भारत के महावीर: जहाँ चाह, वहाँ राह

2 दिसम्बर 2020

‘भारत के महावीर’ टैलीवीज़न श्रृँखला की तीसरी कड़ी में नेशनल लॉ स्‍कूल ऑफ इंडिया यूनिवर्सिटी बेंगलूरू, के पूर्व छात्रों ने प्रवासी श्रमिकों को उनके घरों तक पहुँचाने के लिये पूरे देश में 10 चार्टर्ड फ्लाइट का ख़र्च वहन किया. इस कड़ी में - 31 वर्षीय एक विकलाँग 31 लड़की राजी राधाकृष्णन शामिल हैं जिन्होंने अग्रिम मोर्चों पर काम करने वाले स्वास्थ्य कर्मियों के लिये, सिलाई करके 2000 से अधिक मास्क तैयार किये; और बाबा करनैल सिंह खैरा हैं जिन्होंने एनएच -7, महाराष्ट्र में सड़क के किनारे स्थित अपने भोजनालय के माध्यम से 20 लाख से अधिक लोगों को मुफ़्त खाना खिलाया.

 

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