फ़लस्तीन

इसराइल द्वारा क़ाबिज़ फ़लस्तीनी इलाक़े - पश्चिमी तट के एक ध्वस्त गाँव में खेलते कुछ बच्चे.
© UNOCHA

इसराइल और फ़लस्तीन को, क़ाबिज़ पश्चिमी तट में शान्ति बहाली के लिये तत्काल उठाने होंगे क़दम

मध्य पूर्व के लिये संयुक्त राष्ट्र के शीर्ष अधिकारी टोर वैनेसलैंड ने शुक्रवार को सुरक्षा परिषद मे कहा है कि इसराइल द्वारा क़ाबिज़ फ़लस्तीनी इलाक़े – पश्चिमी तट में दैनिक हिंसा क़ाबू से बाहर होती जा रही है; और इसराइल व फ़लस्तीन दोनों ही तरफ़ के नेताओं को, शान्ति बहाली के लिये तत्काल क़दम उठाने होंगे, अपनी सर्वश्रेष्ठ क्षमता के अनुसार, जिसके लिये अन्तरराष्ट्रीय समुदाय का भी पूर्ण समर्थन आवश्यक है.

क़ाबिज़ फ़लस्तीनी इलाक़े को अलग करने वाली दीवार.
UN News/Shirin Yaseen

फ़लस्तीनियों के ‘स्व-निर्णय अधिकार के लिये, इसराइल के 'अवैध क़ब्ज़े' का अन्त, अनिवार्य शर्त’

संयुक्त राष्ट्र की एक स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञ ने फ़लस्तीनी इलाक़े पर इसराइली क़ब्ज़े को ग़ैरक़ानूनी क़रार देते हुए कहा है कि मौजूदा हालात, मूल फ़लस्तीनी निवासियों को हटाकर यहूदी निवासियों को बसाना, औपनिवेशिक बस्तियों का विस्तार किये जाने के समान हैं, जिसका अन्त किया जाना होगा.

फ़लस्तीनी क्षेत्र ग़ाज़ा के उत्तरी इलाक़े में, एक फ़लस्तीनी शरणार्थी परिवार, यूएन राहत एजेंसी के शिविर में पनाह लिये हुए.
©UNRWA Photo/Mohamed Hinnawi

इसराइल-फ़लस्तीन: मौजूदा ठहराव को पलटने के लिये, तत्काल सार्थक क़दमों की ज़रूरत

मध्य पूर्व शान्ति प्रक्रिया के लिये संयुक्त राष्ट्र के विशेष संयोजक टॉर वैनेसलैण्ड ने बुधावार को सुरक्षा परिषद को बताया है कि इसराइल से फ़लस्तीनी धरती पर नई यहूदी बस्तियों के निर्माण रोकने की मांग करने वाला प्रस्ताव 2334, दिसम्बर 2016 में पारित होने के बाद से, इसके क्रियान्वयन पर “मामूली प्रगति” हुई है.

फ़लस्तीनी राष्ट्रपति महमूद अब्बास, यूएन महासभा के 77वें सत्र की उच्चस्तरीय जनरल डिबेट को सम्बोधित करते हुए (23 सितम्बर 2022).
UN Photo/Cia Pak

फ़लस्तीन: पूर्ण यूएन सदस्यता और इसराइली क़ब्ज़ा ख़त्म करने की पुकार

फ़लस्तीनी राष्ट्रपति महमूद अब्बास ने, अपने देश को संयुक्त राष्ट्र का पूर्ण सदस्य बनाए जाने की अपील फिर दोहराई है. उन्होंने शुक्रवार को यूएन महासभा के 77वें सत्र की उच्चस्तरीय जनरल डिबेट को सम्बोधित करते हुए इसराइल के साथ शान्ति स्थापना की क्षीण होती सम्भावनओं के बारे में आगाह भी किया है.

इसराइल के प्रधानमंत्री याइरह लापिड, यूएन महासभा के 77वें सत्र की उच्चस्तरीय जनरल डिबेट को सम्बोधित करते हुए. (22 September 2022)
UN Photo/Cia Pak

इसराइली प्रधानमंत्री ने मध्य पूर्व में दो-राष्ट्र समाधान का समर्थन किया

इसराइल के प्रधानमंत्री याइर लपीड ने गुरूवार को, यूएन महासभा के 77वें सत्र की उच्चस्तरीय जनरल डिबेट को सम्बोधित करते हुए कहा है कि इसराइली – फ़लस्तीनी संघर्ष का दो राष्ट्रों की स्थापना के रूप में समाधान, इसराइल के लिये एक सही चीज़ है, मगर उन्होंने आगाह भी किया कि भविष्य का फ़लस्तीनी राष्ट्र, “एक अन्य आतंकवादी अड्डा” नहीं होना चाहिये.

