रोहिंज्या

गांबिया का रोहिंग्या मामले में म्याँमार पर जनसंहार का मुक़दमा

गांबिया ने म्याँमार पर जैनोसाइड कन्वेंशन यानी जनसंहार कन्वेंशन के प्रावधानों के तहत अंतरराष्ट्रीय न्यायालय में मुक़दमा दर्ज किया है. गांबिया का आरोप है कि म्याँमार ने रोहिंग्या समुदाय के लोगों के ख़िलाफ़ इस तरह की कार्रवाई की है और अन्य कार्रवाइयों को समर्थन भी दिया है जो जैनोसाइड कन्वेंशन का उल्लंघन हैं. 

म्याँमार में सेना द्वारा बंधक बनाए गए लोगों के उत्पीड़न पर चिंता

म्याँमार की सेना द्वारा एक बंदी शिविर में रखे गए राखीन प्रांत के लोगों के उत्पीड़न और फिर उनकी मौत के आरोपों के बाद संयुक्त राष्ट्र के तीन स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञों ने ये उत्पीड़न तुरंत रोके जाने का आहवान किया है. इन विशेषज्ञों ने साथ ही इन आरापों की 'निष्पक्ष व भरोसेमंद' जाँच कराने का भी आहवान किया है.

म्यांमार की सेना पर सुनियोजित ढंग से यौन हिंसा और प्रताड़ना के आरोप

संयुक्त राष्ट्र के ‘इंडिपेंडेंट इंटरनेशनल फ़ैक्ट-फ़ाइंडिंग मिशन’ ने कहा है कि म्यांमार की सेना ने देश के जातीय अल्पसंख्यकों को आतंकित और दंडित करने के लिए यौन और लिंग आधारित हिंसा का सहारा लिया है जिसे रोका जाना होगा. अपनी नई रिपोर्ट में मिशन ने स्पष्ट किया है कि वर्ष 2017 में राखीन प्रांत में हिंसा का क्रूर स्वरूप दर्शाता है कि सेना की मंशा रोहिंज्या समुदाय को बर्बाद करने की थी.

रोहिंज्या शरणार्थियों की एक 'पूरी पीढ़ी की आशाएं दांव पर'

म्यांमार से भागकर बांग्लादेश आने वाले रोहिंज्या शरणार्थी दैनिक जीवन की ज़रूरतों को पूरा करने के लिए भी संघर्ष कर रहे हैं जिस वजह से एक पूरी पीढ़ी में हताशा घर कर रही है और आशाएं धूमिल हो रही हैं. संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (UNICEF) की कार्यकारी निदेशक हेनरिएटा फ़ोर ने कहा है कि इस पीढ़ी की उम्मीदों पर खरा उतरने के काम में विफल होने का जोखिम कोई विकल्प नहीं है.

बांग्लादेश में रोहिंज्या शरणार्थियों को बायोमैट्रिक पहचान-पत्र

बांग्लादेश में रह रहे रोहिंज्या शरणार्थियों के लिए बायोमैट्रिक पंजीकरण अभियान के तहत स्थानीय प्रशासन और यूएन शरणार्थी एजेंसी (UNHCR) की ओर से पहचान-पत्र जारी किए गए हैं. उम्मीद जताई गई है कि शरणार्थियों पर सटीक जानकारी एकत्र करने से उन्हें लक्षित ढंग से मदद मुहैया कराई जा सकेगी.

म्यांमार की सेना की व्यावसायिक गतिविधियों पर रोक की माँग

म्यांमार की सेना पर आरोप लगा है कि अंतरराष्ट्रीय और घरेलू स्तर पर व्यापार के ज़रिए सेना जो धन एकत्र कर रही है उसका इस्तेमाल मानवाधिकार उल्लंघन के मामलों को अंजाम देने में किया जा रहा है. संयुक्त राष्ट्र के स्वंतत्र समूह की एक नई रिपोर्ट में म्यांमार में सेना के व्यापारिक हितों को गहराई से परखा गया है और ज़िम्मेदार लोगों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की गई है.

कॉक्सेस बाज़ार में घातक होते मॉनसून से निपटने की मुस्तैदी

विश्व खाद्य कार्यक्रम ने कहा है कि बांग्लादेश में चार जुलाई से लगातार हो रही बारिश की वजह से कॉक्सेस बाज़ार का शरणार्थी शिविर बुरी तरह प्रभावित हुआ है जिससे भारी ढाँचागत नुक़सान होने के साथ-साथ अनेक लोग हताहत भी हुए हैं. बहुत नाज़ुक हालात का सामना कर रहे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया गया है जो शिविरों में ही नई ज़मीन पर बनाए गए हैं.

भारी बारिश और बाढ़ से रोहिंज्या शरणार्थियों की मुश्किलें बढ़ीं

संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (यूनीसेफ़) ने कहा है कि बांग्लादेश के कॉक्सेज़ बाज़ार शरणार्थी शिविर में रह रहे रोहिंज्या शरणार्थियों के सामने भारी बारिश के बाद बाढ़ का ख़तरा पैदा हो गया है और वहाँ बने हुए स्कूलों और शिक्षा केंद्रों को नुक़सान पहुँचने से हज़ारों बच्चों की शिक्षा भी बाधित हो गई है.

बांग्लादेश में रोहिंज्या शरणार्थी शिविरों पर बारिश का क़हर

बांग्लादेश में भारी बारिश की वजह से कॉक्सेस बाज़ार शरणार्थी शिविर में 273 अस्थाई मकानों को व्यापक नुक़सान पहुंचा है और 11 लोग घायल हुए हैं. मॉनसून से पैदा हुए संकट से निपटने के लिए संयुक्त राष्ट्र एजेंसियां राहत अभियान चला रही हैं. कॉक्सेस बाज़ार के शरणार्थी कैंप वाले इलाक़े में तीन दिन से लगातार तेज़ बारिश हो रही है और आने वाले हफ़्ते में भी भारी बारिश होने का अनुमान है.

म्यांमार में इंटरनेट पर लगी पाबंदी को तत्काल हटाने की अपील

म्यांमार के कुछ इलाक़ों में मीडिया की पहुंच नहीं होने और मानवाधिकार संगठनों पर गंभीर पाबंदियां लगाए जाने की ख़बरें मिली हैं. इसके बाद संयुक्त राष्ट्र की विशेष दूत यैंगही ली ने म्यांमार सरकार से अपना फ़ैसला बदलने और मोबाइल इंटरनेट सेवाएं बहाल करने का अनुरोध किया है.