यूक्रेन: परमाणु ऊर्जा संयंत्र पर रूसी नियंत्रण है गम्भीर चिन्ता का मुद्दा, IAEA

6 मार्च 2022

अन्तरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी ((IAEA) के महानिदेशक रफ़ाएल मारियानो ग्रॉस्सी ने रविवार को कहा कि ये ख़बरें गम्भीर चिन्ता का कारण हैं कि यूक्रेन और यूरोप का सबसे बड़ा परमाणु ऊर्जा संयंत्र रूसी सेना के नियंत्रण में है.

एजेंसी के एक बयान में, रफ़ाएल मारियानो ग्रॉस्सी ने कहा कि उन्हें यूक्रेनी अधिकारियों ने सूचित किया था कि हालाँकि नियमित कर्मचारी झैपरोझिया (Zaporizhzhya) परमाणु ऊर्जा संयंत्र का संचालन जारी रखे हुए हैं.

मगर, संयंत्र प्रबन्धन की किसी भी कार्रवाई के लिये रूसी सेना के कमांडर की पूर्व अनुमति की आवश्यकता होती है, जिन्होंने पिछले सप्ताह साइट पर नियंत्रण कर लिया था.

इन गतिविधियों में छह रिएक्टरों के तकनीकी संचालन से सम्बन्धित उपाय भी शामिल हैं.

रफ़ाएल मारियानो ग्रॉस्सी ने कहा कि यह घटनाक्रम परमाणु सुरक्षा और सुरक्षा के सात स्तम्भों में से एक का उल्लंघन करता है जो उन्होंने 2 मार्च को IAEA के बोर्ड ऑफ़ गवर्नर्स की बैठक में रेखांकित किया था: कि "संचालन स्टाफ़ को अपनी सुरक्षा व सुरक्षा कर्तव्य पूरा करने में सक्षम होना चाहिये. और किसी अनुचित दबाव से मुक्त निर्णय लेने में सक्षम भी हों".

संचार बुरी तरह बाधित

यूक्रेन के परमाणु नियामक ने आईएईए को सूचित किया है कि परमाणु संयंत्र स्थल पर रूसी बलों द्वारा कुछ मोबाइल नेटवर्क बन्द करने और इंटरनेट को अवरुद्ध करने के कारण, झैपरोझिया को संचालित करने वाले कर्मचारियों के साथ संवाद करने में बड़ी समस्याएं आ रही हैं.

कुछ मोबाइल फ़ोन संचार अब भी सम्भव समझा जा रहा है, हालाँकि कुछ ख़राब गुणवत्ता के साथ, लेकिन ज़मीनी फोन लाइनें, ई-मेल और फ़ैक्स, काम नहीं कर रहे हैं.

आईएईए ने बताया है कि यह स्थिति परमाणु सुरक्षा के अपने सात अनिवार्य स्तम्भों में से एक अन्य का भी उल्लंघन करती है, कि "नियामक व अन्य पक्षों के साथ विश्वसनीय संचार" होना चाहिये.

रफ़ाएल मारियानो ग्रॉस्सी ने कहा, "मैं इन घटनाक्रमों के बारे में बेहद चिन्तित हूँ जो आज मुझे बताए गए थे."

"आईएईए बोर्ड को परमाणु सुरक्षा और सुरक्षा के सात मुख्य तत्व प्रस्तुत करने के कुछ ही दिनों बाद, उनमें से कई को पहले ही कमज़ोर किया जा रहा है. प्रबन्धन और कर्मचारियों को संयंत्र को सुरक्षित रूप से संचालित करने में सक्षम होने के लिये, बिना किसी बाहरी हस्तक्षेप या दबाव के, स्थिर परिस्थितियों में अपने महत्वपूर्ण कर्तव्यों को पूरा करने की अनुमति दी जानी चाहिये.”

उन्होंने कहा, "नियामक और झैपरोझिया परमाणु ऊर्जा संयंत्र के बीच महत्वपूर्ण संचार के सम्बन्ध में बिगड़ती स्थिति भी गहरी चिन्ता का एक स्रोत है, विशेष रूप से एक सशस्त्र संघर्ष के दौरान, जो किसी भी समय देश की परमाणु सुविधाओं को ख़तरे में डाल सकता है."

"नियामक व संचालक के बीच विश्वसनीय संचार, समग्र परमाणु सुरक्षा और सुरक्षा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है."

रेडियेशन स्तर सामान्य

नियामक संचार समस्याओं के बावजूद, आईएईए को झैपरोझिया परमाणु ऊर्जा संयंत्र की परिचालन स्थिति के बारे में अद्यतन जानकारी मुहैया कराने में सक्षम था, और यह पुष्टि करने में भी कि वहाँ विकिरण (Radiation) स्तर सामान्य बना रहा.

