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वचारापोल महाप्रोम का ओज़ोन केन्द्र पर रक्त परीक्षण किया जा रहा है.

आपबीती: थाईलैंड में ड्रग सेवन से होने वाले नुक़सान में कमी लाने के प्रयास

UN News/Daniel Dickinson
वचारापोल महाप्रोम का ओज़ोन केन्द्र पर रक्त परीक्षण किया जा रहा है.

आपबीती: थाईलैंड में ड्रग सेवन से होने वाले नुक़सान में कमी लाने के प्रयास

क़ानून और अपराध रोकथाम

थाईलैंड में मादक पदार्थों एवं अपराध पर संयुक्त राष्ट्र कार्यालय (UNDOC) के समर्थन से एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम को संचालित किया जा रहा है, जोकि ड्रग्स का सेवन करने वाले लोगों को होने वाले नुक़सान में कमी लाने पर लक्षित है. वचारापोल महाप्रोम को इस कार्यक्रम से मदद मिली है और उन्होंने अपना अनुभव यूएन न्यूज़ के साथ साझा किया है.  

वचारापोल महाप्रोम को ‘पान’ नाम से भी पुकारा जाता है. वो बैन्कॉक में UNODC समर्थित एक ग़ैर-सरकारी संगठन, ओज़ोन, द्वारा संचालित एक क्लीनिक में प्रदान की जाने वाली सेवाओं का लाभ उठाते हैं. 

यह संगठन ड्रग्स के इस्तेमाल से होने वाले नुक़सान में कमी लाने पर केन्द्रित सेवाओं को बढ़ावा देता है और उसके स्वास्थ व सामाजिक दुष्प्रभावों की रोकथाम करने पर केन्द्रित है. 

यह लेख यूएन न्यूज़ के साथ उनकी बातचीत पर आधारित है. 

“मैंने पहली बार ड्रग्स का सेवन युनिवर्सिटी में किया जब मेरी उम्र 21 साल की थी. मुझे किसी ने अपने हॉस्टल में ‘आइस’ (ice) लेने के लिए बुलाया था. यह ‘क्रिस्टल मेथ’ नामक एक ड्रग के लिए आम बोलचाल का शब्द है. 

आप इस ड्रग को फूँक सकते हो या इंजेक्शन के ज़रिये ले सकते हो. पहली बार इसका अनुभव करने के बाद मुझे बड़ा अजीब सा महसूस हुआ है. 

मैं ना तो कुछ खा पाया और ना ही मुझे नीन्द आई. मुझे पता नहीं था कि मेरे शरीर को क्या हो रहा था. मैं अपनी जाँच कराने के लिए अस्पताल भी गया लेकिन डॉक्टर को यह नहीं बता पाया कि मैंने ड्रग ली है, चूँकि यह ग़ैरक़ानूनी है.

मैं ‘आइस’ का सेवन तभी करता हूँ, जब मैं सैक्स करता हूँ. जब मैंने इसका इस्तेमाल दूसरी बार किया तो वो एक बेहतर अनुभव था. 

इस ड्रग ने मेरी भावनाओं को प्रबलता दी और आनन्द लेने वाली गतिविधि की अवधि और अधिक हो पाई. मुझे बहुत प्रसन्नता महसूस हुई है और मैं इस एहसास को और अधिक पाना चाहता था.

मैं 2018 में इसका अत्यधिक सेवन कर रहा था, सम्भवत: सप्ताह में दो बार. उस समय, मुझे बहुत निराशा महसूस होती थी और मैं सोचता था कि मुझे इसकी और ज़रूरत है. 

लेकिन ड्रग सेवन और उसका प्रभाव ख़त्म हो जाने के बाद मुझे और भी दुख व उदासी महसूस होती थी. 

मैंने अपनी माँ को इसके बारे में बताया, जो मुझे बहुत सम्बल देती थीं, और मेरे मित्रों ने भी कहा कि मैं जब चाहूँ उनसे बात कर सकता हूँ.  

इन दिनों, मैं क्रिस्टल मेथ का सेवन केवल तीन महीनों में एक बार करता हूँ, और इसके लिए तैयारी व भुगतान अक्सर वो व्यक्ति करता हूँ, जिसके साथ मैं यौन सम्बन्ध बना रहा होता हूँ. अपने बूते ख़रीद पाने के लिए यह बहुत महंगी है.  

