यूएन मामले

बीते दशक पर एक नज़र - तीसरा भाग

बीते दशक के तीसरे और अंतिम भाग में हम नज़र डालेंगे: रोहिंज्या शरणार्थी संकट से निपटने के प्रयास; लाइबेरिया में संयुक्त राष्ट्र मिशन का सफल समापन; और मैड्रिड में कॉप-25 जलवायु सम्मेलन से निराशा के बावजूद जलवायु संकट के ख़िलाफ लड़ाई में नया जोश.

महासभा ने 3.07 अरब डॉलर के यूएन बजट को हरी झंडी दी

यूएन महासभा ने वर्ष 2020 में संयुक्त राष्ट्र के लिए 3.07 अरब डॉलर के नियमित बजट को मंज़ूरी दे दी है. यूएन महासभा अध्यक्ष तिजानी मोहम्मद बांडे ने बजट पारित होने पर सदस्य देशों का आभार जताते हुए कहा कि इससे अगले वर्ष संगठन के काम को सफलतापूर्वक आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी.

बीते दशक पर एक नज़र - दूसरा भाग

अब जब वर्ष 2019 विदा होने के कगार पर है, आइए यूएन न्यूज़ के साथ एक नज़र डालते हैं साल 2010 और 2019 के बीच घटी विश्व की कुछ बड़ी घटनाओं पर. सदी के दूसरे दशक पर केंद्रित तीन हिस्सों वाली इस समीक्षा की दूसरी कड़ी में हम 2014 और 2016 के बीच हुई घटनाओं पर नज़र डालेंगे जिनमें शामिल हैं: ईबोला का भयावह प्रकोप; ऐतिहासिक पेरिस जलवायु समझौते के माध्यम से विश्व नेताओं द्वारा जलवायु संकट से निपटने का प्रयास; और टिकाऊ विकास पर संयुक्त राष्ट्र के 2030 एजेंडा का शुभारंभ.

बीते दशक पर एक नज़र - पहला भाग

21वीं सदी अपनी किशोरावस्था से गुज़र कर उम्र के अगले पड़ाव में प्रवेश करने की तैयारी में है और वर्ष 2020 दस्तक दे रहा है. ऐसे में आइए यूएन न्यूज़ के साथ एक नज़र डालते हैं साल 2010 और 2019 के बीच घटी विश्व की कुछ बड़ी घटनाओं पर. सदी के दूसरे दशक की तीन हिस्सों वाली इस समीक्षा की पहली कड़ी में हम 2010 और 2013 के बीच हुई घटनाओं पर नज़र डालेंगे जिनमें शामिल हैं: हेती में आया विनाशकारी भूकंप, सीरिया में हिंसक संघर्ष की शुरुआत, लड़कियों की शिक्षा के पक्ष में मलाला यूसुफज़ई का प्रेरणादायी कार्य और माली में "दुनिया का सबसे ख़तरनाक संयुक्त राष्ट्र मिशन".

चौथी कमेटी:अनेक दुनियाओं का एजेंडा

एक ऐसी टाइमलाइन जो औपनिवेशिक अतीत से होकर वर्तमान तक पहुँचती है, और जो अंतिम सीमाएँ निर्धारित करने के लिए भविष्य में भी दाख़िल होती है, यही टाइमलाइन संयुक्त राष्ट्र महासभा की सर्वाधिक विविध चौथी कमेटी का परिचय निर्धारित करती है. संयुक्त राष्ट्र महासभा की समितियों के बारे में इस विशेष श्रंखला में इस आलेख में प्रस्तुत है चौथी कमेटी का परिचय. ध्यान रहे कि महासभा 193 देशों के प्रतिनिधियों से मिलाकर बनती है और महासभा का कामकाज समितियों के ज़रिए संचालित किया जाता है.

तीसरी कमेटी: मानवाधिकार संरक्षण की ज़िम्मेदारी

मादक पदार्थों पर नियंत्रण से लेकर, इंडीजिनस यानी आदिवासी लोगों के अधिकारों और आतंकवाद निरोधक उपायों तक, इन सभी हालात में मानवाधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की ज़िम्मेदारी है - संयुक्त राष्ट्र महासभा की तीसरी समिति पर. तीसरी समिति को सामाजिक, मानवीय सहायता और सांस्कृतिक मामलों की समिति भी कहा जाता है. इसके सामने जटिल समस्याओं और चुनौतियों की एक लंबी सूची है जिन पर ये समिति नीतियाँ व कार्यक्रम बनाती है.  हर साल सितंबर में जब विश्व नेता यूएन मुख्यालय में एकत्र होते हैं तो उनके विचारों और संकल्पों को हक़ीक़त में बदलने के लिए क्या-क्या किया जाता है, इस बारे में हमारी श्रंखला की अगली कड़ी में प्रस्तुत है महासभा की तीसरी समिति के बारे में... 

भारतीय सैनिकों की पदक परेड

दक्षिण सूडान में संयुक्त राष्ट्र के शांति मिशन में सेवाएँ दे रहे भारतीय सैनिकों के असाधारण काम को सम्मानित करने के लिए एक पदक परेड आयोजित की गई. इसमें 13 इंडियन हॉरिज़ोन्टल मिलिट्री इंजीनियर कंपनी और इंडियन लेवल-2 फ़ील्ड अस्पताल के सैनिकों ने मालाकल में एक शानदार परेड में हिस्सा लिया. कुछ झलकियाँ...

पूर्वी यूक्रेन में बच्चों की सुरक्षा के लिए राजनैतिक समाधान की दरकार

संयुक्त राष्ट्र बाल कोष - यूनीसेफ़ ने कहा है कि यूक्रेन के पूर्वी इलाक़े में लगभग 5 लाख बच्चे अपने शारीरिक व मनोवैज्ञानिक स्वास्थ्य के लिए लगातार गंभीर ख़तरों का सामना कर रहे हैं. 

अमरीका ने दी सूचना, पेरिस जलवायु समझौते से नवंबर 2020 में हो जाएगा बाहर

अमरीका ने सोमवार, 4 नवंबर 2019 को घोषणा की है कि वो पेरिस जलवायु समझौते से बाहर होने की प्रक्रिया औपचारिक रूप से शुरू कर रहा है.  पेरिस जलवायु समझौते पर 2015 में 193 देशों ने हस्ताक्षर किए थे और अमरीका भी उनमें शामिल था.

यूएन वार्षिक सर्वश्रेष्ठ महिला पुलिस अधिकारी सम्मान - सेनेगल अधिकारी को

महिलाओं के ख़िलाफ़ हिंसा को रोकने के प्रयासों के लिए 2019 की संयुक्त राष्ट्र सर्वश्रेष्ठ महिला पुलिस अधिकारी का पुरस्कार मेजर सेयनाबोऊ डीयूफ़ को मिलने पर शीर्ष पुलिस सलाहकार लुइ कार्रिल्हो का कहना था – वो हम सभी के लिए एक प्रेरणा हैं. इस पुरस्कार के विजेताओं की घोषणा शुक्रवार, 1 नवंबर को की गई जिसमें मेजर सेयनाबोऊ डीयूफ़ विजेता रहीं.