कुपोषण

अफ़ग़ानिस्तान में हर दिन 9 बच्चे हताहत

संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (UNICEF) की एक नई रिपोर्ट कहती है कि अफ़ग़ानिस्तान में हर दिन औसतन नौ बच्चों की या तो मौत हो रही है या फिर वे घायल हो रहे हैं. यूनीसेफ़ की रिपोर्ट में अफ़ग़ानिस्तान को दुनिया का सबसे घातक युद्धक्षेत्र क़रार दिया गया है. वर्ष 2009 से 2018 तक साढ़े छह हज़ार से ज़्यादा बच्चों की मौत हुई है और लगभग 15 हज़ार घायल हुए हैं.

अरबों बच्चे और व्यस्क - कम पोषण और मोटापे की चपेट में

निम्न और मध्यम आय वाले देशों में से हर तीन में से एक देश में कुपोषण की दो चरम सीमाएँ स्वास्थ्य के लिए गंभीर ख़तरा पैदा कर रही हैं. ये हैं – कम पोषण और मोटापा. संयुक्त राष्ट्र की स्वास्थ्य एजेंसी – विश्व स्वास्थ्य संगठन ने तेज़ी से बदलती खाद्य व्यवस्थाओं से निपटने के लिए नए तरीक़े अपनाने पर ज़ोर दिया है.  

हर महीने तीस लाख लोगों को निकालना होगा भुखमरी के चक्र से

एशिया-प्रशांत क्षेत्र में अगर टिकाऊ विकास के 2030 एजेंडा के दूसरे लक्ष्य – भुखमरी का अंत – को वर्ष 2030 तक हासिल करना है तो क्षेत्र में अल्पपोषण से पीड़ित तीस लाख लोगों को हर महीने भुखमरी के चक्र से बाहर निकालना होगा. संयुक्त राष्ट्र की चार एजेंसियों की एक नई साझा रिपोर्ट में यह निष्कर्ष सामने आया है.

पौष्टिक भोजन ना मिलने से बच्चों के स्वास्थ्य पर व्यापक दुष्प्रभाव

जन्म के बाद बच्चों के शुरुआती वर्षों में पौष्टिक भोजन ना मिल पाने, खान-पान की बढ़ती ग़लत आदतों और सेहतमंद आहार के प्रति जागरूकता की कमी विश्व भर में एक नई चुनौती का सबब बन रही है. संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (UNICEF) की नई रिपोर्ट दर्शाती है कि सेहतमंद आहार का अभाव ऐसे बच्चों की संख्या लगातार बढ़ा रहा है जिनके स्वास्थ्य पर इसका बुरा असर पड़ रहा है.  पांच साल से कम उम्र में हर तीन में से एक बच्चा – 20 करोड़ से ज़्यादा - या तो अल्पपोषित है या फिर उसका वज़न ज़्यादा है.

नौनिहालों को कुपोषण के गर्त से बचाने की ख़ातिर

"संयुक्त राष्ट्र की मानवीय सहायता व्यवस्था के पैरोकारों के रूप में हम सभी ने शून्य में ताकती आँखों को देखा है, आँखें एक ऐसे बच्चे की जिसका शरीर कुपोषण की वजह से हड्डियों ढाँचा भर रह गया है जिसमें जीवन जैसे अंतिम साँसें गिन रहा हो, उसकी धीमी गति से आती-जाती साँसों से ही बस उसके जीवित होने का  पता चलता है." ये शब्द हैं संयुक्त राष्ट्र की मानवीय सहायता के कार्यों में सक्रिय एजेंसियों के जो दुनिया भर में कुपोषण के शिकार बच्चों का हालत बयान करने के लिए व्यक्त किए हैं.

कॉंगो लोकतांत्रिक गणराज्य में खाद्य सहायता तीन गुना बढ़ाई गई

कॉंगो लोकतांत्रिक गणराज्य का इतुरी प्रांत व्यापक पैमाने पर भुखमरी, अंतरजातीय समूहों में हिंसा और ईबोला वायरस का सामना कर रहा है जिससे वहां चुनौतीपूर्ण हालात पैदा हो गए हैं. प्रभावित लोगों को सहारा देने के उद्देश्य से विश्व खाद्य कार्यक्रम (WFP) ने भोजन सामग्री के रूप में दी जाने वाली सहायता को बढ़ाकर तीन गुना कर दिया है . यूएन एजेंसी के अनुसार यमन के बाद वहां दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा भुखमरी का संकट पैदा हो रहा है.

उत्तर कोरिया में एक करोड़ लोग खाद्य संकट का शिकार

पिछले दस सालों में पहली बार बड़े पैमाने पर फ़सल उत्पादन में गिरावट होने के चलते उत्तर कोरिया में एक करोड़ से ज़्यादा लोग खाद्य संकट का सामना कर रहे हैं. संयुक्त राष्ट्र ने उत्तर कोरिया में उपजी खाद्य असुरक्षा का आकंलन करती एक रिपोर्ट को शुक्रवार को जारी किया है.  भोजन की कमी के चलते देश में कुपोषण फैलने का जोखिम बढ़ गया है. 

बाल सुरक्षा के लिए यूनिसेफ़ की 3.9 अरब डॉलर की अपील

संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (UNICEF) ने कहा है कि दर्जनों देशों में हिंसक संघर्षों, आपदाओं और अन्य आपात परिस्थितियों में रह रहे लाखों बच्चों को तत्काल सुरक्षा दिए जाने की आवश्यकता है. यूनिसेफ़ ने दुनिया भर में मानवीय राहत कार्य में मदद के लिए 3.9 अरब डॉलर की अपील भी जारी की है.