मध्य अफ़्रीका गणराज्य: 'जघन्य हमलों' में शान्तिरक्षक की मौत, जवाबदेही तय किये जाने की माँग

मध्य अफ़्रीकी गणराज्य की राजधानी बाँगी के इलाक़ों में शान्तिरक्षक गश्त के दौरान.
UN Photo/Eskinder Debebe
मध्य अफ़्रीकी गणराज्य की राजधानी बाँगी के इलाक़ों में शान्तिरक्षक गश्त के दौरान.

मध्य अफ़्रीका गणराज्य: 'जघन्य हमलों' में शान्तिरक्षक की मौत, जवाबदेही तय किये जाने की माँग

शांति और सुरक्षा

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने बुधवार को मध्य अफ़्रीकी गणराज्य (Central African Republic) की राजधानी बाँगी के पास समन्वित ढँग से किये गये जघन्य हमलों की कड़ी निन्दा करते हुए जवाबदेही तय किये जाने का आग्रह किया है. इन हमलों में रवाण्डा के एक शान्तिरक्षक की मौत हो गई है और एक अन्य घायल हुआ है. 

मध्य अफ़्रीकी गणराज्य में यूएन मिशन (MINUSCA) के मुताबिक कुछ हथियारबन्द लड़ाकों की मौत हुई है जबकि अन्य को गिरफ़्तार किया गया है और उनके हथियार ज़ब्त कर लिये गये हैं. 

Tweet URL

बताया गया है कि इन हमलों को अंजाम देने वाले हथियारबन्द लड़ाकों की अभी शिनाख़्त नहीं हो पाई है. 

महासचिव गुटेरेश के प्रवक्ता स्तेफ़ान दुजैरिक ने उनकी ओर से एक बयान जारी कर कहा, “महासचिव ने ध्यान दिलाया है कि संयुक्त राष्ट्र शान्तिरक्षकों पर हमलों को युद्धापराध की श्रेणी में रखा जा सकता है.”

“यूएन प्रमुख ने प्रशासन से इन जघन्य हमलों की जवाबदेही तय करने के लिये सभी आवश्यक उपायों को सुनिश्चित करने के लिये कहा है.” 

मध्य अफ़्रीकी गणराज्य में दिसम्बर 2020 के अन्तिम दिनों में चुनाव सम्पन्न हुए लेकिन देश के कुछ हिस्सों में हिंसा भी भड़क उठी.

हिंसा के कारण हज़ारों लोगों को जान बचाने के लिये अपने घरों को छोड़ना पड़ा और उन्होंने पड़ोसी देशों में शरण ली है. 

बुधवार तड़के हुए ये हमले राजधानी बाँगी के बाहरी इलाकों में हुए जहाँ मीडिया रिपोर्टों के अनुसार सेना की दो ब्रिगेड को निशाना बनाया गया. 

यूएन मिशन के प्रवक्ता व्लादीमीर मोन्तियेरो ने एक बयान जारी कर कहा कि मध्य अफ़्रीकी सशस्त्र सैन्य बलों के साथ मिलकर शान्तिरक्षकों ने हमला होने पर जवाबी कार्रवाई की.

उन्होंने कहा कि यूएन मिशन बलाका-विरोधी, यूपीसी, 3आर और एमपीसी गठबंधन के सशस्त्र गुटों और उनके राजनैतिक सहयोगियों द्वारा किये गये इस हमले की कड़ी निन्दा करता है.

महासचिव गुटेरेश ने भी मध्य अफ़्रीकी गणराज्य में सशस्त्र गुटों द्वारा अस्थिरता फैलाने की कोशिशों के लगातार जारी रहने पर चिन्ता जताई है.

उन्होंने सभी पक्षों से हिंसा रोकने और अर्थपूर्ण सम्वाद में हिस्सा लेने का आहवान किया है और शान्ति प्रयासों के लिये यूएन की प्रतिबद्धता को व्यक्त किया है.