संयंत्र में संचालन दल अब तीन पारियों में काम कर रहे हैं, लेकिन नियामक ने कहा, भोजन की उपलब्धता और आपूर्ति सीमित है, जिसका कर्मचारियों के मनोबल पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है.

चैरनॉबिल और मारियुपोल के सुरक्षा भय

चेरनॉबिल हादसे को इतिहास की सबसे गम्भीर परमाणु दुर्घटनाओं के रूप में देखा जाता है.
National Chernobyl Museum/Anatoliy Rasskazov
चेरनॉबिल हादसे को इतिहास की सबसे गम्भीर परमाणु दुर्घटनाओं के रूप में देखा जाता है.

इन रिपोर्ट्स पर प्रतिक्रिया देते हुए कि चैरनॉबिल परमाणु दुर्घटना स्थल पर तकनीकी कर्मचारियों और गार्डों को 23 फरवरी से बदला नहीं गया है, रफ़ाएल मारियानो ग्रॉस्सी ने, स्थल को नियंत्रित करने वाले रूसी बलों से उन्हें अन्य सहयोगी उपलब्ध कराकर, राहत देने और आराम करने की अनुमति देने का आहवान किया, ताकि वो अपना काम सुरक्षित तरीके से करते रहें.

यूक्रेन के नियामक ने IAEA को सूचित किया है कि चैरनॉबिल के साथ संचार वर्तमान में ईमेल तक सीमित है.

नियामक ने एक और चिंताजनक घटनाक्रम में कहा कि बन्दरगाह शहर - मारियुपोल में उद्यमों और संस्थानों के साथ सभी संचार ठप हो गया है जहाँ श्रेणी 1-3 विकिरण स्रोतों का उपयोग किया जाता है, और उनकी स्थिति के बारे में कोई जानकारी नहीं है.

आईएईए ने चेतावनी दी है कि अगर इसे ठीक से सुरक्षित और प्रबन्धित नहीं किया गया तो, ऐसी रेडियोधर्मी सामग्री लोगों को गम्भीर नुकसान पहुँचा सकती है.

यूक्रेन में परमाणु ख़तरा

  • सोवियत संघ के विघटन के बाद यूक्रेन ने परमाणु हथियारों के अपने अधिकार छोड़ दिये, और जून 1996 तक अपने क्षेत्र के सभी परमाणु हथियार हटा दिये थे, अलबत्ता, देश ने शान्तिपूर्ण उद्देश्यों के लिये परमाणु ऊर्जा विकसित करने का अधिकार बरक़रार रखा है. और माना जाता है कि लगभग 114 उद्यमों के पास किसी प्रकार की परमाणु सामग्री है जिनमें चार परमाणु ऊर्जा संयंत्रों (एनपीपी) भी शामिल हैं. यूक्रेन में सैन्य संघर्ष किसी बड़े परमाणु सुविधाओं वाले देश के क्षेत्र में होने वाला पहला अभियान है.
  • योरोप में सबसे बड़े और सबसे शक्तिशाली झैपरोझिया परमाणु ऊर्जा संयंत्र पर, गत गुरूवार को गोलाबारी की गई, जिससे विस्फोट और विकिरण के रिसाव की आशंका बढ़ गई. 26 अप्रैल, 1986 को हुई चैरनॉबिल परमाणु दुर्घटना की यादें भी पुनर्जीवित हो गई हैं: चैरनॉबिल मानव इतिहास की सबसे गम्भीर परमाणु घटनाओं में से एक थी, जिससे निकला रेडियोधर्मी बादल, पूर्वोत्तर योरोप के एक बड़े हिस्से पर छा गया था.
  • झैपरोझिया परमाणु ऊर्जा संयंत्र पर गुरुवार के हमले में, परमाणु रिएक्टरों के पास एक प्रशिक्षण परिसर से गोले दागे गए. कि, रेडियोधर्मी सामग्री का रिसाव नहीं हुआ और संयंत्र की सुरक्षा प्रणालियों में कोई कमज़ोरी नहीं आई.
  • हालाँकि, झैपरोझिया परमाणु ऊर्जा संयंत्र, चैरनॉबिल की तुलना में बहुत बड़ा है, और वहाँ एक दुर्घटना या विस्फोट, 1986 में हुई दुर्घटना की तुलना में कहीं अधिक गम्भीर परिणाम हो सकते थे.
  • ऐसा ताज़ा हमलों, या फिर बिजली आपूर्ति बन्द होने के परिणामस्वरूप भी हो सकता था. बिजली आपूर्ति बन्द होने की स्थिति, में रियेक्टर की शीतलन प्रणाली काम करना बन्द कर देती और एक विस्फोट का कारण बन सकती है. चैरनॉबिल आपदा ऐसे ही कारणों से हुई थी.

 

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