पर्यावरण संरक्षण

कॉप27 सम्मेलन के आयोजन स्थल के बाहर प्रदर्शनकारी, अफ़्रीका में तेल एवं गैस परियोजनाओं के विस्तार का विरोध कर रहे हैं.
UN News/Laura Quinones

कॉप27: वैश्विक तापमान में वृद्धि के 1.5°C लक्ष्य को जीवित रखने की पुकार

जीवाश्म ईंधन के इस्तेमाल से जलवायु परिवर्तन और उसके दुष्परिणामों की चेतावनियों के बावजूद, तेल, गैस और कोयला परियोजनाओं का चिन्ताजनक विस्तार जारी है. मंगलवार को कॉप27 सम्मेलन के दौरान ‘ऊर्जा दिवस’ की थीम पर इस अहम मुद्दे पर चर्चा हुई, और अनेक विशेषज्ञों ने आशंका जताई कि वैश्विक तापमान वृद्धि को 1.5 डिग्री सेल्सियस तक सीमित रखने का लक्ष्य ख़तरे में है.  

विश्व भर में पर्यावरण रक्षा के समर्थन में होने वाले विरोध प्रदर्शनों में, मुनाफ़े की बजाय पृथ्वी पर ध्यान देने की मांग की जाती है.
© Unsplash/Markus Spiske

कॉप27: ‘हरित लीपापोती के लिये शून्य सहिष्णुता’, महासचिव ने खोखले नैट-शून्य संकल्पों के प्रति किया आगाह

विश्व भर में कार्बन उत्सर्जन से मुक्त होने का संकल्प लेने वाले देशों और ग़ैर-सरकारी पक्षों की संख्या बढ़ रही है, मगर नैट-शून्य उत्सर्जन प्रतिबद्धताओं के लिये मानदण्डो में बचाव के इतने रास्ते हो सकते हैं कि उनके बेअसर होने की आशंका बढ़ जाती है. संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश द्वारा गठित एक विशेषज्ञ समूह द्वारा, शर्म अल-शेख़ में कॉप27 सम्मेलन के दौरान इस विषय में अपनी पहली रिपोर्ट मंगलवार को प्रकाशित किये जाने पर यह चिंता व्यक्त की गई है.

ब्राज़ील के राष्ट्रपति जयअ बॉलसेनारो ने यूएन महासभा के 77वें सत्र के आरम्भ होने पर प्रतिनिधियों को सम्बोधित किया.
UN Photo/Cia Pak

ब्राज़ील: वैश्विक चुनौतियों से निपटने की नींव, घरेलू कार्रवाई से सम्भव

ब्राज़ील के राष्ट्रपति जयअ बॉलसेनारो ने यूएन महासभा के 77वें सत्र के दौरान, उच्चस्तरीय जनरल डिबेट की शुरुआत करते हुए, सार्वजनिक स्वास्थ्य, आर्थिक पुनर्बहाली और टिकाऊ विकास समेत अन्य चुनौतियों से निपटने में अपने देश की उपलब्धियाँ प्रस्तुत की हैं.

एडुआर्डो कोबरा अपनी टीम के साथ, यूएन मुख्यालय के बाहर की दीवार पर अपनी कलाकृति को अन्तिम रूप दे रहे हैं.
UN News/Matthew Wells

पर्यावरण संरक्षण को समर्पित कलाकृति, यूएन महासभा सत्र में आकर्षण का केन्द्र

संयुक्त राष्ट्र महासभा के 77वें सत्र में उच्चस्तरीय सप्ताह के दौरान जब विश्व नेताओं का न्यूयॉर्क में यूएन मुख्यालय में आगमन होगा, तो उन्हें ब्राज़ील के प्रतिष्ठित कलाकार एडुआर्डो कोबरा द्वारा सृजित एक भावप्रवण, आकर्षक कलाकृति नज़र आएगी. इस भित्ति-चित्र (mural) में जलवायु परिवर्तन और पर्यावरण संरक्षण की ओर ध्यान आकर्षित किया गया है.

पर्यावरणीय कारणों से अक्सर स्वास्त्य पर दुष्प्रभाव दिखाई देते हैं.
© CIAT/Neil Palmer

विश्व पर्यावरण दिवस: पृथ्वी की रक्षा के लिये कार्रवाई की साझा अपील

संयुक्त राष्ट्र ने 'विश्व पर्यावरण दिवस' के अवसर पर एक अपील जारी करते हुए आगाह किया है कि पृथ्वी ही हमारा एक मात्र घर है, और ये बहुत आवश्यक है कि पृथ्वी के वातावरण के स्वास्थ्य, और पृथ्वी पर जीवन की विविधता, इसकी पारिस्थितिकी और इसके सीमित संसाधनों की रक्षा की जाए...

