लिंग आधारित हिंसा

कोविड-19 के दौरान घरेलू हिंसा बढ़ोत्तरी से निपटने के लिये यूएन एजेंसियों के सक्रिय प्रयास

वैश्विक महामारी कोविड-19 के दौरान महिलाओं के साथ घरेलू हिंसा के मामलों में बढोत्तरी दर्ज की गई और सख़्त पाबन्दियों के कारण सहायता सेवाओं की उपलब्धता भी सीमित रही है. भारत में संयुक्त राष्ट्र घरेलू हिंसा की शिकार महिलाओं को सहारा देने वाले संगठनों के साथ मिलकर काम कर रहा है और उन्हें हरसम्भव सहायता उपलब्ध कराने के लिये प्रयासरत है. एक रिपोर्ट... 

'लिंग आधारित हिंसा को ख़त्म कर दें, हमेशा-हमेशा के लिये'

संयुक्त राष्ट्र ने तमाम देशों की सरकारों ने लिंग आधारित हिंसा को हमेशा के लिये ख़त्म करने के लिये प्रयास दो गुने करने का आहवान किया है. बुधवार को महिलाओं के ख़िलाफ़ हिंसा का उन्मूलन करने के अन्तरराष्ट्रीय दिवस के मौक़े पर ये आहवान किया गया है.

डॉरीन मलाम्बो: 2020 यूएन महिला पुलिस अधिकारी पुरस्कार विजेता 

दक्षिण सूडान में संयुक्त राष्ट्र मिशन (UNMISS) में लैंगिक मामलों की सलाहकार चीफ़ इंसपैक्टर डॉरीन मलाम्बो को वर्ष 2020 के लिये यूएन महिला पुलिस अधिकारी पुरस्कार से सम्मानित किया गया है. डॉरीन मलाम्बो को महिलाओं, लड़कियों, बच्चों और विकलाँगों के अधिकार सुनिश्चित करने में अहम योगदान के लिये मंगलवार को आयोजित एक वर्चुअल पुरस्कार समारोह में सम्मानित किया गया.

महिलाओं और लड़कियों के यौन व प्रजनन स्वास्थ्य पर मँडराता ख़तरा

वैश्विक महामारी कोविड-19 सभी लोगों को प्रभावित कर रही है लेकिन इसका असर हर किसी पर एक जैसा नहीं है. संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने शनिवार, 11 जुलाई को ‘विश्व जनसंख्या दिवस’ पर अपने सन्देश में आगाह किया है कि कोरोनावायरस संकट के कारण स्वास्थ्य प्रणालियों पर बोझ बढ़ा है और महिलाओं व लड़कियों के यौन व प्रजनन स्वास्थ्य  की उपेक्षा हो रही है जो गहरी चिन्ता का विषय है. 

सीरिया: हिंसा में फंसी महिलाओं की स्वास्थ्य ज़रूरतों पर संकट

पूर्वोत्तर सीरिया के हिंसा प्रभावित इलाक़ों से आम नागरिकों का विस्थापन जारी रहने के  कारण महिलाओं व लड़कियों के लिए सुरक्षित माहौल, शरण और प्रजनन स्वास्थ्य सुविधाओं की तत्काल ज़रूरतें पैदा हो गई हैं. संयुक्त राष्ट्र जनसंख्या कोष (UNFPA) के इस सप्ताह की नवीनतम जानकारी में यह स्थिति सामने आई है.