जलवायु

जलवायु त्रासदी टालने के लिये, बिल्कुल अभी निर्णायक कार्रवाई की पुकार

संयुक्त राष्ट्र प्रमुख एंतोनियो गुटेरेश ने सोमवार को विश्व नेताओं का आहवान करते हुए, जलवायु त्रासदी को टालने की ख़ातिर, बिल्कुल अभी निर्णायक कार्रवाई करने की पुकार लगाई है. यूएन महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने 31 अक्टूबर से स्कॉटलैण्ड के ग्लासगो शहर में शुरू होने वाले अगले जलवायु सम्मेलन कॉप26 से पहले, आयोजित एक आपदा सम्मेलन में शिरकत करते हुए ये आहवान किया है.

यूएन महासभा का 76वाँ सत्र, पाँच प्रमुख बातें जो चर्चा में रहेंगी

संयुक्त राष्ट्र महासभा का 76वाँ सत्र, 14 सितम्बर को शुरू हो गया है, और यह 2020 के पूर्ण वर्चुअल सत्र से बहुत अलग होगा. यूएन महासभा के 76वें सत्र पर भी कोविड-19 की परछाई तो रहेगी, लेकिन यह देशों के नेताओं को (कुछ को व्यक्तिगत रूप से) सामने नज़र आ रही वैश्विक चुनौतियों को सम्बोधित करने से नहीं रोक पाएगी. यहाँ प्रस्तुत हैं ऐसे पाँच तथ्य, जो आपको 2021 की "हाइब्रिड" महासभा के बारे में जानकारी के लिये महत्वपूर्ण होंगे.

यूएन भविष्य: गुटेरेश की पुकार, विशाल सोचने की ज़रूरत

वर्ष 2020 में संयुक्त राष्ट्र की 75वीं वर्षगाँठ मनाने के दौरान, संगठन के भविष्य के बारे में प्रमुख आन्तरिक चर्चाएँ हुईं, और द्वितीय विश्व युद्ध के बाद के इसके शुरुआती दिनों से अलग, एकदम नई दिशा बनाने पर आम सहमति हुई. इन चर्चाओं का परिणाम था ‘हमारा साझा एजेण्डा’ नामक एक नई ऐतिहासिक रिपोर्ट, जिसे संयुक्त राष्ट्र महासचिव ने शुक्रवार को जारी किया है. ये एजेण्डा, वैश्विक सहयोग के भविष्य के लिये उनका दृष्टिकोण दर्शाता है.

नीला आकाश विचार: वायु प्रदूषण के बार में कुछ अहम जानकारी

दुनिया भर में, कुल आबादी का लगभग 90 प्रतिशत हिस्सा, अपने दैनिक जीवन में, हर दिन, हानिकारक प्रदूषित हवा में साँस लेता है, जिसे संयुक्त राष्ट्र ने, मौजूदा दौर का सर्वाधिक महत्वपूर्ण स्वास्थ्य मुद्दा क़रार दिया है. 7 सितम्बर को, ‘नीले आसमानों के  प्रथम अन्तरराष्ट्रीय स्वच्छ वायु दिवस’ के अवसर पर, यूएन न्यूज़ की प्रस्तुति – कि ये स्थिति कितनी बुरी है और इसका सामना करने के लिये क्या किया जा रहा है.

आगों और बाढ़ों के मौसम को शान्त करने के लिये जलवायु कार्रवाई की दरकार

संयुक्त राष्ट्र की उप महासचिव आमिना जे मोहम्मद ने दुनिया भर में चरम मौसम की बढ़ती घटनाओं से प्रभावित होने वाले देशों की बढ़ती संख्या की पृष्ठभूमि में, सोमवार को ध्यान दिलाते हुए, विश्व में तापमान वृद्धि को, अन्तरराष्ट्रीय स्तर पर सहमत डेढ़ डिग्री तक सीमित रखने की अहमियत को रेखांकित किया है.

हेती: भीषण भूकम्प के कारण, हताहतों व तबाही का व्यापक दायरा

संयुक्त राष्ट्र ने बुधवार को कहा है कि हेती में, शनिवार, 14 अगस्त को 7.2 की तीव्रता वाला भूकम्प आने के चार दिन बाद, जान-माल के भीषण नुक़सान और हताशा व घबराहट का बढ़ता स्तर नज़र आ रहा है और मृतक संख्या लगभग दो हज़ार हो गई है.

योरोप: भीषण बाढ़ व बढ़ते तापमान ने, जलवायु कार्रवाई को बनाया ज़रूरी

विश्व मौसम संगठन (WMO) ने शुक्रवार को कहा है कि पश्चिमी योरोप के अनेक देशों में भारी बारिश होने के कारण जानलेवा और विनाशकारी बाढ़ का आना ऐसा एक ताज़ा संकेतक है कि तमाम दुनिया को जलवायु परिवर्तन से जुड़ी प्राकृतिक आपदाओं की रफ़्तार को धीमा करने के लिये, और ज़्यादा कार्रवाई करने की आवश्यकता है. यूएन महासचिव ने जान-माल के नुक़सान पर दुख व्यक्त किया है.

योरोपीय संघ की नई जलवायु पहल की प्रभाव कुशलता सीमित - अंकटाड

संयुक्त राष्ट्र की व्यापार और विकास एजेंसी (UNCTAD) ने आगाह करते हुए कहा है कि योरोपीय संघ द्वारा बुधवार को जारी एक जलवायु पहल कार्यक्रम, अलबत्ता, वैश्विक व्यापार रुख़ को उन देशों के हित में मोड़ सकता है जहाँ उत्पादन ज़्यादा कार्बन कुशल है, मगर जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करने में इसकी अहमियत सीमित ही नज़र आती है.

जापान: भूस्खलन के प्रभावितों के प्रति सम्वेदना व राहतकर्मियों के काम की सराहना

संयुक्त राष्ट्र प्रमुख एंतोनियो गुटेरेश ने सोमवार को जापान में उन परिवारों के साथ सम्वेदना व्यक्त की है जिनके सदस्य सप्ताहान्त के दौरान शिज़ुओका क्षेत्र के तटीय शहर अतामी में समुद्री तूफ़ान और ज़मीन खिसकने के कारण मौत का शिकार हो गए.

तापमान वृद्धि को रोकने में, मीथेन गैस कटौती की अहम भूमिका

संयुक्त राष्ट्र समर्थित एक रिपोर्ट में कहा गया है कि मानव गतिविधि द्वारा उत्पन्न मीथेन गैस का उत्सर्जन, इस दशक में 45 प्रतिशत तक कम किया जा सकता है, जिससे पेरिस जलवायु समझौते की शर्तों के अनुरूप, वैश्विक तापमान वृद्धि को 1.5 डिग्री सेल्सियस तक सीमित रखने में मदद मिलेगी.