पृथ्वी की इस तस्वीर को अमेरिका के एक अन्तरिक्ष यात्री द्वारा लिया गया है.
© NASA

पृथ्वी को पहुँची क्षति की भरपाई और जलवायु कार्रवाई - पाँच समाधान

अन्तरराष्ट्रीय माँ पृथ्वी दिवस चिन्तन मनन करने का एक अवसर है कि मानवता ने हमारे ग्रह के साथ किस तरह का बर्ताव किया है. और सही बात ये है कि हम ख़राब रखवाले साबित हुए हैं. जलवायु परिवर्तन पर अन्तर-सरकारी पैनल (IPCC) की रिपोर्टों में पृथ्वी की मौजूदा हालत की चिन्ताजनक तस्वीर उकेरी गई है, मगर आशा का दामन छोड़ने का कारण नहीं है. दुनिया भर में जलवायु कार्रवाई के लिये, पहले से कहीं अधिक गम्भीर प्रयास किये जा रहे हैं और लोग पृथ्वी को पहुँची क्षति की भरपाई करने के लिये एक साथ मिलकर समाधानों पर काम कर रहे हैं.  

उत्तरी ब्राज़ील के आदिवासी समुदाय में एक युवा पर्यावरण कार्यकर्ता.
© UNICEF/Alécio Cézar

पर्यावरण रक्षकों के अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित किये जाने की पुकार

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त मिशेल बाशेलेट ने पृथ्वी की रक्षा में जुटे पर्यावरण कार्यकर्ताओं की रक्षा किये जाने की पुकार लगाई है. यूएन मानवाधिकार प्रमुख ने सचेत किया है कि इन कार्यकर्ताओं को अक्सर आवाज़ बुलन्द करने की क़ीमत अपने प्राणों से चुकानी पड़ती है.

यूएन प्रमुख एंतोनियो गुटेरेश, स्कॉटलैण्ड के ग्लासगो में कॉप26 सम्मेलन को सम्बोधित करते हुए.
UNFCCC/Kiara Worth

कॉप26: ‘प्रकृति के साथ शौचालय जैसा बर्ताव’, बस बहुत हुआ – ग्लासगो में यूएन प्रमुख का कड़ा सन्देश

यूएन महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने स्कॉटलैण्ड के ग्लासगो शहर में कॉप26 सम्मेलन के दूसरे दिन, दुनिया के साथ कटु वास्तविकता भरा एक सन्देश साझा किया है. उन्होंने कोयले पर निर्भरता और जीवाश्म ईंधनों के इस्तेमाल की ‘लत’ के प्रति क्षोभ व्यक्त करते हुए आगाह किया है कि वैश्विक तापमान में वृद्धि से मानवता के लिये ख़तरा पैदा हो रहा है और हम अपनी क़ब्र स्वयं खोदते जा रहे हैं. 

संयुक्त राष्ट्र का वार्षिक जलवायु सम्मेलन, कॉप26, 31 अक्टूबर को शुरू हो रहा है.
United Nations

यूएन न्यूज़: कॉप26 जलवायु प्रश्नोत्तरी

संयुक्त राष्ट्र जलवायु सम्मेलन कॉप26 और चर्चा में छाए रहने वाले अन्य बड़े मुद्दों के बारे में आप कितना जानते हैं? यूएन न्यूज़ ने एक जलवायु कार्रवाई प्रश्नोत्तरी (क्विज़) तैयार की है, जोकि आपके लिये, अपने ज्ञान को परखने का अवसर है (प्रश्नों के उत्तर नीचे उपलब्ध हैं)...

समुद्री तटों पर व महासागर की गहराई में बड़ी मात्रा में प्लास्टिक, काग़ज़, लकड़ी, धातु और अन्य पदार्थ घुल गए हैं.
UN News/Laura Quinones

वर्ष 2030 तक, प्लास्टिक प्रदूषण दोगुना होने की राह पर - UNEP

संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (UNEP) की एक नई रिपोर्ट में महासागरों और अन्य जल क्षेत्रों में प्लास्टिक प्रदूषण की तेज़ी से बढ़ती मात्रा पर चिन्ता जताई गई है, जिसके वर्ष 2030 तक दोगुना हो जाने का अनुमान है. यूएन के वार्षिक जलवायु सम्मेलन (कॉप26) से 10 दिन पहले जारी इस रिपोर्ट में प्लास्टिक को भी एक जलवायु समस्या क़रार दिया गया है.