ट्रम्प सरकार के कार्यकारी आदेशों से, यूएन के कामकाज पर असर गहराने की आशंका
अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रम्प द्वारा नए कार्यकारी आदेश जारी किए जाने से संयुक्त राष्ट्र के सहकारी, बहुपक्षीय कामकाज पर असर बढ़ने की आशंका है. संयुक्त राज्य अमेरिका ने दो सप्ताह पहले ही विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) से अलग होने और पेरिस समझौते से क़दम पीछे हटाने की घोषणा की थी.
राष्ट्रपति ट्रम्प ने मंगलवार को व्हाइट हाउस से अन्तरराष्ट्रीय सहयोग पर केन्द्रित नए आदेश जारी किए, जिनमें जिनीवा में मानवाधिकार परिषद में सदस्यता को समाप्त करने और वित्तीय समर्थन ना देने की बात कही गई है.
कार्यकारी आदेश में संयुक्त राष्ट्र शैक्षिक, वैज्ञानिक एवं सांस्कृतिक संगठन (यूनेस्को) में अमेरिकी सदस्यता की समीक्षा किए जाने का भी उल्लेख किया गया है.
अमेरिकी विदेश मंत्री इस समीक्षा की अगुवाई करेंगे, जिसमें अगले 90 दिनों के भीतर यह तय किया जाएगा कि यूनेस्को, अमेरिकी हितों के समर्थन में है या फिर नहीं.
इस कार्यकारी आदेश से, फ़लस्तीनी शरणार्थियों के लिए यूएन एजेंसी (UNRWA) भी प्रभावित हुई है. व्हाइट हाउस के आदेश के अनुसार, इस एजेंसी में कथित रूप से आतंकवादियों के सहयोगियों की घुसपैठ हो गई है.
राष्ट्रपति ट्रम्प के आदेश के ज़रिये, 7 अक्टूबर को इसराइल पर हमलों में UNRWA की तथाकथित भूमिका की वजह से अमेरिकी वित्तीय समर्थन को वापिस ले लिया गया है.
यूएन एजेंसी ने इन हमलों की कठोर शब्दों में निन्दा की है और इन आरोपों की स्वतंत्र व आन्तरिक तौर पर जाँच कराई गई, जिसके बाद 9 कर्मचारियों को संलिप्तता के सन्देह में बर्ख़ास्त कर दिया गया.
इसराइल ने अपने आरोपों के पक्ष में स्वतंत्र जाँचकर्ताओं को साक्ष्य उपलब्ध नहीं कराए हैं. 4 अगस्त 2025 तक, यानि अगले छह महीनों के भीतर, कार्यकारी आदेश के अनुसार सभी अन्तरराष्ट्रीय, अन्तरसरकारी संगठनों, सन्धियों व कन्वेंशन में अमेरिकी सदस्यता की समीक्षा की जाएगी.
अमेरिकी समर्थन की सराहना
यूएन प्रवक्ता स्तेफ़ान दुजैरिक ने व्हाइट हाउस द्वारा जारी कार्यकारी आदेशों के सिलसिले में पूछे गए एक सवाल के जवाब में कहा कि, शुरू से ही यह स्पष्ट रहा है कि अमेरिकी समर्थन से अनगिनत ज़िन्दगियों की रक्षा करने और वैश्विक सुरक्षा को आगे बढ़ाने में मदद मिली है.
उन्होंने कहा कि यूएन महासचिव, अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प से मिलने, बातचीत के लिए उत्सुक है, और पहले कार्यकाल में स्पष्टवादिता के साथ क़ायम हुए रिश्तों को आगे बढ़ाएंगे.
यूएन प्रवक्ता ने ध्यान दिलाया कि अमेरिकी राष्ट्रपति ने मंगलवार को अपने कार्यालय में कहा था कि संयुक्त राष्ट्र, सम्भावनाओं से परिपूर्ण है और दुनिया के समक्ष मौजूद चुनौतियों से निपटने में इसकी अहम भूमिका है.