संयुक्त राष्ट्र

सर ब्रायन अर्कहार्ट: पुरोधा राजनयिक

संयुक्त राष्ट्र के एक पूर्व वरिष्ठ राजनयिक सर ब्रायन अर्कहार्ट का 2 जनवरी को 101 वर्ष की आयु में निधन हो गया है. ब्रितानी मूल के राजनयिक सर ब्रायन अर्कहार्ट, संयुक्त राष्ट्र के लिये नियुक्त होने वाले दूसरे कर्मचारी थे. उन्होंने 41 वर्षों तक, विभिन्न पदों पर संयुक्त राष्ट्र की सेवा की. वो यूएन के 5 महासचिवों के शीर्ष सलाहकार भी रहे. उनके बारे में संक्षिप्त विवरण... (वीडियो)

यूएन के पुरोधा राजनयिक सर ब्रायन अर्कहार्ट का निधन, वैश्विक श्रद्धांजलि

संयुक्त राष्ट्र के एक पूर्व वरिष्ठ राजनयिक सर ब्रायन अर्कहार्ट का 2 जनवरी को 101 वर्ष की आयु में निधन हो गया है. यूएन महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने उनके निधन पर शोक प्रकट किया है और उनके परिवार व दुनिया भर में मौजूद, उन तमाम लोगों के प्रति सम्वेदना व्यक्त की है जो उनके लिये प्रेम व आदर का भाव रखते थे.

नव वर्ष: इम्तेहानों, त्रासदियों और आँसुओं के बाद, आशा की किरणें बिखेरने का सन्देश

दुनिया जब, इम्तेहानों, त्रासदियों और आँसुओं से भरे वर्ष (2020) के बाद एक नए वर्ष 2021 में दाख़िल हो रही है, ऐसे में, संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने नव वर्ष के लिये उम्मीदों से भरा सन्देश जारी किया है. महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने 2021 के अपने नव-वर्ष सन्देश में कहा है कि नया वर्ष, पिछले साल द्वारा दिये गए ज़ख्मों को भरने का मौक़ा होना चाहिये.

ओह, मैंने फिर शेयर कर दिया !!!

Misinformation यानि दुष्प्रचार या ग़लत जानकारी फैलाने का मक़सद हमारी भावनाओं के साथ खिलवाड़ करना होता है, और हम में से बहुत से लोगों ने भी कुछ ना कुछ ऐसे सन्देश या जानकारी ज़रूर शेयर की होगी है यानि आगे बढ़ाई होगी जिसके बारे में बाद में मालूम हुआ होगा कि वो सच या सही नहीं थी. इस वीडियो में एक हल्के-फ़ुल्के अन्दाज़ में मगर बहुत सटीक बात कहने की कोशिश की गई है कि हम कितनी आसानी से दुष्प्रचार या ग़लत जानकारी फैलाने के भागीदार बन जाते हैं. ये सोचना बहुत अहम और ज़रूरी है कि ग़लत जानकारी या 'फ़ेक न्यूज़' को फैलने से रोकने के लिये क्या किया जा सकता है...


 

यूएन महासभा का 75वाँ सत्र: एक झरोखा

हर वर्ष विश्व नेता न्यूयॉर्क शहर के मैनहैटन इलाक़े में पूर्वी नदी पर स्थित यूएन महासभा भवन में इकट्ठा होकर विश्व को सम्बोधित करते रहे हैं. वर्ष 2020 में कोविड-19 महामारी के कारण, सदस्य देशों के नेताओं ने अपने वीडियो भाषण पहले से ही रिकॉर्ड कराए जिन्हें महासभा हॉल में दिखाया गया. एक झरोखा... 

अहिंसा दिवस पर यूएन प्रमुख की वैश्विक युद्धविराम की ताज़ा पुकार

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरश ने 2 अक्टूबर को अन्तरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस के मौक़े पर वैश्विक युद्धविराम की अपनी पुकार फिर दोहराई है. अन्तरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस महात्मा गाँधी के जन्म दिवस (जयन्ती) की याद में हर साल 2 अक्टूबर को मनाया जाता है, और वर्ष 2020 का ये दिवस कोरोनावायरस महामारी से हुई भारी मानवीय और सामाजिक-आर्थिक तबाही की छाया में मनाया जा रहा है.

