महिलाएं

महिला दिवस 2021

8 मार्च को अन्तरराष्ट्रीय महिला दिवस पर, लैंगिक समानता ख़त्म करने और महिलाओं को और ज़्यादा कार्यस्थल मुहैया कराने का आहवान किया गया है. कोविड-19 महामारी का मुक़ाबला करने के प्रयासों में भी महिलाएँ, अग्रिम मोर्चों पर मुस्तैद रही हैं. वीडियो सन्देश...

कोविड-19: प्रभावित महिलाओं के लिये 'अस्थाई बुनियादी आय' का सुझाव

संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम (UNDP) ने कोविड-19 महामारी के दौरान, उसके सामाजिक-आर्थिक दुष्प्रभावों का सामना कर रही निर्धनतम महिलाओं के लिये, 'अस्थाई बुनियादी आय' प्रदान किये जाने की अहमियत को रेखांकित किया है. यूएन एजेंसी की नई रिपोर्ट के अनुसार, वित्तीय सहायता प्रदान करके, कोरोनावायरस संकट के प्रभावों को कम करने, और उन्हें दैनिक जीवन में, सामने आने वाले वित्तीय दबावों से उबारने में मदद मिलेगी. 

इंजीनियरिंग के क्षेत्र में समानता, टिकाऊ विकास लक्ष्यों के लिये अहम

संयुक्त राष्ट्र शैक्षिक, वैज्ञानिक एवँ सांस्कृतिक संगठन (UNESCO) व साझीदारों द्वारा जारी एक नई रिपोर्ट के अनुसार, टिकाऊ विकास के 2030 एजेण्डा को साकार करने, और किसी को भी पीछे ना छूटने देने के लिये, अभियान्त्रिकी (इंजीनियरिंग) में व्याप्त क्षेत्रीय विसंगतियाँ को दूर किया जाना होगा.  

मेजर बिन्देश्वरी तँवर - यूएन शान्तिरक्षक बनना, एक मूल्यवान अवसर

भारत की मेजर बिन्देश्वरी तँवर एक सैन्य अधिकारी हैं और एक युवा बेटे की माँ भी. 34 वर्षीय मेजर बिन्देश्वरी तँवर का विवाह अपने एक साथी अधिकारी के साथ ही हुआ, और फ़िलहाल वो एक यूएन शान्तिरक्षक के रूप में दक्षिण सूडान में सेवारत हैं.  मेजर बिन्देश्वरी तँवर का कहना है कि यूएन शान्तिरक्षक के तौर पर कार्य करने का अवसर बेहद मूल्यवान अनुभव है जिसे बाँहें फैलाकर स्वीकार करना चाहिये. उनके साथ एक ख़ास बातचीत...

सुपरमॉडल नतालिया वोदियानोवा - महिला स्वास्थ्य व सशक्तिकरण के लिये नई पैरोकार

यौन एवँ प्रजनन स्वास्थ्य मामलों पर संयुक्त राष्ट्र की एजेंसी (UNFPA) ने सुपरमॉडल और सामाजिक सरोकारों से जुड़ीं, नतालिया वोदियानोवा को अपनी नई सदभावना दूत नियुक्त किया है. यूएन जनसंख्या कोष ने कहा है कि नतालिया की मदद से महिलाओं व लड़कियों को सशक्त बनाने और माहवारी से जुड़ी वर्जनाओं का मुक़ाबला करने का प्रयास किया जाएगा.  

सामाजिक न्याय दिवस: एक नज़र महिलाओं के साथ भेदभाव पर...

20 फ़रवरी को विश्व सामाजिक न्याय दिवस मनाया जाता है. इस वर्ष, इस दिवस के साथ ही, दुनिया एक नए दशक में क़दम रख रही है, और इसका अर्थ है कि हमारे पास, टिकाऊ विकास लक्ष्यों का लैंगिक समानता पर वैश्विक लक्ष्य #5, हासिल करने के लिये केवल 10 वर्ष का समय बचा है. दुख के साथ कहना पड़ता है कि हमें अभी लम्बा रास्ता तय करना है. यहाँ तक कि भोजन जैसी बुनियादी आवश्यकता पूरी करने के लिये भी, विश्व के लगभग दो तिहाई देशों में, ऐसी अधिक सम्भावना है कि पुरुषों की तुलना में ज़्यादा महिलाएँ, भूख और खाद्य असुरक्षा का सामना करेंगी.

यूएन, यौन शोषण व उत्पीड़न से कैसे निपटता है?

यौन शोषण और उत्पीड़न अस्वीकार्य हैं. अन्तरराष्ट्रीय सिविल सेवक के रूप में हम, संयुक्त राष्ट्र के मूल्यों और आदर्शों को समर्पित हैं, तो हम सभी को कहना है, ‘हम ये सहन नहीं करेंगे.’ (वीडियो)

भारत: ग्रामीण महिलाओं का डिजिटल सशक्तिकरण

भारत में विश्व बैंक के वित्त पोषण से स्व-नियोजित महिला संघ (SEWA), ग्रामीण महिलाओं को डिजिटल तकनीक में प्रशिक्षित करने की कोशिशों में सक्रिय है. कोविड-19 महामारी के दौरान इसी परियोजना ने महिला कारीगरों के जीवन में व्यवधान नहीं उत्पन्न होने दिया है.

महिलाओं और लड़कियों का विज्ञान से है नाता – यूएन प्रमुख 

बहुत सी महिला वैज्ञानिकों को, वैश्विक महामारी कोविड-19 के दौरान प्रयोगशालाएँ बन्द होने और सम्बन्धियों की देखभाल करने की बढ़ी ज़िम्मेदारियाँ सम्भालने सहित, अनेक चुनौतियों का सामना करना पड़ा है. संयुक्त राष्ट्र प्रमुख एंतोनियो गुटेरेश ने गुरुवार, 11 फ़रवरी, को ‘विज्ञान में महिलाओं व लड़कियों के अन्तरराष्ट्रीय दिवस’ पर विज्ञान और प्रौद्योगिकी में, लैंगिक समानता को आगे बढ़ाने की पुकार लगाई है. 

अफ़ग़ानिस्तान: एक बिटिया को जन्म देने वाली माँ की उम्मीदें और डर...

अफ़ग़ानिस्तान में, एक माँ, कुछ ही दिनों में, इस दुनिया में आने वाली अपनी बेटी के लिये, एक ऐसे देश में, अपनी उम्मीदों और डर के बारे में बात कर रही हैं जहाँ एक लड़की को जन्म देना, आशीर्वाद समझने के बजाय, एक अभिशाप भी समझा जा सकता है. देश के, पुरुष प्रधान समाज में, अक्सर महिलाएँ और लड़कियाँ, पुरुषों के हाथों, बुरे बर्ताव और प्रताड़ना का सामना करती हैं, लड़कियों की तुलना में, लड़के ज़्यादा पसन्द किये जाते हैं और उन्हें ज़्यादा अहमियत दी जाती है.