कानून और अपराध की रोकथाम

रवाण्डा जनसंहार के मुख्य सन्दिग्ध की गिरफ़्तारी का स्वागत

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने दुनिया के सबसे वान्छित भगोड़ों की सूची में शामिल फ़ेलिसियाँ काबुगा की गिरफ़्तारी का स्वागत किया है. फ़ेलिसियाँ काबुगा पर वर्ष 1994 में रवाण्डा जनसंहार में शामिल होने का आरोप है जिसमें  केवल 100 दिनों के भीतर दस लाख से ज़्यादा अल्पसंख्यक तुत्सियों और उदारवादी हुतु लोगों की हत्या कर दी गई थी. 

कोविड-19: बन्दियों की सुरक्षा के लिए पुख़्ता स्वास्थ्य उपायों की पुकार

संयुक्त राष्ट्र की कई एजेंसियों के शीर्ष अधिकारियों ने वैश्विक महामारी से उपजे हालात में हिरासत कन्द्रों और अन्य बन्दीगृहों में रह रहे क़ैदियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा के प्रति गहरी चिन्ता जताई है. बुधवार को जारी एक साझा बयान में उन्होंने देशों से इस घातक वायरस से बन्दियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी सार्वजनिक स्वास्थ्य उपाय अपनाने की पुकार लगाई है.

'हराना ही होगा नफ़रत को'

कोविड-19 का मुक़ाबला करने में सारी दुनिया के सामने असाधारण चुनौती है लेकिन फिर भी अनेक देशों में नफ़रत, कुछ ख़ास समूहों पर दोषारोपण या कलंकित करने के मामले भी सामने आए हैं जो बेहद चिन्ताजनक है. महासचिव ने एकजुट होकर नफ़रत को भी हराने का आग्रह किया है, बिल्कुल उसी तरह से जैसे वैश्विक महामारी से निपटने के लिए वैश्विक एकजुटता की ज़रूरत है. नफ़रत का फैलाव भी एक महामारी के रूप में ही सामने आया है. वीडियो सन्देश...

कोविड-19: मानव तस्करी के पीड़ितों के लिए बढ़ा जोखिम

कोविड-19 महामारी का मुक़ाबला करने के लिए तालाबंदी, यात्राओं पर पाबंदियाँ, संसाधनों में कटौती और अन्य तरह के उपायों के कारण मानव तस्करी के शिकार लोग और ज़्यादा शोषण के जोखिम में घिर रहे हैं. मादक पदार्थों व अपराध पर संयुक्त राष्ट्र के कार्यालय (UNODC) का कहना है कि संगठित आपराधिक गुट महामारी से उपजे हालात का फ़ायदा उठाने की कोशिश कर सकते हैं.

कोविड-19: देशों से दासिता का जोखिम रोकने का आग्रह

संयुक्त राष्ट्र के एक मानवाधिकार विशेषज्ञ ने तमाम देशों की सरकारों से उन करोड़ों कामगारों की सुरक्षा बढ़ाने का आग्रह किया है जो कोविड-19 महामारी के कारण शोषक कामकाजी परिस्थितियों में धकेल दिए जाने के ख़तरे का सामना कर रहे हैं, ऐसे हालात जो दासता के समान होते हैं.

प्रैस की आज़ादी व सुरक्षा की पुकार

यूएन महासचिव ने 3 मई को विश्व प्रैस स्वतंत्रता दिवस पर दुनिया भर के देशों से पत्रकारों को काम करने की आज़ादी और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने की गारंटी देने की पुकार लगाई है. उन्होंने कहा कि कोविड-19 के माहौल में स्वतंत्र प्रैस की भूमिका और भी ज़्यादा अहम हो जाती है क्योंकि दुष्प्रचार, झूठ और अफ़वाहों के माहौल में पत्रकार ही तथ्यपरक व प्रासंगिक जानकारी सामने ला रहे हैं. वीडियो सन्देश...