आर्थिक विकास

प्रवासियों द्वारा भेजी रक़म से ग़रीबों को बड़ा सहारा

अपने घर, गाँव, शहर और देश छोड़कर रोज़ी रोटी कमाने के लिए निकलने वाले लोग दुनिया में जहाँ भी रहते हैं वहाँ से अपने मूल स्थानों में रहने वाले परिवारों व समुदायों को हर साल भारी रक़म भेजते हैं. प्रवासियों के इस योगदान को महत्व देने के लिये हर वर्ष 16 जून को अंतरराष्ट्रीय दिवस (International Day of Family Remittances) मनाया जाता है. 

शहरों में ग़रीबी और असमानता दूर करने के लिए नई सोच और नई तकनीक की ज़रूरत

अगर टिकाऊ विकास लक्ष्यों को हासिल करने की जद्दोजहद की जीत या हार शहरों में निर्धारित होनी है तो फिर वहाँ की आबादियों की दीर्घकालीन रूप से देखभाल सुनिश्चित करनी होगी और ये भी सुनिश्चित करना होगा कि कोई भी पीछे ना छूट जाए.

वैश्विक अर्थव्यवस्था की सुस्त पड़ती रफ़्तार टिकाऊ विकास लक्ष्यों के लिए ख़तरा

अनसुलझे व्यापारिक तनावों, अंतरराष्ट्रीय नीतिगत अनिश्चितता और कमज़ोर होते व्यापारिक भरोसे के बीच विश्वव्यापी अर्थव्यवस्था व्यापक मंदी का सामना कर रही है. संयुक्त राष्ट्र ‘विश्व आर्थिक स्थिति एवं संभावना’ 2019 की मध्यावधि रिपोर्ट में आशंका ज़ाहिर की गई है कि धीमी पड़ती वैश्विक अर्थव्यवस्था के चलते टिकाऊ विकास लक्ष्यों को हासिल करने के प्रयासों पर संकट मंडरा रहा हैं.

काम के तनाव, ओवरटाइम और बीमारियों से हर साल 28 लाख मौतें

कार्यस्थलों पर असुरक्षित और स्वास्थ्य के लिए हानिकारक माहौल, ज़्यादा तनाव, काम करने के लंबे घंटों और बीमारियों की वजह से हर साल 28 लाख कामगारों की मौत होती है. हर साल 37.4 करोड़ लोग नौकरी से जुड़ी वजहों के चलते या तो बीमार पड़ते हैं या फिर ज़ख़्मी होते हैं. अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन (ILO) की एक नई रिपोर्ट में ये तथ्य उभरकर सामने आए हैं.

 

'अवसरों से भरा क्षेत्र' है मध्य पूर्व

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने कहा है कि मध्य पूर्व में टिकाऊ विकास और निवेश के लिए प्रचुर अवसर उपलब्ध हैं. जॉर्डन में मध्य पूर्व और उत्तर अफ़्रीका पर विश्व आर्थिक मंच की बैठक के दौरान यूएन प्रमुख ने संघर्ष और अस्थिरता से जूझते क्षेत्र की मदद के लिए हरसंभव कूटनीतिक प्रयासों के लिए प्रतिबद्धता जताई.

टिकाऊ विकास और जलवायु कार्रवाई के लिए दक्षिण-दक्षिण सहयोग अहम

जलवायु परिवर्तन के विरूद्ध लड़ाई और टिकाऊ विकास के लक्ष्यों को पाने में दक्षिण-दक्षिण सहयोग महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है. अर्जेंटीना की राजधानी ब्यूनस आयर्स में दक्षिण-दक्षिण सहयोग पर दूसरे उच्चस्तरीय संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन के उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए यूएन महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने यह बात कही. 

क्या है 'दक्षिण-दक्षिण सहयोग' और यह अहम क्यों है?

इस सप्ताह अर्जेंटीना की राजधानी ब्यूनस आयर्स में 20-22 मार्च को दक्षिण-दक्षिण सहयोग पर दूसरे उच्चस्तरीय संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए सरकारी प्रतिनिधिमंडल, निजी क्षेत्र और नागरिक समाज के प्रतिनिधियों समेत एक हज़ार से ज़्यादा लोग एकत्र हो रहे हैं.

नौकरियां पाने के लिए अब भी संघर्ष करती हैं महिलाएं

संयुक्त राष्ट्र श्रम विशेषज्ञों ने कहा है कि महिलाओं के लिए नौकरियों के अवसरों में 1990 के दशक की शुरुआत से अब तक कोई विशेष बेहतरी नहीं देखने को मिली है. उन्होंने सचेत किया है कि महिला कर्मचारियों को बच्चे पैदा करने और उनकी देखभाल  करने का ख़ामियाज़ा अब भी उठाना पड़ता है. 

रोज़गार मिलना बेहतर जीवन-यापन की गारंटी नहीं

दुनिया के श्रम बाज़ारों में रोज़गार की ख़राब गुणवत्ता एक बड़ी चुनौती बन कर उभर रही है और लाखों लोगों को विषम परिस्थितियों में काम करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है. अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन (ILO) की एक नई रिपोर्ट में रोज़गार, बेरोज़गारी, उत्पादकता और श्रमिकों की भागीदारी सहित अन्य विषयों पर वैश्विक रूझानों के संबंध में जानकारी सामने आई है.

दो तिहाई बच्चे कल्याणकारी योजनाओं के लाभ से वंचित

दुनिया में हर 10 में से छह बच्चों को सामाजिक सुरक्षा प्राप्त नहीं है जिससे उनके ग़रीबी का शिकार होने की आशंका बढ़ जाती है. संयुक्त राष्ट्र ने अपनी एक नई रिपोर्ट में सचेत किया है कि कुछ सरकारें आर्थिक अनिश्चितता के चलते लाभकारी योजनाओं में कटौती कर रही हैं जिससे स्थिति और ख़राब हो सकती है.