अभूतपूर्व रहा, महासभा का 75वाँ सत्र

यूएन महासभा का 75वाँ सत्र, इस विश्व संगठन के इतिहास के किसी अन्य सत्र से बिल्कुल अलग था क्योंकि कोविड-19 महामारी के कारण सभी देशों और सरकार के प्रमुखों ने इस बार पहले से रिकॉर्ड किये हुए वीडियो सन्देशों के ज़रिये जनरल डिबेट में शिरकत की.

हालाँकि इस सत्र और जनरल डिबेट का प्रमुख मुद्दा कोविड महामारी रहा, जिसमें ज़्यादातर प्रतिभागियों ने स्वीकार किया कि विश्व परस्पर रूप से जुड़ा है और इसके लिये बहुपक्षीय समाधानों की आवश्यकता है. इसी सन्दर्भ में, कई देशों ने स्वास्थ्य के अलावा जलवायु कार्रवाई, शान्ति, मानव अधिकारों और टिकाऊ विकास जैसी चुनौतियों के लिये संयुक्त राष्ट्र के अधिकाधिक उपयोग पर ज़ोर दिया... (वीडियो)

महासभा: जनरल डिबेट सम्पन्न, कोविड-19 के कारण 75वाँ सत्र इतिहास में दर्ज

संयुक्त राष्ट्र महासभा के 75वें सत्र के अध्यक्ष (PGA) वोल्कान बोज़किर ने जनरल डिबेट का समापन करते हुए कहा है कि संयुक्त राष्ट्र के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ है कि वैश्विक नेता व प्रतिनिधि महासभा के वार्षिक सत्र में व्यक्तिगत मौजूदगी के साथ शिरकत नहीं कर पाए. मंगलवार को उन्होंने कहा कि फिर भी कोविड-19 से बचने के लिये किये गए ऐहतियाती उपाय बहुपक्षवाद को उच्चतम स्तर पर होने से नहीं रोक पाए.

काँच की बोतलें और उदित सिंघल

दुनिया भर में टिकाऊ विकास लक्ष्यों की प्राप्ति के प्रयासों में उल्लेखनीय भूमिका निभाने के लिये संयुक्त राष्ट्र ने 17 युवाओं को एसडीजी चैम्पियन घोषित किया है. इनमें, भारत के उदित सिंघल भी शामिल हैं. काँच के कूड़े की समस्या भी प्लास्टिक के कूड़े जैसी न बन जाए, इस विचार के साथ उदित सिंघल ने भारत की राजधानी दिल्ली में, 2019 में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर Glass2Sand की स्थापना की. तब उदित सिंघल की उम्र 17 वर्ष थी.

उदित सिंघल ने तब से लेकर अब तक लगभग 8 हज़ार काँच की बोतलों को कूड़ा घर (Landfill) में जाने से रोका है, और उन बोतलों को 4 हज़ार 800 किलोग्राम उच्च ग्रेड सिलिका रेत में परिवर्तित करने में सफलता हासिल की है. उदित सिंघल, अपनी इस पहल को स्वयंसेवक नेटवर्क के माध्यम से फैलाकर, पूरे दिल्ली शहर को, बोतलों से छुटकारा दिलाने की मुहिम में जुटे हैं. 

यूएन न्यूज़ हिन्दी ने उदित सिंघल से सम्पर्क करके, टिकाऊ विकास पर उनके कार्य को लेकर विस्तार से बातचीत की.... (वीडियो)

कोविड-19: मृतक संख्या दस लाख, 'दिमाग़ों को सुन्न कर देने वाला एक पड़ाव'

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने दुनिया भर में कोविड-19 महामारी के कारण होने वाली मौतों की संख्या 10 लाख होने पर कहा है कि निसन्देह, ये आँकड़ा, एक तकलीफ़देह पड़ाव के रूप में हमारे दिमाग़ों को सुन्न करने वाला है, मगर विश्व को हर एक इनसान की ज़िन्दगी को नज़रों से ओझल नहीं होने देना होगा.