प्रवासी और शरणार्थी

'म्याँमार की तरफ़ से रोहिंज्या शरणार्थियों की वापसी के लिए समुचित प्रयास नहीं'

संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी उच्चायुक्त फ़िलिपो ग्रैंडी ने कहा है कि संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों व साझेदार ग़ैर-सरकारी संगठनों ने रोहिंज्या मानवीय संकट से निपटने के प्रयासों के तहत वर्ष ‘2020 साझा कार्रवाई योजना’ (2020 ज्वाइंट रिस्पॉन्स प्लान) पेश किया है. इस अपील में 87 करोड़ डॉलर की रक़म जुटाने का लक्ष्य रखा गया है ताकि म्यांमार से आए आठ लाख 55 हज़ार से ज़्यादा रोहिंज्या शरणार्थियों और उन्हें शरण दे रहे बांग्लादेश में चार लाख स्थानीय लोगों की ज़रूरतें भी पूरी की जा सकें.

शरणार्थियों के लिए 'पाकिस्तानी हमदर्दी का अनुकरण करे दुनिया'

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने कहा कि अफ़ग़ान शरणार्थियों को शरण देने के लिए पाकिस्तानी एकजुटता और करुणा बाक़ी दुनिया के लिए अनुकरणीय उदाहरण है. उन्होंने पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में सोमवार को शरणार्थियों के मुद्दे पर आयोजित एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन को संबोधित करते हुए अफ़ग़ानिस्तान में शांति स्थापना के लिए नए सिरे से प्रयासों को मज़बूती देने की बात भी कही.

लीबिया: लगातार लड़ाई से बच्चे 'भयंकर व असहनीय' स्थिति में

संयुक्त राष्ट्र बाल कोष – यूनीसेफ़ ने कहा है कि विश्व को लीबिया में लगातार जारी युद्ध के कारण बच्चों की "भंयकर और असहनीय" स्थिति को क़तई स्वीकार नहीं करना चाहिए. इस बीच लीबिया की स्थिति पर एक महत्वपूर्ण सम्मेलन रविवार को जर्मनी में हो रहा है जिसमें यूएन महासचिव एंतोनियो गुटेरेश के अलावा लीबिया के अहम प्रतिनिधियों के भी शिरकत करने की संभावना है और कोई शांति समझौता भी होने की उम्मीद जताई गई है.

योरोप में शरणार्थी संरक्षण के लिए नई सिफ़ारिशें

संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी (UNHCR) ने योरोपीय संघ से वर्ष 2020 को शरणार्थी संरक्षण की दृष्टि से बदलाव भरा साल बनाने की अपील की है. एजेंसी ने इस संबंध में गुरुवार को नई सिफ़ारिशें जारी की हैं. अगले 12 महीनों के लिए योरोपीय संघ परिषद की अध्यक्षता क्रोएशिया और जर्मनी के पास रहेगी और योरोपीय संघ ने दोनों देशों से नई अनुशंसाओं को अमल में लाने का अनुरोध किया है.

बांग्लादेश में बांस की खेती को बढ़ावा

बांग्लादेश के कॉक्सेस बाज़ार में विशाल शरणार्थी बस्ती की निर्माण परियोजना के लिए 2 करोड़ 40 लाख से अधिक बांसों की कटाई की गई है. अंतरराष्ट्रीय प्रवासन संगठन (IOM) के सहयोग से स्थानीय प्रशासन बांसों के लिए देश में एक टिकाऊ बाज़ार को सृजित करने का प्रयास कर रहा है जिससे शरणार्थियों की ज़रूरतों को पूरा करने के साथ-साथ इस क्षेत्र को बांस व्यवसाय के केंद्र के रूप में भी विकसित किया जा सकेगा. 

विश्व शरणार्थी फ़ोरम: मदद व्यवस्था में जान फूँकने की पुकार

विश्व को शरणार्थियों की परिस्थितियों का सामना करने के तरीक़ों में बदलाव लाने की ज़रूरत है और उन देशों की मदद करने के लिए ज़्यादा क़दम उठाने होंगे जो अपने यहाँ शरणार्थियों को पनाह देते हैं. संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने जिनीवा में विश्व शरणार्थी मंच में मंगलवार को ये पुकार लगाई.

रैफ़्यूजी फ़ोरम: शरणार्थियों व मेज़बान देशों के लिए निडर व नवीन उपायों पर ज़ोर

विश्व में शरणार्थियों की संख्या दो करोड़ 60 लाख के आंकड़े पर पहुंच गई है और इस चुनौती की व्यापकता को ध्यान में रखते हुए संयुक्त राष्ट्र के वरिष्ठ राजनयिक, निजी क्षेत्र और नागरिक समाज की बड़ी हस्तियां सोमवार को जिनीवा में शुरू हुए विश्व शरणार्थी फ़ोरम (Global Refugee Forum) में हिस्सा ले रहे हैं. पहली बार आयोजित हो रही इस बैठक के ज़रिए शरणार्थियों व उन्हें शरण देने वाले समुदायों के हितों को ध्यान में रखते हुए समाधानों की तलाश करने पर विचार-विमर्श होगा. 

दुनियाभर में 27 करोड़ प्रवासी घर भेजते हैं सैकड़ों अरब डॉलर

संयुक्त राष्ट्र की प्रवासन एजेंसी की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि 2019 में अंतरराष्ट्रीय प्रवासियों की संख्या 27 करोड़ पहुंच गई है और सबसे पसंदीदा गंतव्य अब भी अमेरिका है, जहां लगभग 5 करोड़ 10 लाख प्रवासी हैं. ये प्रवासी हर साल लगभग 689 अरब डॉलर की रक़म अपने मूल स्थानों को भेजते हैं.

बेसहारा इटली पहुंचने वाले 60 हज़ार युवाओं को सहारे की दरकार

संयुक्त राष्ट्र की एजेंसियों ने एक नई रिपोर्ट में उन बच्चों की ज़रूरतों को रेखांकित किया है जिन्होंने अकेले या अपने परिजनों से बिछुड़ कर ख़तरनाक रास्तों के ज़रिए इटली तक की यात्रा की है. रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2014 से 2018 के बीच 60 हज़ार बच्चे इटली पहुंचे जिनमें 90 फ़ीसदी से ज़्यादा की उम्र 15 से 17 वर्ष तक थी लेकिन किशोरावस्था से बालिग़ होने के चरण में उन्हें कई चुनौतियों का सामना करना पड़ा है.

तुर्की ने पेश की शरणार्थियों की वापसी योजना, यूएन एजेंसी करेगी आकलन

तुर्की के राष्ट्रपति रिसेप तैयप अर्दोगान ने हज़ारों सीरियाई शरणार्थियों के पुनर्वास की एक योजना शुक्रवार को संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनिय गुटेरेश को पेश की. ये योजना तुर्की द्वारा सीरिया के पूर्वोत्तर इलाक़े में कथित कुर्द लड़ाकों के ख़िलाफ़ अक्तूबर में किए गए हमलों के माहौल में पेश की गई है.