स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दे

दो या तीन वर्ष पहले, मुझे अपने हेपेटाइटिस सी संक्रमण के बारे में पता चला, जो इंजेक्शन लेने के लिए सुईंयों को साझा करने या क्रिस्टल मेथ तैयार करने वाले उपकरणों से हो सकता है.

तभी मुझे पहली बार समर्थन व उपचार के लिए ओज़ोन भेजे जाने की बात हुई. 

ओज़ोन केन्द्र पर हेपेटाइटिस सी परीक्षण के अलावा अन्य सुविधाएँ उपलब्ध हैं.
UN News/Daniel Dickinson
ओज़ोन केन्द्र पर हेपेटाइटिस सी परीक्षण के अलावा अन्य सुविधाएँ उपलब्ध हैं.

मेरा मानना है कि मुख्यधारा की अस्पताल व्यवस्था में ड्रग का इस्तेमाल करने वाले लोगों के लिए धारणाएँ बनाई जाती हैं. मुझसे हमेशा पूछा जाता था कि मैं अपने लिए रक्षा उपाय क्यों नहीं कर रहा हूँ और मुझे महसूस होता था कि स्वास्थ्यकर्मियों द्वारा मुझ पर दोषारोपण किया जा रहा है. 

मगर, मुझे यहाँ ओज़ोन में महसूस होता है कि मेरा वैयक्तिक तौर पर ख़याल रखा जाता है और मेरे बारे में कोई राय क़ायम नहीं की जाती है. इसलिए, मैं स्वतंत्र हो सकता हूँ और अपने व्यवहार या ड्रग इस्तेमाल के बारे में खुल कर बात कर सकता हूँ. 

आज, मैं अपना हेपेटाइटिस सी के परीक्षण के लिए ख़ून की जाँच करवा रहा हूँ. मैं एचआईवी के लिए भी नियमित रूप से परीक्षण कराता हूँ, मगर मुझे वायरस संक्रमण की इतनी चिन्ता नहीं है. 

मैं असल में इसकी चपेट में आने से पहले से एक रोकथाम उपाय कर रहा हूँ, जिससे आपके यौन सम्बन्ध या इंजेक्शन से ड्रग लेने का जोखिम कम हो जाता है. 

मैं सुईं की वजह से इन रक्त परीक्षणों को पसन्द नहीं करता हूँ. हालांकि, मैं ‘आइस’ का सेवन करने के लिए स्वंय इंजेक्शन लगा लेता हूँ. 

मुझे लगता है कि यह इसलिए है कि मुझे इस ड्रग से मिलने वाली इस अनुभूति की लत है, और इसके लिए सुईं से मुझे परेशानी नहीं होती.   

भविष्य के लिए आशाएँ

मेरी उम्र अब 29 वर्ष है और मैं अपने परिवार में मरने वाला अन्तिम व्यकित होना चाहता हूँ. मैं अपने दादा-दादी या माँ से पहले मरना नहीं चाहता. मैं अपना कामकाज जारी रखूँगा, दिन-ब-दिन ताकि अपनी ज़रूरतों को पूरा कर सकूँ. 

मेरी ‘क्रिस्टल मेथ’ को पूरी तरह से छोड़ने की योजना नहीं है, चूँकि मेरा मानना है कि मैं अपने सेवन को हर तीन-चार महीनों में नियंत्रित रख सकता हूँ.

मैं इस एहसास को पसन्द करता हूँ और इसके सेवन के बारे में सोचता हूँ, चूँकि कई बार मेरी ज़िन्दगी उबाऊ हो जाती है.

मेरी जैसी परिस्थितियों से गुज़रने वाले दूसरे लोगों को मेरी सलाह है कि पहले आप अपने आप को प्यार करें और फिर वो करें जिससे आप को ख़ुशी मिलती है.   

और, ओज़ोन में जिस प्रकार की सेवाएँ आपको मिल सकती हैं, उन्हें पाने के लिए बिलकुल भी ना हिचकिचाएं.”