यूएन महासचिव की युवाओं से पुकार – ‘अपनी आवाज़ बुलन्द करते रहिये’

10 जनवरी 2022

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने कोविड-19 महामारी से पुनर्बहाली और एक बेहतर भविष्य को मूर्त रूप देने के लिये, विश्व भर में युवजन को साथ लेकर चलने का आग्रह किया है. उन्होंने विश्व युवजन फ़ोरम को अपने सन्देश में ध्यान दिलाया है कि कोविड-19 महामारी ने हर किसी को, बहुत गहराई से प्रभावित किया है, मगर, युवाओं पर इस संकट का असर, विशेष रूप से हृदयविदारक साबित हुआ है. 

विश्व युवजन फ़ोरम (World Youth Forum) का आयोजन मिस्र के शर्म अल शेख़ में, 10 से 13 जनवरी तक हो रहा है.

यूएन प्रमुख ने सोमवार को अपने एक वीडियो सन्देश के ज़रिये, इस कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए, युवाओं से एक बेहतर भविष्य को आकार देने और अपनी आवाज़ बुलन्द करने का आहवान किया है. 

“अपनी आवाज़ उठाते रहिये. समाधानों व कार्रवाई को पहचानना जारी रखिये, जिनकी हमें पुनर्बहाली के लिये ज़रूरत है.” 

युवजन पर असर

महासचिव ने सचेत किया कि कोविड-19 महामारी ने सभी पर गहरा असर किया है, मगर युवजन पर इस संकट का प्रभाव, हृदयविदारक है.

“एक अरब 60 करोड़ से अधिक युवाओं ने अपनी शिक्षा में व्यवधान उत्पन्न होते देखा है. हम व्यापक पैमाने पर युवाओं में बेरोज़गारी देख रहे हैं.”

“स्वास्थ्य देखभाल और परामर्श जैसी सेवाओं की सुलभता भी कमज़ोर हो रही है.”

यूएन प्रमुख ने ध्यान दिलाया कि मानसिक स्वास्थ्य संकट ने, युवाओं को अपनी चपेट में ज़्यादा लिया है. लेकिन, इसी संकट के दौरान, युवजन ने आगे बढ़कर अपनी भूमिका निभाई है. 

युवाओं का योगदान

यूएन प्रमुख ने ध्यान दिलाया कि युवा सड़कों, ऑनलाइन माध्यमों पर, बदलाव के लिये पुकार लगा रहे हैं और समानता, शान्ति, न्याय व जलवायु कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.

“वे एक दूसरे को समर्थन दे रहे हैं – अपने पड़ोस में, और सोशल मीडिया पर.”

“और वे ऐसे आयोजनों के ज़रिये, समाधान और विचार प्रदान कर रहे हैं कि किस तरह समुदाय, पुनर्निर्माण कर सकते हैं और महामारी से मज़बूती से उबर सकते हैं.”

शर्म अल शेख़ में हो रहे इस सम्मेलन की थीम, कोविड-19 के बाद की दुनिया में एकजुटता, “Back Together: The World After COVID-19” रखी गई है, जिसका उद्देश्य यह ध्यान दिलाना है कि गँवाने के लिये समय नहीं बचा है.

यूएन प्रमुख ने कहा कि एक बेहतर भविष्य के लिये निर्माण का समय अभी शुरू होता है. 

एकजुटता पर बल

साथ ही, महासचिव गुटेरेश ने फ़ोरम में शिरकत कर रहे नेताओं और नीति-निर्धारकों से कहा कि वैश्विक महामारी से पुनर्बहाली में युवाओं को साथ लेकर चलना होगा. 

“युवजन, नवाचारी समाधानों और विचारों का एक अविश्वसनीय स्रोत हैं. उनकी ज़रूरतों को नीतियों व निवेश चर्चाओं में सबसे आगे रखा जाना होगा.”

यूएन प्रमुख ने एक बेहतर भविष्य को आकार देने के लिये सभी युवजन के साथ मिलकर, प्रयास करने की इच्छा व्यक्त की है. 

शान्ति, विकास, सृजनात्मकता

विश्व युवजन फ़ोरम में चर्चा के दौरान, मुख्य रूप से तीन अहम मुद्दों पर बल दिया जाता है: शान्ति, विकास और सृजनात्मकता.

मिस्र में युवाओं के एक समूह ने एक राष्ट्रीय युवजन सम्मेलन के दौरान, एक पहल के तहत, दुनिया भर में अपने समकक्षों के साथ सम्वाद स्थापित करने का विचार प्रस्तुत किया. 

आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, यूथ फ़ोरम की पहली बैठक शर्म अल शेख़ में नवम्बर 2017 में आयोजित की गई थी.

उसके बाद, फ़ोरम के तीन सत्र आयोजित किये जा चुके हैं और पिछला सत्र, वर्ष 2019 में हुआ था.

 

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