्ता, शाबिया मंटू.
UN Photo/Jean Marc Ferré

UNHCR: काराबाख़ क्षेत्र से शरणार्थियों के पलायन पर चिन्ता

संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी (UNHCR) ने मंगलवार को, काराबाख़ इलाक़े में हाल के संघर्ष के कारण भारी संख्या में नागरिकों के आर्मीनिया पलायन करने की घटना पर चिन्ता जताई है.

फ़लस्तीनी पशुपालकों को बढ़ती हिंसक घटनाओं का सामना करना पड़ रहा है, जिससे उनकी आजीविका प्रभावित हुई है.
UNOCHA/Manal Massalha

​इसराइली बस्तियों के बाशिन्दों की हिंसा से, विस्थापित फ़लस्तीनियों की बढ़ती संख्या

संयुक्त राष्ट्र के एक नए विश्लेषण के अनुसार, इसराइल द्वारा क़ाबिज़ फ़लस्तीनी क्षेत्र पश्चिमी तट में यहूदी बस्तियों के बाशिन्दों द्वारा हिंसा में निरन्तर वृद्धि हो रही है, जिसके कारण पिछले वर्ष से अब तक 1,100 से अधिक फ़लस्तीनी लोग विस्थापित हो चुके हैं.

दक्षिणी सीरिया के एक शिविर में एक सात-वर्षीय विस्थापित बच्ची अपने परिवार के साथ एक अस्थाई शिविर में रह रही है.
© UNICEF/Hasan Belal

सीरिया: हिंसक टकराव से बिखरते हालात, आम नागरिक चुका रहे हैं क़ीमत

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त (OHCHR) वोल्कर टर्क ने आगाह किया है कि पूर्वी सीरिया में कुर्दिश-नेतृत्व वाले सीरियाई लोकतांत्रिक बलों (SDF) और अरब-नेतृत्व में दाएर-एज़-ज़ोर सैन्य परिषद के बीच हाल में भड़की लड़ाई से आम नागरिकों पर भीषण असर हुआ है.