मानवीय सहायता

म्यांमार में बाढ़ से हज़ारों लोग विस्थापन को मजबूर

म्यांमार में कई हफ़्तों से मूसलाधार बारिश, बाढ़ और भूस्खलन की वजह से लोगों को बड़े पैमाने पर जान-माल का नुक़सान उठाना पड़ रहा है. शुक्रवार को मोन प्रांत की पाउंग टाउनशिप में भूस्खलन होने से 50 से अधिक लोगों की मौत हो गई और अनेक अब भी लापता हैं. 80 हज़ार से ज़्यादा लोगों ने सुरक्षित जगहों पर शरण ली हुई है.

ज़िम्बाब्वे में खाद्य संकट के हालात, मानवीय सहायता की नई अपील

पश्चिम अफ्रीकी देश ज़िम्बाब्वे में सूखा, बाढ़ और आर्थिक जड़ता की वजह से परिस्थितियाँ बहुत ख़राब हो गई हैं. देश में भुखमरी के हालात के मद्देनज़र संयुक्त राष्ट्र खाद्य सहायता एजेंसी ने मानवीय सहायता की नई अपील जारी की है ताकि इन प्राकृतिक आपदा जैसी स्थितियों से प्रभावित लोगों को भोजन सामग्री मुहैया कराई जा सके. 

'परोक्ष युद्ध' का दंश झेल रहा है लीबिया

लीबिया में संयुक्त राष्ट्र मिशन (UNSMIL) के प्रमुख ग़ासन सलामे ने कहा है कि देश में लड़ाई रुकने के आसार नहीं दिख रहे हैं और मानवीय हालात बदतर होते जा रहे हैं. सोमवार को सुरक्षा परिषद को जानकारी देते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि अस्थिरता और विदेशी हथियारों के पहुंचने से इस उत्तर अफ़्रीकी देश में ‘परोक्ष युद्ध’ को भी हवा मिल रही है.

चीन में भूस्खलन पीड़ितों के प्रति शोक

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने चीन में रविवार को भूस्खलन के कारण मलबे में दब जाने से कई लोगों की मौत होने पर गहरी संवेदना व्यक्त की है. दक्षिणी चीन के ग्वेज़ो प्रांत में भारी बारिश की वजह से  भूस्खलन की घटना हुई जिसमें 20 से ज़्यादा घर मलबे में दब जाने की ख़बरें हैं. इस दुर्घटना में 36 लोगों के मारे जाने और अनेक के लापता होने की आशंका है. 

दक्षिण एशिया के देशों में भारी बारिश और बाढ़ का क़हर

दक्षिण एशिया के कई देशों में मॉनसून की मूसलाधार बारिश बाढ़ और मुश्किलों को साथ लाई है जिससे ढाई करोड़ लोग प्रभावित हुए हैं और 600 से ज़्यादा लोगों की मौत हो चुकी है. संयुक्त राष्ट्र मानवीय राहत एजेंसियों के अनुसार इस क्षेत्र में लगातार बारिश से भारत, बांग्लादेश, नेपाल और म्यांमार में पांच लाख से ज़्यादा लोगों को विस्थापन के लिए मजबूर होना पड़ा है.

लीबिया: भूमध्य सागर में फँसे लोगों के लिए अहम यूरोपीय समझौता

संयुक्त राष्ट्र की दो प्रमुख एजेंसियों के अध्यक्षों ने लीबिया में शरणार्थियों और प्रवासियों को मनमाने तरीक़े से बंदी बनाए जाने पर तुरंत रोक लगाने का आहवान किया है. भूमध्य सागर के रास्ते बेहतर मंज़िल की तलाश में निकलने वाले लोगों को एक नई वितरण प्रणाली के ज़रिए सुरक्षित विकल्प मुहैया कराने के वास्ते यूरोपीय संघ के देशों के बीच हुए एक समझौते के बाद ये आहवान किया गया है.

फ़लस्तीनी घरों को ढहाना 'अंतरराष्ट्रीय मानवीय क़ानूनों के अनुरूप नहीं'

इसराइल द्वारा फ़लस्तीन के पश्चिमी तट में सुर बाहीर इलाक़े में घर ढहाए जाने की घटना पर संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों के तीन वरिष्ठ अधिकारियों ने दुख जताया है. संयुक्त रूप से जारी एक बयान में कहा गया है कि इसराइल की कार्रवाई अंतरराष्ट्रीय मानवीय क़ानूनों के तहत तय किए गए दायित्वों के अनुरूप नहीं है.  

दक्षिण एशिया में बारिश से जीवन अस्त-व्यस्त, अनेक की मौत

भारत, नेपाल और बांग्लादेश में मूसलाधार बारिश, भीषण बाढ़ और भूस्खलन की घटनाओं में अब तक कम से कम 93 बच्चों की मौत हो चुकी है और लाखों लोगों की ज़िंदगियों पर जोखिम मंडरा रहा है. संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (UNICEF) ने कहा है कि स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रभावितों तक तत्काल राहत पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है.  साथ ही एहतियाती उपाय करने का आग्रह किया गया है.

मोज़ाम्बीक़ में तूफ़ान प्रभावितों के दृढ़ संकल्प की प्रशंसा

बिना छतों वाली कक्षाओं में मज़बूत संकल्प के साथ पढ़ते बच्चे, बिना औज़ार और कृषि योग्य भूमि के अभाव के बावजूद खेतों में दृढ़ता से डटी महिलाएं और आजीविका गंवाने लेकिन ज़िंदगी बच जाने पर कृतज्ञ लोग. संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने अपनी मोज़ाम्बीक़ यात्रा के दूसरे दिन शुक्रवार को ऐसे लोगों से मिलकर उनके साहस का प्रत्यक्ष अनुभव किया और खुले दिल से उनके पक्के इरादों की सराहना की.

कॉक्सेस बाज़ार में घातक होते मॉनसून से निपटने की मुस्तैदी

विश्व खाद्य कार्यक्रम ने कहा है कि बांग्लादेश में चार जुलाई से लगातार हो रही बारिश की वजह से कॉक्सेस बाज़ार का शरणार्थी शिविर बुरी तरह प्रभावित हुआ है जिससे भारी ढाँचागत नुक़सान होने के साथ-साथ अनेक लोग हताहत भी हुए हैं. बहुत नाज़ुक हालात का सामना कर रहे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया गया है जो शिविरों में ही नई ज़मीन पर बनाए गए हैं.