महासचिव

बेहतर उबरें: मानवाधिकारों के लिये खड़ें हों

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने 10 दिसम्बर को मनाए जाने वाले मानवाधिकार दिवस पर एक वीडियो सन्देश में कहा है कि कोविड महामारी का मुक़ाबला करने के प्रयासों, लैंगिक समानता, जन-भागीदारी, जलवायु न्याय और टिकाऊ विकास में - मानवाधिकारों को केन्द्रीय महत्व दिये जाने की ज़रूरत झलकती है. (वीडियो)...

पृथ्वी के साथ सुलह करने का समय

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने कहा है कि 21वीं सदी के लिये - जलवायु संकट के ख़िलाफ़ लड़ाई सर्वोच्च प्राथमिकता है. न्यूयॉर्क स्थित कोलम्बिया यूनिवर्सिटी में दिये एक भावुक भाषण में उन्होंने स्पष्ट कहा, "इसे सीधे शब्दों में कहें तो ग्रह टूटने के कगार पर पहुँच गया है और पृथ्वी के साथ सुलह करने का वक़्त है." वीडियो सन्देश...

नागोर्नो-काराबाख़ में दोनों पक्ष आम लोगों की सुरक्षा के लिये ज़िम्मेदार

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने संघर्षरत नागोर्नो-काराबाख़ में और उसके आसपास के आबादी वाले इलाक़ों में ताज़ा हमलों की निन्दा की है. इस बीच आर्मीनिया और अज़रबैजान ने एक दूसरे पर ताज़ा मानवीय सहायता युद्धविराम समझौते का उल्लंघन करने का आरोप लगाया है.

कोविड-19: मृतक संख्या दस लाख, 'दिमाग़ों को सुन्न कर देने वाला एक पड़ाव'

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने दुनिया भर में कोविड-19 महामारी के कारण होने वाली मौतों की संख्या 10 लाख होने पर कहा है कि निसन्देह, ये आँकड़ा, एक तकलीफ़देह पड़ाव के रूप में हमारे दिमाग़ों को सुन्न करने वाला है, मगर विश्व को हर एक इनसान की ज़िन्दगी को नज़रों से ओझल नहीं होने देना होगा.

शान्ति दिवस: हथियार डालने का आग्रह

अन्तरराष्ट्रीय शान्ति दिवस पर संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने दुनियाभर में संघर्षरत पक्षों से आग्रह किया कि वे अपने हथियार डालकर सदभाव का रास्ता अपनाएँ. महासचिव ने इस मौक़े पर वैश्विक युद्धविराम की याद भी दिलाई है. अन्तरराष्ट्रीय शान्ति दिवस 21 सितम्बर को मनाया जाता है. महासचिव का वीडियो सन्देश...

यमन: युद्ध और कोविड-19 से लाखों लोग तबाही के कगार पर

संयुक्त राष्ट्र प्रमुख ने गुरुवार को बताया कि पाँच साल से अधिक समय से चल रहे युद्ध ने "यमन के करोड़ों लोगों का जीवन तबाह कर दिया है." विशेषज्ञों का अनुमान है कि यमन में लगभग दस लाख लोग कोविड-19 से प्रभावित हुए हैं.

यूएन महासभा: ‘बहुपक्षवाद की आवश्यकता’ को रेखांकित करता 75वाँ सत्र शुरू

संयुक्त राष्ट्र महासभा का 75वाँ सत्र सोमवार, 15 सितम्बर को शुरू हो गया है जिसमें विश्व के सामने मौजूद कोविड महामारी की अभूतपूर्व चुनौती के मद्देनज़र, एक क्षण का मौन रखा गया. इस अवसर पर महासभा के नए अध्यक्ष वोल्कान बोज़किर ने कहा कि कोरोनोवायरस ने हमें ये समझने पर मजबूर कर दिया है कि "हमारी सामूहिक चुनौतियों का सामना करने के लिये" बहुपक्षवाद कितना आवश्यक है.

स्वच्छ, कुशल ऊर्जा में भारत की अहम भूमिका

महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने शुक्रवार को 19वें दरबारी सेठ स्मारक व्याख्यान को सम्बोधित किया. ये व्याख्यान ऊर्जा व शोधन संस्थान (टैरी) भारत, ने अपने संस्थापक और जलवायु कार्रवाई के प्रणेता, दरबारी सेठ के सम्मान में आयोजित किया था. इस व्याख्यान में महासचिव ने कोविड-19 पुनर्बहाली में जलवायु कार्रवाई को प्रमुखता देते हुए ज़ोर देकर कहा कि भारत स्वच्छ ऊर्जा बढ़ाकर अपनी दो शीर्ष प्राथमिकताएँ प्राप्त कर सकता है - ग़रीबी उन्मूलन और ऊर्जा की सार्वभौमिक पहुँच की गारण्टी. उन्होंने कहा कि प्रदूषण फैलाने वाले जीवाश्म ईंधन की बजाय अक्षय ऊर्जा में निवेश करने से तीन गुना अधिक रोज़गार उत्पन्न हो सकते हैं.

नागासाकी: जीवितों का साहस बने परमाणु हथियारों के उन्मूलन की प्रेरणा

संयुक्त राष्ट्र महासचिव  एंतोनियो गुटेरेश ने जापान के नागासाकी शहर में परमाणु हमले के 75 वर्ष पूरे होने के अवसर पर हीमाकुशा लोगों के साहस और सहनशील नज़रिये की सराहना की है. उस परमाणु हमले में जीवित बचे लोगों को हीबाकुशा कहा जाता है. 

मानसिक स्वास्थ्य का बहुत ध्यान ज़रूरी

यूएन महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने कहा है कि कोविड-19 महामारी ने दुनिया भर में इंसानों के ना केवल शारीरिक वजूद पर चोट की है बल्कि मानसिक स्वास्थ्य पर भी बुरी तरह हमला बोला है. उन्होंने कहा है कि दुनिया भर में हर जगह, हर इंसान के मानसिक स्वास्थ्य का ख़याल रखा जाना बहुत ज़रूरी है और ये अभी के लिए नहीं, बल्कि महामारी पर क़ाबू पाए जाने के बाद के समय के लिए भी सुनिश्चित करना है. वीडियो सन्देश...