मानवाधिकार

पाकिस्तान: मानवाधिकार कार्यकर्ता इदरीस खटक को सज़ा की निन्दा

संयुक्त राष्ट्र के स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञों ने पाकिस्तान में अग्रणी मानवाधिकार और नागरिक समाज कार्यकर्ता इदरीस खटक को दोषी क़रार दिये जाने और 14 वर्ष के कारावास की सज़ा सुनाए जाने के फ़ैसले की निन्दा की है. मानवाधिकार विशेषज्ञों ने सैन्य अदालत में चलाए गए मुक़दमे की कार्रवाई की निष्पक्षता पर भी सवाल उठाया है.

यूक्रेन में मानवाधिकारों की बिगड़ती स्थिति पर चिन्ता

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद में बुधवार को, यूक्रेन में मानवाधिकार स्थिति पर ताज़ा जानकारी हासिल की गई जिस दौरान बताया गया है कि यूक्रेन के सरकार नियंत्रित इलाक़ों के साथ-साथ, पूर्व में, सम्पर्क रेखा के पार के इलाक़ों में बुनियादी स्वतंत्रताएँ सिमटी हैं. पूर्वी इलाक़ों में मुख्य रूप से रूस समर्थित अलगाववादियों का नियंत्रण है.

यमन: तेज़ होती लड़ाई के बीच, संयम, शान्ति व सम्वाद पर ज़ोर

यमन के लिये संयुक्त राष्ट्र के विशेष दूत हान्स ग्रण्डबर्ग ने मंगलवार को सुरक्षा परिषद को बताया है कि देश, सैन्य गतिविधियों व संघर्ष में बढ़ोत्तरी के हालात में, एक बिखरे हुए व रक्तरंजित युद्ध के एक नए दौर से गुज़र रहा है.

अफ़ग़ानिस्तान: मानवीय संकट से बुनियादी अधिकारों पर जोखिम; राहत अभियान में तेज़ी

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार कार्यालय ने, जिनीवा स्थित मानवाधिकार परिषद को अफ़ग़ानिस्तान में हालात से अवगत कराते हुए कहा है कि बुनियादी अधिकारों व स्वतंत्रताओं के लिये सम्मान सुनिश्चित किया जाना, देश में स्थिरता के नज़रिये से बेहद अहम है. इस बीच, विश्व खाद्य कार्यक्रम (WFP), ज़रूरतमन्दों तक सहायता पहुँचाने के लिये अपने राहत अभियान तेज़ कर रहा है.

'जबरन घर छोड़ने के लिये मजबूर', रोहिंज्या समुदाय को ना भुलाने की अपील 

म्याँमार में मानवाधिकारों की स्थिति पर संयुक्त राष्ट्र के स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञ टॉम एण्ड्रयूज़ ने, बांग्लादेश का अपना पहला आधिकारिक दौरा शुरू करते हुए आगाह किया है कि म्याँमार से अपनी जान बचाकर कर सुरक्षित शरण की तलाश में जाने वाले, रोहिंज्या समुदाय के क़रीब 10 लाख लोगों की व्यथा को कभी नहीं भुलाया जाना होगा. 

पाकिस्तान: ‘जबरन गुमशुदगी के पीड़ितों को शिकायत दर्ज कराने से ना रोका जाए’

संयुक्त राष्ट्र के स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञों के एक समूह ने पाकिस्तान से, उस विधेयक में संशोधन की मंज़ूरी को रोकने का आहवान किया है जिसमें जबरन गुमशुदगी के शिकार लोगों के परिवारों, सम्बन्धियों और अन्य स्रोतों का आपराधिकरण करने और उन्हें दण्डित करने का प्रावधान प्रस्तावित है.

म्याँमार: मानवाधिकार हनन के मामले 'अभूतपूर्व स्तर' पर, एकजुट कार्रवाई की मांग

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त कार्यालय (OHCHR) ने एक कड़ा सन्देश जारी करते हुए, म्याँमार में मानवाधिकार हनन के गम्भीर मामलों में चिन्ताजनक बढ़ोत्तरी पर गहरा क्षोभ जताया है. यूएन एजेंसी ने सैन्य नेतृत्व की जवाबदेही तय किये जाने और देश में लोकतंत्र बहाली के लिये दोगुने प्रयास किये जाने की मांग की है

 

'समानता है मानवाधिकारों के केन्द्र में', विषमताओं से निपटने की पुकार

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त (OHCHR) मिशेल बाशेलेट ने कहा है कि कोविड-19 महामारी ने पिछले दो वर्षों में पीड़ादाई ढंग से बढ़ती विषमताओं की असहनीय क़ीमतों को दर्शाया है. उन्होंने शुक्रवार, 10 दिसम्बर, को ‘विश्व मानवाधिकार दिवस’ के अवसर पर जारी अपने वक्तव्य में, समानता व साझा मानवता पर बल देते हुए, बेहतर पुनर्निर्माण के लिये सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता को रेखांकित किया है. 

सांसदों का उत्पीड़न रिकॉर्ड उच्च स्तर पर, आईपीयू

संयुक्त राष्ट्र के एक साझीदार संगठन – अन्तर-संसदीय संघ – (IPU) ने गुरूवार को जारी वार्षिक आँकड़ों में राजनैतिक अस्थिरता को रेखांकित करते हुए कहा है कि दुनिया भर में संसद सदस्यों का उत्पीड़न रिकॉर्ड उच्च स्तर पर पहुँच गया है. ये रिपोर्ट 10 दिसम्बर को मनाए जाने वाले मानवाधिकार दिवस के अवसर पर जारी की गई है.

जनसंहार की रोकथाम के लिये, सम्पूर्ण समाज की भागीदारी पर बल

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने कहा है कि जनसंहारों की रोकथाम करने का दायित्व मुख्य रूप से राज्यसत्ताओं पर है, मगर सम्पूर्ण समाज की भागीदारी के बिना ये सुनिश्चित नहीं किया जा सकता.