मानवाधिकार

कोविड-19: वृद्धजनों के साथ हिंसा व दुर्व्यवहार के मामलों में उछाल

वैश्विक महामारी कोविड-19 के दौरान वृद्धजनों के साथ हिंसा, दुर्व्यवहार और उपेक्षा के मामलों में बढ़ोत्तरी देखी गई है. संयुक्त राष्ट्र की स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञ क्लॉडिया माहलेर ने बुज़ुर्गों के साथ होने वाले दुर्व्यवहार के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिये, 15 जून को विश्व दिवस से पहले सदस्य देशों से ऐसे उपायों को अपनाने की पुकार लगाई है जिससे वृद्धजनों की स्वायत्ता को पूर्ण सम्मान देते हुए, उनके लिये न्याय को सुनिश्चित किया जा सके.

अन्तरराष्ट्रीय एल्बीनिज़म जागरूकता दिवस: यूएन महासचिव का सन्देश

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने 'अन्तरराष्ट्रीय एल्बीनिज़म जागरूकता दिवस' पर, सभी राष्ट्रों और समुदायों से रंगहीनता की स्थिति वाले व्यक्तियों के मानवाधिकारों की रक्षा करने और उन्हें आवश्यक सहायता व देखभाल प्रदान करने का आग्रह किया है...

रंगहीनता वाले लोगों के साथ भेदभाव का अन्त हो – यूएन प्रमुख

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने रविवार, 13 जून, को ‘अन्तरराष्ट्रीय एल्बीनिज़म जागरूकता दिवस' पर, एल्बीनिज़म यानी रंगहीनता की स्थिति वाले लोगों के साथ अपनी एकजुटता दोहराई है. यह अन्तरराष्ट्रीय दिवस, अपने जीवन में बहुत से अवरोधों और चुनौतियों का सामना कर रहे, रंगहीनता वाले लोगों के लिये समर्थन जुटाने का एक अवसर है.

 

बाल श्रम उन्मूलन के प्रयासों को गहरा झटका

संयुक्त राष्ट्र की एक नई रिपोर्ट के मुताबिक, दो दशकों में पहली बार, दुनिया भर में बाल मज़दूरी के शिकार बच्चों की संख्या बढ़कर 16 करोड़ तक पहुँच गई है. पिछले चार वर्षों में इस आँकड़े में 84 लाख की वृद्धि हुई है., अन्तरराष्ट्रीय श्रम संगठन और संयुक्त राष्ट्र बाल कोष द्वारा जारी इस रिपोर्ट में चेतावनी दी गई है कि कोविड-19 महामारी के परिणामस्वरूप, वर्ष 2022 के अन्त तक, वैश्विक स्तर पर, 90 लाख अतिरिक्त बच्चों को बाल श्रम में धकेल दिये जाने का ख़तरा है...

म्याँमार में 'तबाहीपूर्ण हालात', सैन्य नेतृत्व की जवाबदेही तय किये जाने की माँग

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त कार्यालय (OHCHR) की प्रमुख  मिशेल बाशेलेट ने चेतावनी जारी की है कि म्याँमार में बड़े पैमाने पर ख़ूनख़राबा रोकने और मानवीय संकट को गहराने से बचाने के लिये, वहाँ तेज़ होती हिंसा को रोका जाना होगा. उन्होंने क्षोभ जताते हुए कहा कि महज़ चार महीनों में, म्याँमार एक नाज़ुक लोकतंत्र से मानवाधिकारों के लिये त्रासदी बन गया है, और मौजूदा संकट के लिये सैन्य नेतृत्व की जवाबदेही तय की जानी होगी.

मानसिक स्वास्थ्य देखभाल में मानवाधिकार हनन पर विराम के लिये नए दिशानिर्देश

विश्व भर में, मानसिक स्वास्थ्य देखभाल मुख्यत: मनोविकार केन्द्रों व अस्पतालों में प्रदान की जाती है और मानवाधिकार हनन के मामले व जबरन इस्तेमाल में लाये जाने वाले तौर-तरीक़े अब भी आम हैं. इसके मद्देनज़र, विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने नए दिशानिर्देश जारी किये हैं जिनमें मानवाधिकारों का सम्मान करते हुए, किफ़ायती रूप से समुदाय-आधारित मानसिक स्वास्थ्य देखभाल की कारगरता को रेखांकित किया गया है.  

बाल श्रमिकों की संख्या बढ़कर 16 करोड़ हुई, अन्य लाखों बच्चों पर भी जोखिम

संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों की एक नई रिपोर्ट दर्शाती है कि दो दशकों में पहली बार, बाल श्रमिकों की संख्या में बढ़ोत्तरी हुई है. दुनिया भर में काम पर लगाए जाने वाले बच्चों का आँकड़ा अब 16 करोड़ पहुँच गया है. पिछले चार वर्षों में इस संख्या में 84 लाख की वृद्धि हुई है. गुरुवार को जारी साझा रिपोर्ट के मुताबिक कोविड-19 महामारी के कारण लाखों अन्य बच्चों पर जोखिम मंडरा रहा है.  

म्याँमार: 'बड़े पैमाने पर मौतों' की रोकथाम के लिये कार्रवाई की माँग

संयुक्त राष्ट्र के स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञ टॉम एण्ड्रयूज़ ने चेतावनी जारी की है कि म्याँमार में व्यापक पैमाने पर मौतों को टालने के लिये जल्द से जल्द अन्तरराष्ट्रीय कार्रवाई की आवश्यकता है. ख़बरों के अनुसार सेना द्वारा किये जा रहे हमलों से बचने के लिये, बड़ी संख्या में लोगों ने जंगलों में शरण ली है, उनके पास भोजन, पानी व दवा का सहारा नहीं है, जिससे उनके जीवन के लिये जोखिम पैदा हो रहा है. 

बेलारूस: विमान को जबरन उतारे जाने व पत्रकार की गिरफ़्तारी पर गहरी चिन्ता

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने बेलारूस में एक यात्री विमान को जबरन उतारे जाने और उसके बाद सरकार के विरुद्ध कथित रूप से मुखर पत्रकार को हिरासत में लिये जाने पर गहरी चिन्ता जताई है.

म्याँमार: सैन्य नेतृत्व के विरुद्ध प्रतिबन्धों का स्वागत, अन्य देशों से कार्रवाई का आग्रह

संयुक्त राष्ट्र के एक स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञ ने इस सप्ताह, चँद देशों की सरकारों द्वारा, म्याँमार में सैन्य नेतृत्व के विरुद्ध समन्वित प्रतिबन्ध लगाये जाने की घोषणा का स्वागत किया है. यूएन के विशेष रैपोर्टेयर टॉम एण्ड्रयूज़ ने गुरुवार को जारी अपने वक्तव्य में अन्य देशों से अमेरिका, ब्रिटेन और कैनेडा की राह पर चलने का आहवान किया है.