जलवायु

भारत: वायु प्रदूषण के ख़िलाफ़ प्रदेशों की मुहिम

भारत में वायु गुणवत्ता प्रबन्धन एक क्षेत्रीय मुद्दा है. विश्व बैंक, राज्य-व्यापी स्वच्छ वायु कार्य योजना विकसित करने के लिये, शहर स्तर पर योजना बनाने में उत्तर प्रदेश और बिहार प्रदेशों की  मदद कर रहा है, जिसे पूरे राज्य में विस्तार के लिये उपयोग किया जा सकेगा.

महामारी को वैश्विक समन्वित कार्रवाई के बिना नहीं हराया जा सकता, यूएन प्रमुख

संयुक्त राष्ट्र प्रमुख एंतोनियो गुटेरेश ने गुरूवार को ज़ोरदार दलील देते हुए कहा है कि दुनिया, कोविड-19 महामारी को, एकजुटता और ठोस तालमेल के बिना नहीं हरा सकती है इसलिये, देशों को, वर्ष 2021 के अन्त तक, पूरी दुनिया में लगभग 40 प्रतिशत आबादी का टीकाकरण करने के लिये, आने वाले दिनों में ठोस कार्रवाई करनी होगी. 

कृषि मिट्टी में प्लास्टिक सर्वव्यापी, टिकाऊ विकल्पों के लिये और ज़्यादा शोध की ज़रूरत

संयुक्त राष्ट्र के खाद्य व कृषि संगठन (FAO) ने मंगलवार को जारी एक रिपोर्ट में कहा है कि खेतीबाड़ी की ज़मीनों में, प्लास्टिक प्रदूषण की मौजूदगी सर्वव्यापी हो गई है जिसके कारण खाद्य सुरक्षा, जन स्वास्थ्य, और पर्यावरण के लिये जोखिम उत्पन्न हो रहा है.

टिकाऊ विकास के लिये वित्त की ज़रूरत पहले से कहीं ज़्यादा, उप प्रमुख आमिना मोहम्मद

सुंयुक्त राष्ट्र की उप प्रमुख आमिना जे मोहम्मद ने सोमवार को कहा है कि संसाधन सम्पन्न और संसाधन वंचित लोगों के बीच अविश्वास की बढ़ती खाई के वातावरण में, टिकाऊ विकास के लिये, यथा सम्भव विभिन्न क्षेत्रों से पक्षकारों को शामिल करते हुए, वित्त का प्रबन्ध करना, इस समय पहले से कहीं ज़्यादा ज़रूरी है.

बुज़ुर्गों की तुलना में, युवजन में ज़्यादा नज़र आती है 21वीं सदी की भावना

एक पीढ़ीगत सर्वेक्षण में सामने आया है कि कोविड-19 महामारी, जलवायु परिवर्तन और अन्य वैश्विक चुनौतियों के बावजूद, उम्र दराज़ लोगों की तुलना में, ऐसे बच्चों और युवाओं की संख्या 50 प्रतिशत ज़्यादा है जो आज भी मानते हैं कि दुनिया एक बेहतर जगह बन रही है. इस महत्वपूर्ण सर्वेक्षण के नतीजे गुरूवार को प्रकाशित हुए हैं.

जलवायु कार्रवाई - सर्वजन को गरिमा, अवसर और समानता वाहन, आमिना जे मोहम्मद

संयुक्त राष्ट्र की उप महासचिव आमिना जे मोहम्मद का कहना है कि जलवायु कार्रवाई, सर्वजन के लिये, हरित व समान भविष्य की ख़ातिर, एक बदलाव वाहन बन सकती है. उन्होंने हाल ही में एक TED वार्ता में, सभी जगह के लोगों का आहवान किया कि वो अपने नेतृत्वकर्ताओं से, वैश्विक तापमान वृद्धि को सीमित करने के उनके वादों पर अमल करने की मांग करें.

कॉप26 ‘कुछ सहमति’ के साथ सम्पन्न, मगर यूएन प्रमुख की नज़र में काफ़ी नहीं

स्कॉटलैण्ड के ग्लासगो में, संयुक्त राष्ट्र के जलवायु सम्मेलन कॉप26 के दौरान, वार्ताएँ अतिरिक्त एक दिन खिंचने के बाद, शनिवार को, कुछ सहमतियों वाला एक ‘दस्तावेज़’ प्रस्तुत किया गया है. यूएन प्रमुख के अनुसार, इस दस्तावेज़ में, आज के विश्व में मौजूद हित, विरोधाभास और राजनैतिक इच्छाशक्ति की स्थितियाँ झलकती हैं.

जलवायु कार्रवाई पर सहयोग के लिये, चीन-अमेरिका के बीच समझौते का स्वागत

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने, बुधवार को, चीन और अमेरिका के बीच, जलवायु कार्रवाई में, और ज़्यादा निकट सहयोग करने के लिये हुए एक समझौते का स्वागत किया है. उन्होंने इस समझौते को, सही दिशा में एक महत्वपूर्ण क़दम क़रार दिया है.

एक नए विश्लेषण में, कृषि आधारित खाद्य आपूर्ति श्रृंखला के, कार्बन पद चिन्ह उजागर

संयुक्त राष्ट्र के खाद्य व कृषि संगठन (FAO) के नेतृत्व में कराए गए एक नए अध्ययन में सामने आया है कि खाद्य प्रसंस्करण, पैकेजिंग, परिवहन, घरेलू उपभोग और अपशिष्ट व कूड़ा-कचरा फेंके जाने की पूरी प्रक्रिया, खाद्य आपूर्ति श्रृंखला को, ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जकों की शीर्ष सूची में धकेल रही है. ये रिपोर्ट ग्लासगो में चल रहे यूएन जलवायु सम्मेलन के मौक़े पर सोमवार को जारी की गई है.

वर्ष 2020 में, यूएन व्यवस्था के ग्रीनहाउस उत्सर्जन में 25 प्रतिशत कमी

संयुक्त राष्ट्र व्यवस्था ने वर्ष 2020 के दौरान, कोविड-19 महामारी का मुक़ाबला करने के लिये लागू की गईं यात्रा पाबन्दियों और ज़्यादातर स्टाफ़ द्वारा अपने घरों से ही काम करने की बदौलत, वर्ष 2019 की तुलना में, लगभग 25 प्रतिशत कम, ग्रीनहाउस उत्सर्जन किया.