वैश्विक परिप्रेक्ष्य मानव कहानियां

ब्रिटेन: मैनचेस्टर में यहूदी उपासना स्थल पर हुए 'आतंकी हमले' की कठोर निन्दा

यूके, मैनचेस्टर में हीटन पार्क ह्यूब्रू कंग्रीगेशन का भवन।
© Wiki/David Dixon ब्रिटेन के मैनचेस्टर शहर के हीटन पार्क इलाक़े में स्थित यहूदी उपासना स्थल.

ब्रिटेन: मैनचेस्टर में यहूदी उपासना स्थल पर हुए 'आतंकी हमले' की कठोर निन्दा

मानवाधिकार

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने ब्रिटेन के मैनचेस्टर शहर में एक यहूदी उपासना स्थल (सिनेगॉग) पर हुए आतंकवादी हमले की कड़े शब्दों में निन्दा की है. इस हमले में कम से कम दो लोगों के मारे जाने और कुछ अन्य के घायल होने की ख़बर है.

मैनचेस्टर के जिस इलाक़े में यह हमला हुआ, वहाँ यहूदी समुदाय के अनेक लोग रहते हैं, और गुरूवार को योम किप्पुर पर्व के अवसर पर वहाँ उपासना के लिए एकत्र हुए थे.

समाचार माध्यमों के अनुसार, हमलावर ने अपने वाहन से उपासना स्थल से टक्कर मारी और फिर धारदार हथियार से लोगों को निशाना बनाया, जिनमें अनेक हताहत हो गए. पुलिस की गोलीबारी में हमलावर के मारे जाने की ख़बर है.

महासचिव के प्रवक्ता स्तेफ़ान दुजैरिक ने उनकी ओर से एक वक्तव्य जारी किया है, जिसमें उन्होंने कहा कि प्रार्थना स्थल, ऐसे पवित्र स्थान हैं जहाँ लोग शान्ति को ढूंढने के लिए जा सकते हैं.

“यहूदी कैलेंडर के सबसे पवित्र दिन, योम किप्पुर को एक सिनेगॉग को निशाना बनाया जाना, विशेष रूप से जघन्य है.”

यूएन के शीर्षतम अधिकारी ने विश्व भर में यहूदीवाद विरोध में आए उछाल पर गहरी चिन्ता जताई है और ज़ोर देकर कहा है कि नफ़रत और असहिष्णुता को उनके सभी रूपों से तुरन्त निपटे जाने की आवश्यकता है.

महासचिव ने इस हमले के पीड़ितों और उनके परिजन के प्रति गहरी सम्वेदना व्यक्त की है और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की है.

उन्होंने कहा कि वह इस घड़ी में यहूदी समुदाय के साथ एकजुटता में खड़े हैं और दोषियों को न्याय के कटघरे में लाया जाना होगा. 

सभ्यताओं के गठबंधन के लिए यूएन उच्च प्रतिनिधि मीगेल ऐंगेल मोरातीनॉस ने भी इसे एक घृणित आतंकवादी हमला क़रार देते हुए इसकी कड़े शब्दों में निन्दा की है. 

उन्होंने गुरुवार को जारी अपने एक वक्तव्य में कहा कि उपासना स्थलों में, श्रृद्धालुओं को एकान्त व शान्ति हासिल होती है, आतंक या भय नहीं.

उच्च प्रतिनिधि मीगेल ऐंगेल मोरातीनॉस, यहूदीवाद विरोध की निगरानी और उससे निपटने के प्रयासों के लिए यूएन अधिकारी भी हैं. 

उन्होंने दोहराया है कि वह यहूदीवाद विरोध के सभी रूपों के विरुद्ध खड़े होने और अपनी आवाज़ उठाने के लिए प्रतिबद्ध हैं.