संक्रमण

भारत: कोविड-19 के संक्रमण में तेज़ उभार से चिन्ता की लहर

भारत में, मार्च महीने के अन्तिम दिनों और अप्रैल के शुरू में, कोरोनावायरस के संक्रमण मामलों में अचानक तेज़ी से उछाल देखा गया है. अलबत्ता, देश में, कोविड-19 की वैक्सीन का टीकाकरण भी विशाल पैमाने पर चल रहा है. फिर भी, संक्रमण के मामलों में इतनी तेज़ी चौतरफ़ा चिन्ता का कारण बन रही है. भारत में, विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के प्रतिनिधि डॉक्टर रॉड्रिको ऑफ़्रिन ने देश में मौजूदा हालात और टीकाकरण मुहिम से जुड़े कुछ सवालों के जवाब दिये हैं...

रक्त के थक्के जमने व ऐस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन में सम्बन्ध 'सम्भव', मगर 'दुर्लभ'

कोविड-19 संक्रमण से बचाव के लिये ऐस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन दिये जाने से कुछ लोगों में रक्त के थक्के जमने के दुर्लभ मामले सामने आ सकते हैं, मगर इनके बीच आपसी सम्बन्ध की पुष्टि के लिये और ज़्यादा शोध की आवश्यकता है. विश्व स्वास्थ्य संगठन के विशेषज्ञों ने बुधवार को कहा है कि ऐसे मामलों को वैक्सीन की ख़ुराक दिये जाने के बाद, बेहद कम नज़र आने वाले नुक़सान (side-effects) के रूप में चिन्हित किया जाना चाहिये.

कोविड-19: 'वैक्सीन पासपोर्ट' की प्रभावशीलता पर अभी और स्पष्टता की ज़रूरत

विश्व स्वास्थ्य संगठन ने मंगलवार को आगाह करते हुए कहा है कि ज़रूरी नहीं है कि कोविड-19 की वैक्सीन का टीका लगवाने से, इस महामारी के संक्रमण को पूरी तरह रोका ही जा सके, और यात्राएँ शुरू करने की अनुमति के लिये वैक्सीन पासपोर्ट जारी करना, भी कोई प्रभावशाली रणनीति नज़र नहीं आती है.

कोविड-19: लगातार चौथे सप्ताह संक्रमणों में बढ़ोत्तरी दर्ज

संयुक्त राष्ट्र स्वास्थ्य एजेंसी ने चिन्ता जताई है कि दुनिया भर में कोविड-19 संक्रमणों में लगातार चौथे हफ़्ते भी वृद्धि दर्ज की गई है और लगभग हर क्षेत्र इससे प्रभावित है. विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने बुधवार को बताया कि पिछले सात दिनों की अवधि में 33 लाख नए मामलों की पुष्टि हुई है. योरोपीय और अमेरिकी क्षेत्र अब भी बुरी तरह कोविड-19 महामारी से पीड़ित है, और संक्रमणों व मौतों के हर दस में से आठ मामले इन्हीं क्षेत्रों में दिखाई दे रहे हैं.  

कोविड-19: ऐस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन में संक्रमण व मौतों की रोकथाम करने की 'बड़ी सम्भावनाएँ'

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने ऑक्सफ़र्ड-ऐस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन दिये जाने के बाद कुछ लोगों में रक्त के थक्के जमने की शिकायतों से उपजी चिन्ताओं का संज्ञान लेते हुए, देशों से इस वैक्सीन का इस्तेमाल जारी रखने की सिफ़ारिश की है. वैक्सीन सुरक्षा पर यूएन स्वास्थ्य एजेंसी की एक वैश्विक सलाहकार समिति ने दोहराया है कि ऐस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन से होने वाले फ़ायदे, उसके जोखिमों से कहीं ज़्यादा है. साथ ही इस वैक्सीन में, कोविड-19 संक्रमण और मौतों की रोकथाम करने के लिये बहुत सम्भावनाएँ है.  

कोविड-19: सात हफ़्तों में पहली बार संक्रमण मामलों में वृद्धि

कोविड-19 महामारी के संक्रमण मामलों में लगातार छह सप्ताह तक गिरावट आने के बाद, पिछले हफ़्ते पहली बार, फिर से कोरोनावायरस संक्रमण मामलों में बढ़ोत्तरी दर्ज की गई है. इस बीच, कोवैक्स पहल के तहत घाना और आइवरी कोस्ट में वैक्सीन ख़ुराकें पहुँचने के पश्चात, टीकाकरण शुरू हो गया है, और पहले चरण में स्वास्थ्यकर्मियों, अग्रिम मोर्चे पर डटे कर्मचारियों और निर्बल समूहों को टीके लगाए जा रहे हैं.

WHO: ऑक्सफ़र्ड-ऐस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन के आपात इस्तेमाल को मन्ज़ूरी

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने कोविड-19 महामारी से बचाव के लिये ऑक्सफ़र्ड-ऐस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन के दो संस्करणों को आपात इस्तेमाल सूची में शामिल किये जाने को मन्ज़ूरी दे दी है. यूएन एजेंसी के महानिदेशक टैड्रॉस एडहेनॉम घेबरेयेसस ने कहा है कि वैक्सीनों के त्वरित और न्यायसंगत वितरण को सम्भव बनाने के लिये उत्पादन का स्तर बढ़ाये जाने की ज़रूरत है.

कोविड-19 से उबरने के बावजूद लक्षणों की पीड़ा - स्वास्थ्य प्रणालियों पर बोझ की आशंका

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने कहा है कि कोरोनावायरस संक्रमण से उबरने के बावजूद लम्बे समय तक उसके लक्षणों के माध्यम से, पीड़ित मरीज़ों की अवस्था समझने के लिये और ज़्यादा शोध किये जाने की आवश्यकता है. यूएन स्वास्थ्य एजेंसी ने आशंका जताई है कि ऐसे मरीज़ों की बढ़ती संख्या का असर, वैश्विक स्वास्थ्य प्रणालियों पर होगा. 

कोविड-19: ऑक्सफ़र्ड-ऐस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन से जुड़ी कुछ अहम बातें

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) में विशेषज्ञों के रणनीतिक सलाहकार समूह (SAGE) ने ऑक्सफ़र्ड-ऐस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन के इस्तेमाल पर अपनी अन्तरिम सिफ़ारिशें जारी की हैं. एक नज़र कुछ महत्वपूर्ण बिन्दुओं पर…

कोविड-19: संक्रमण व मौतों की संख्या में कमी, मगर वैक्सीन वितरण में चुनौतियाँ बरक़रार

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने कहा है कि वैश्विक महामारी कोविड-19 के संक्रमण फैलाव और उससे होने वाली मौतों की संख्या में दुनिया भर में गिरावट दर्ज की गई है जोकि एक सकारात्मक संकेत है. लेकिन यूएन एजेंसी ने, साथ ही आगाह भी किया है कि टीकाकरण अभियान के बीच, न्यायसंगत वैक्सीन वितरण के लिये यूएन की पहल, कोवैक्स, के समक्ष अब भी  बड़ी चुनौतियाँ मौजूद  हैं, जिनसे तत्काल निपटे जाने की आवश्यकता है.