दासता

कोविड-19: निर्धनों को दासता के आधुनिक रूपों से बचाने की पुकार

देशों की सरकारों द्वारा समय रहते सहायता के समुचित प्रयास नहीं किये जाने के कारण विश्व भर के लाखों-करोड़ लोग कोविड-19 महामारी के कारण दासता व शोषण के समकालीन रूपों के शिकार हो सकते हैं. यह चेतावनी दासता के समकालीन रूपों पर संयुक्त राष्ट्र के विशेष रैपोर्टेयर तोमोया ओबोकाता की ओर से जारी की गई है जिन्होंने बुधवार को मानवाधिकार परिषद के वर्चुअल सत्र के दौरान अपनी पहली रिपोर्ट पेश की है. 

यूएन न्यूज़ हिन्दी बुलेटिन 7 अगस्त 2020

7 अगस्त 2020 के इस बुलेटिन की सुर्ख़ियाँ...
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लेबनान की राजधनी बेरूत में भीषण विस्फोट से सैकड़ों लोग हताहत, 
यूएन एजेंसियाँ तेज़ी से लगीं राहत कार्यों में

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बाल मज़ूदरी के बदतरीन रूपों के ख़िलाफ़ सन्धि पर सार्वभौमिक मोहर

संयुक्त राष्ट्र की श्रम एजेंसी – अन्तरराष्ट्रीय श्रम संगठन (ILO) के सभी 187 सदस्य देशों ने दासता, देह व्यापार और तस्करी सहित बाल मज़दूरी के ख़राब रूपों से बच्चों की रक्षा करने वाली सन्धि को पारित कर दिया है. मंगलवार को प्रशान्त क्षेत्र के एक द्वीपीय देश टोन्गा ने इस सन्धि पर अपनी मोहर लगा दी और ऐसा करने वाला वो आख़िरी देश था. 
 

कोविड-19: देशों से दासिता का जोखिम रोकने का आग्रह

संयुक्त राष्ट्र के एक मानवाधिकार विशेषज्ञ ने तमाम देशों की सरकारों से उन करोड़ों कामगारों की सुरक्षा बढ़ाने का आग्रह किया है जो कोविड-19 महामारी के कारण शोषक कामकाजी परिस्थितियों में धकेल दिए जाने के ख़तरे का सामना कर रहे हैं, ऐसे हालात जो दासता के समान होते हैं.

प्रगति के लिए ‘दासता की नस्लीय विरासत से टक्कर ज़रूरी’

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने बुधवार को ‘दासता और पराअटलांटिक दास व्यापार के पीड़ितों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्मरण दिवस’ पर अपने संदेश में नस्लीय तंत्रों और संस्थाओं को तोड़ने का आहवान किया है ताकि दुनिया की प्रगति का रास्ता सुनिश्चित किया जा सके.  

चार करोड़ लोग दासता के दंश का शिकार

संयुक्त राष्ट्र विशेषज्ञ उर्मिला भूला ने जिनीवा में मानवाधिकार परिषद में सोमवार को आगाह किया कि दासता के आधुनिक स्वरूप के मामलों के आने वाले दिनों में बढ़ने की संभावना है. इस संबंध में परिषद को एक रिपोर्ट सौंपते हुए उन्होंने कहा कि कामकाज के क्षेत्र में आ रहे बदलावों और जलवायु परिवर्तन जैसी चुनौतियों के परिणामस्वरूप ऐसा होगा.

अटलांटिक पार दास व्यापार के पीड़ितों को श्रृद्धांजलि

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने ‘दासता एवं परा-अटलांटिक दास व्यापार के पीड़ितों के स्मरण के अंतरराष्ट्रीय दिवस’ पर करोड़ों पीड़ितों को श्रृद्धांजलि अर्पित की है. अटलांटिक पार दास व्यापार को इतिहास में मासूम लोगों की ख़रीद-फ़रोख़्त और उनके जबरन विस्थापन के सबसे बड़े अध्याय के रूप में जाना जाता है.