IOM

भूमध्य सागर में, सीरिया का एक तटीय शहर - तारतूस.
© Unsplash/Ali Ahmed

सीरिया तट के निकट नाव डूबने से, कम से कम 70 लोगों की मौत

संयुक्त राष्ट्र के विभिन्न एजेंसियों के प्रमुखों ने कहा है कि ख़बरों के अनुसार, भूमध्य सागर में सीरिया तट के निकट, एक अन्य नाव डूबने से, 71 प्रवासियों के शव बरामद किये गए हैं. उन्होंने इस घटना को “बिल्कुल त्रासद” क़रार देते हुए, एक ऐसी अन्तरराष्ट्रीय कार्रवाई की मांग की जिसमें अपना घर छोड़ने वाले लोगों की परिस्थितियों को बेहतर बनाने के प्रयास शामिल हों.

चाड में अगस्त 2022 में भारी बारिश से प्रभावित एक इलाक़े की आकाशीय तस्वीर.
IOM/Anne Schaefer

चाड: अभूतपूर्व वर्षा से 3.4 लाख लोग प्रभावित

संयुक्त राष्ट्र के मानवीय सहायता कार्यों की समन्वय एजेंसी – OCHA ने शुक्रवार को जारी एक रिपोर्ट में कहा है कि चाड में भारी बारिश ने अभूतपूर्ण बाढ़ उत्पन्न कर दी है, जिससे 55 हज़ार परिवारों में रहने वाले लगभग 3 लाख 40 हज़ार लोग प्रभावित हुए हैं. इस संख्या ने वर्ष 2021 के दौरान भी इसी तरह की बाढ़ से प्रभावित लोगों की ढाई लाख की संख्या को पीछे छोड़ दिया है.

अस्पतालों को चेर्निहाइव क्षेत्र में IOM से सोलर लैम्प दिये जा रहे हैं.
यूक्रेनी प्रिज्म एनजीओ

यूक्रेन: अन्धेरे में रौशनी की एक किरण

यूक्रेन पर रूसी आक्रमण थमने का कोई संकेत नज़र नहीं आ रहा है मगर, संयुक्त राष्ट्र, उन क्षेत्रों में जहाँ गोलीबारी के कारण बिजली के बुनियादी ढाँचे नष्ट हो गए हैं या क्षतिग्रस्त हुए हैं, वहाँ मानवीय सहायता सामग्री की आपूर्ति लगातार जारी रख रहा है, जिसमें सौर लैम्प (solar lamps) भी शामिल हैं. इससे, विशेष रूप से खिड़की रहित तहख़ानों में स्थित आश्रयों में अन्धेरे से कुछ राहत मिलती है.

लीबिया के मिसराटा में फँसे अन्य देशों के प्रवासियों को बचाया गया. (फ़ाइल).
IOM

लीबिया रेगिस्तान में प्रवासियों की मौत, मज़बूत संरक्षण के लिये सतर्कता पुकार

संयुक्त राष्ट्र प्रवासन एजेंसी (IOM) ने लीबिया के रेगिस्तान में कम से कम 20 प्रवासियों की मौत होने की तीखी निन्दा की है और चाड-लीबिया सीमा पर प्रवासियों की सुरक्षा को और मज़बूत किये जाने की अपनी पुकार दोहराई है.

हवाई अड्डे की ओर बढ़ते हुए, रायन एयर का एक विमान.
Unsplash/Fotis Christopoulos

महामारी यात्रा पाबन्दियों में बदलाव के लिये, वैश्विक कार्रवाई की दरकार

प्रवासन में बेहतरी लाने के लिये काम कर रहे संयुक्त राष्ट्र के दो संगठनों के अध्यक्षों ने शुक्रवार को कहा है कि देशों को, महामारी के यात्रा उपायों को स्पष्ट, समान और नवीनतम बनाने के लिये सर्वसम्मति क़ायम करनी होगी. इन अधिकारियों ने, न्यूयॉर्क स्थित यूएन मुख्यालय में अन्तरराष्ट्रीय प्रवासन समीक्षा फ़ोरम के दौरान आयोजित एक अन्य कार्यक्रम में ये पुकार लगाई.

