जलवायु कार्रवाई

महासभा प्रमुख: एकजुट कार्रवाई से जलवायु संकट का समाधान सम्भव

संयुक्त राष्ट्र महासभा के अध्यक्ष अब्दुल्ला शाहिद ने, जलवायु परिवर्तन के मुद्दे पर जनरल ऐसेम्बली में आयोजित एक उच्चस्तरीय चर्चा के दौरान, बढ़ते समुद्री जलस्तर समेत उन कटु वास्तविकताओं की ओर ध्यान आकृष्ट किया है, जिनसे मालदीव और अन्य द्वीपीय देशों के लिये विशेष रूप से ख़तरा पैदा हो रहा है. 

'विनाशकारी तापमान वृद्धि' की ओर बढ़ती दुनिया - सुस्पष्ट जलवायु कार्रवाई व संकल्पों का आहवान

संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (UNEP) की एक रिपोर्ट दर्शाती है कि जलवायु कार्रवाई के लिये नए और संशोधित संकल्प, पैरिस जलवायु समझौते में तय लक्ष्यों को हासिल करने के लिये पर्याप्त नहीं हैं. स्कॉटलैण्ड के ग्लासगो में यूएन के वार्षिक जलवायु सम्मेलन से कुछ ही दिन पहले जारी रिपोर्ट के अनुसार, दुनिया इस सदी में, वैश्विक तापमान में कम से कम 2.7 डिग्री सेल्सियस की वृद्धि की ओर बढ़ रही है.   

2020: वातावरण में ग्रीनहाउस गैसों की सघनता रिकॉर्ड स्तर पर

विश्व मौसम विज्ञान संगठन (WMO) के एक नए अध्ययन ‘ग्रीनहाउस गैस बुलेटिन’ के अनुसार, वातावरण में ग्रीनहाउस गैसों की मात्रा पिछले साल रिकॉर्ड स्तर पर पहुँच गई और ये रुझान वर्ष 2021 में भी जारी है. वैश्विक तापमान में वृद्धि के लिये ज़िम्मेदार इन गैसों की मात्रा में बढ़ोत्तरी की वार्षिक वृद्धि दर को, 2011-2020 के औसत से अधिक मापा गया है.  

भारत: यूएन दिवस के अवसर पर, हरित समाधानों व जलवायु कार्रवाई पर ज़ोर

भारत में संयुक्त राष्ट्र ने 24 अक्टूबर को यूएन दिवस के अवसर पर, एक जलवायु कार्रवाई उत्सव का आयोजन किया, जिसमें युवाओं द्वारा विकसित अभिनव, पर्यावरण अनुकूल समाधानों को दर्शाया गया. इस कार्यक्रम में यूएन अधिकारियों के साथ-साथ, युवा जलवायु चैम्पियनों और नीति-निर्धारकों ने भी शिरकत की. 

जलवायु परिवर्तन लक्ष्य प्राप्ति और जीवाश्म ईंधन उत्पादन योजनाओं के बीच गहरी खाई

संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (UNEP) और साझीदार संगठनों ने कहा है कि जलवायु महत्वाकांक्षा में बढ़ोत्तरी और कार्बन तटस्थता संकल्पों के बावजूद, देशों की सरकारें, जीवाश्म ईंधन उत्पादन, वैश्विक तापमान में बढ़ोत्तरी का लक्ष्य 1.5 डिग्री सेल्सियस तक सीमित रखने के लिये, ज़रूरी मात्रा से दोगुनी मात्रा में उत्पादन की योजनाओं पर काम कर रही हैं. बुधवार को जारी एक नई रिपोर्ट में यह निष्कर्ष सामने आया है. 

विश्व खाद्य दिवस: खाद्य प्रणालियों में जीवनरक्षक, रूपान्तरकारी बदलावों की पुकार

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने शनिवार, 16 अक्टूबर, को ‘विश्व खाद्य दिवस’ के अवसर पर जारी अपने सन्देश में, टिकाऊ विकास लक्ष्यों की प्राप्ति के लिये, खाद्य प्रणालियों में परिवर्तनशील कार्रवाई की पुकार लगाई है. उन्होंने कहा है कि इन बदलावों के ज़रिये सर्वजन के लिये बेहतर पोषण, बेहतर पर्यावरण और हर इनसान के लिये एक बेहतर ज़िन्दगी सुनिश्चित किये जा सकते हैं.

जलवायु परिवर्तन का सामना करने में व्यापार की अहम भूमिका – नई रिपोर्ट

संयुक्त राष्ट्र की एक नई रिपोर्ट दर्शाती है कि एशिया-प्रशान्त क्षेत्र में स्थित देशों की अर्थव्यवस्थाओं को तत्काल ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जनों में कटौती करने की ज़रूरत है. ऐसा करना, सीमाओं पर कार्बन टैक्स में बढ़ोत्तरी की सम्भावना के मद्देनज़र, व्यापार प्रतिस्पर्धात्मकता बनाए रखने के नज़रिये से अहम होगा. 

व्यापार एवँ विकास पर यूएन सम्मेलन – निर्बल देशों के लिये समर्थन बढ़ाने का आहवान

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने व्यापार एवँ विकास पर यूएन के एक सम्मेलन को सम्बोधित करते हुए, कोविड-19 से पुनर्बहाली को टिकाऊ व समावेशी बनाने पर बल दिया है. बारबेडॉस की राजधानी ब्रिजटाउन में सोमवार को 'UNCTAD15' सम्मेलन की शुरुआत हुई है जिसमें यूएन प्रमुख ने कर्ज संकट पर पार पाने के लिये चार-सूत्री कार्रवाई योजना को पेश किया है. 

बहुपक्षवाद है साझा चुनौतियों से निपटने का एकमात्र रास्ता – यूएन महासभा प्रमुख

संयुक्त राष्ट्र महासभा प्रमुख अब्दुल्ला शाहिद ने महासभा के 76वें सत्र के दौरान वार्षिक उच्चस्तरीय खण्ड के समापन के बाद, शुक्रवार को अपनी पहली प्रैस वार्ता में बहुपक्षवाद को साझा चुनौतियों से निपटने का एकमात्र रास्ता बताया है.

महत्वाकांक्षी जलवायु कार्रवाई के लिये 'समय बीता जा रहा है'

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने यूएन के वार्षिक जलवायु सम्मेलन (कॉप26) से चन्द हफ़्ते पहले, देशों से कार्बन उत्सर्जन घटाने और जलवायु कार्रवाई के लिये वित्त पोषण सुनिश्चित करने का आहवान किया है. यूएन प्रमुख ने गुरूवार को इटली के मिलान शहर में सम्मेलन से पहले तैयारियों के तहत आयोजित मंत्रिस्तरीय बैठक को सम्बोधित करते हुए यह बात कही है.