मध्य पूर्व शान्ति प्रक्रिया के लिये संयुक्त राष्ट्र के विशेष समन्वयक टोर वैनेसलैण्ड, मध्य पूर्व की स्थिति पर सुरक्षा परिषद की बैठक को सम्बोधित करते हुए, जिसमें फ़लस्तीन का सवाल भी शामिल था.
UN Photo/Loey Felipe

'इसराइली-फ़लस्तीनी संघर्ष का प्रबन्धन, सार्थक राजनैतिक प्रक्रिया का विकल्प नहीं'

मध्य पूर्व शान्ति प्रक्रिया के लिये संयुक्त राष्ट्र के विशेष समन्वयक टोर वैनेसलैण्ड ने गुरूवार को सुरक्षा परिषद में कहा कि फ़लस्तीनियों व इसराइलियों के बीच संघर्ष का प्रबन्ध करना, एक वास्तविक राजनैतिक प्रक्रिया का विकल्प नहीं हो सकता, और इस सच्चाई को हाल की कुछ घटनाओं ने एक बार फिर उजाकर कर दिया है.

फ़लस्तीनी क्षेत्र - पश्चिमी तट में रामल्लाह के निकट एक इसराइली अवरोधक दीवार के निकट से गुज़रते हुए कुछ महिलाएँ.
IRIN/Shabtai Gold

फ़लस्तीनी मानवाधिकार संगठनों पर इसराइली दमन 'अवैध और अस्वीकार्य'

संयुक्त राष्ट्र के 24 स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञों ने इसराइल द्वारा उसके क़ब्ज़े वाले फ़लस्तीनी इलाक़ों – पश्चिमी तट में फ़लस्तीनी सिविल सोसायटी के विरुद्ध इसराइली हमलों में बढ़ोत्तरी की निन्दा करते हुए, उन्हें "अवैध और अस्वीकार्य" क़रार दिया है.

ग़ाज़ा में तबाही का एक दृश्य, अगस्त 2022
Ziad Taleb

ग़ाज़ा-इसराइल में युद्ध विराम का स्वागत

संयुक्त राष्ट्र बाल कोष – UNICEF ने तीन दिन तक भारी हिंसा जारी रहने के बाद ग़ाज़ा और इसराइल में युद्धविराम का स्वागत किया है.

फ़लस्तीनी क्षेत्र ग़ाज़ा शहर में, एक लड़की और एक लड़का, अपने ध्वस्त घर के मलबे से सामान बीनते हुए.
© UNICEF/Eyad El Baba

मध्य पूर्व: बढ़ती हिंसा से अनेक फ़लस्तीनी और इसराइली लोग हताहत

मध्य पूर्व शान्ति प्रक्रिया के लिये संयुक्त राष्ट्र के विशेष संयोजक टॉर वैनेसलैण्ड ने सोमवार को सुरक्षा परिषद को बताया है कि क्षेत्र में उच्च स्तर की हिंसा के कारण, अनेक फ़लस्तीनी और इसराइली लोग हताहत हुए हैं और केवल यथास्थिति बनाए रखने से, एक टिकाऊ समाधान की तलाश के रास्ते में कोई मदद नहीं मिल रही है.

दिवंगत वरिष्ठ फ़लस्तीनी पत्रकार शिरीन अबू अकलेह ने इसराइली सेना के नियंत्रण में हालात की लगभग एक चौथाई शताब्दी तक कवरेज की.
Al Jazeera

‘फ़लस्तीनी पत्रकार शिरीन अबू अकलेह की जान लेने वाली गोली इसराइली बलों की तरफ़ से आई’

संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार कार्यालय (OHCHR) ने शुक्रवार को आरोप लगाया कि मई में फ़लस्तीनी क्षेत्र - पश्चिमी तट में अल जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबू अकलेह को जानलेवा गोली लगने के पीछे इसराइली बलों का हाथ था और शिरीन की मौत किसी अन्धाधुन्ध फ़लस्तीनी गोलीबारी में नहीं हुई.