यूक्रेन के बूचा इलाक़े से सुरक्षा की ख़ातिर अपने परिवार के साथ निकली एक महिला, अब ज़करपट्टिया में पनाह लिये हुए.
© IOM/Jana Wyzinska

यूक्रेन: 'घर से दूर अब यही हमारा घर है'

बूचा. किसी समय राजधानी कीयेफ़ के निकट एक ख़ामोश बस्ती हुआ करती थी, जो अब यूक्रेन में क्रूर युद्ध के दौरान बड़े पैमाने पर आम लोगों की मौत का पर्याय बन चुकी है. अलबत्ता, यूलीया और उनका परिवार, रक्तपात से बचकर निकल सका, और अब उसे अन्तरराष्ट्रीय प्रवासन एजेंसी (IOM) से सहायता मिल रही है, मगर अभी वो ख़ुद को अपनी नई स्थिति के अनुरूप ढालने में मुश्किलें महसूस कर रहे हैं. वो भी अपने घरों से विस्थापित हुए लाखों अन्य लोगों में शामिल हैं.

यूक्रेन के कुछ लोग मोल्दोवा सीमा के निकट पहुँचे हुए, जिनके साथ कुछ बच्चे भी हैं.
©UNICEF/Siegfried Modola

यूक्रेन: देश के भीतर 65 लाख लोग विस्थापित, स्वास्थ्य ढाँचों पर हर दिन औसतन दो हमले

संयुक्त राष्ट्र ने सोमवार को आगाह करते हुए कहा है कि यूक्रेन में अपने घर छोड़ने के लिये विवश होने वाले लोगों की संख्या एक करोड़ से भी ज़्यादा हो गई है, इस बीच रूस की जारी गोलाबारी के बीच, देश के स्वास्थ्य सेवा ढाँचों पर हर दिन, औसतन दो से ज़्यादा हमले हुए हैं.

यूक्रेन के लाखों लोगों ने युद्ध से बचने के लिये, पड़ोसी देश पोलैण्ड में भी पनाह ली है.
© IOM/Muse Mohammed

यूक्रेन: बढ़ती ज़रूरतों के बीच, सामान की भारी क़िल्लत, हमले भी जारी

संयुक्त राष्ट्र की मानवीय सहायता एजेंसियों ने यूक्रेन के पश्चिमी शहर लिविफ़ में शुक्रवार को हवाई अड्डे के निकट एक मिसाइल हमले के बाद, आगाह करते हुए कहा है कि पूरे देश में स्थिति बहुत ख़तरनाक है, जबकि रूस का सैन्य आक्रमण जारी है.

अगस्त में आए भूकम्प से, सड़कों और पुलों सहित आवश्यक बुनियादी ढाँचे नष्ट हो गए थे.
IOM/Monica Chiriac

आपबीती: आपदा की घड़ी में, हेती में नज़र आई 'दिल छू लेने वाली सहनक्षमता'

हेती में इस साल अगस्त महीने में आए भीषण भूकम्प के बाद, पुनर्बहाली प्रयासों में सहयोग कर रहे, अन्तरराष्ट्रीय प्रवासन संगठन  (आईओएम) के एक कर्मचारी का कहना है कि आपदा से प्रभावित हुए लोगों ने दिल छू लेने वाली सहनक्षमता का प्रदर्शन किया है. उन्होंने हेती के अपने अनुभव को यूएन न्यूज़ के साथ साझा किया है... 

 

हेती के दक्षिणी इलाक़े में, भूकम्प से प्रभावित लोगों की मदद के लिये, कैम्प पेरिन में, खाद्य सामग्री वितरित किये जाते हुे.
© WFP/Marianela González

हेती: यूएन प्रवासन एजेंसी ने जारी की, डेढ़ करोड़ डॉलर की मदद अपील

अन्तरराष्ट्रीय प्रवासन संगठन (IOM) ने हेती में, एक सप्ताह पहले आए शक्तिशाली भूकम्प और उष्णदेशीय तूफ़ान से प्रभावित हुए एक लाख 37 हज़ार परिवारों की मदद करने के लिये, डेढ़ करोड़ डॉलर की रक़म जुटाने की अपील जारी की है.