जलवायु परिवर्तन

प्राकृतिक आपदाएँ अक्सर बताकर तबाही नहीं करती, एहतियात ज़रूरी

समुद्री तूफ़ान यानी सूनामी वैसे तो कभी कभी ही दस्तक देते हैं लेकिन जब आते हैं तो भारी तबाही छोड़कर जाते हैं और उनके पदचिन्ह अक्सर भीषण विनाशकारी होते हैं जिनसे जान-माल का भारी नुक़सान होता है. आपदा जोखिम प्रबंधन के लिए संयुक्त राष्ट्र की विशेष प्रतिनिधि मामी मिज़ोतूरी ने ये शब्द 5 नवंबर को विश्व सूनामी जागरूकता दिवस के अवसर पर कहे हैं.

अमरीका ने दी सूचना, पेरिस जलवायु समझौते से नवंबर 2020 में हो जाएगा बाहर

अमरीका ने सोमवार, 4 नवंबर 2019 को घोषणा की है कि वो पेरिस जलवायु समझौते से बाहर होने की प्रक्रिया औपचारिक रूप से शुरू कर रहा है.  पेरिस जलवायु समझौते पर 2015 में 193 देशों ने हस्ताक्षर किए थे और अमरीका भी उनमें शामिल था.

हर मिनट एक ट्रक प्लास्टिक समुद्र में फेंक दिया जाता है

संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) ने कहा है कि हर साल लगभग 80 लाख टन प्लास्टिक कूड़ा-कचरा समुद्रों में फेंका जाता है - इसका मतलब इस तरह भी समझा जा सकता है कि एक बड़े ट्रक में समाने वाले कूड़े-कचरे के बराबर ये हर मिनट समुद्र में फेंका जाता है.

आसियान देशों को भी डटकर करना होगा जलवायु संकट का मुक़ाबला - महासचिव

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने कहा है कि आसियान संगठन के दस में से चार सदस्य देश जलवायु परिवर्तन के परिणामों से सबसे ज़्यादा प्रभावित हैं, इसलिए उन्होंने बैंकाक में हुए आसियान सम्मेलन में पूरी दुनिया में दरपेश जलवायु संकट का सामना डटकर करने का आग्रह किया.

जलवायु की ख़ातिर छोड़नी होगी कोयले की लत - महासचिव

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने थाईलैंड में हुए आसियान सम्मेलन के दौरान शनिवार को राजधानी बैंकाक में नए शताब्दी पार्क का दौरा किया जहाँ एक नया क्लाइमेट मिटिगेशन प्रोजेक्ट बनाया गया है. महासचिव ने इस अवसर पर पत्रकारों से बातचीत में कहा कि कोयले का इस्तेमाल करने के चलन को अब हल हाल में बंद करना होगा.

जहाज़रानी उद्योग से ‘पर्यावरणीय आपदा’ का ख़तरा

संयुक्त राष्ट्र के व्यापारिक अंग, यूएनसीटीएडी की उप प्रमुख, इसाबेल ड्यूरेंट ने बुधवार को ग्लोबल मैरीटाइम फोरम शिखर सम्मेलन में कहा है कि यदि समुद्री उद्योग से उत्पन्न उत्सर्जन में कटौती नहीं की जाती है, तो हम "एक पर्यावरणीय आपदा" को न्यौता दे देंगे. 

जलवायु विशेषज्ञों ने पर्वतों के क्षरण से निपटने का संकल्प लिया

संयुक्त राष्ट्र की मौसम विज्ञान संस्था (WMO) और साझेदार संगठनों ने जलवायु परिवर्तन के कारण उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में ग्लेशियरों की बर्फ़ पिघलने और जल उपलब्धता का संकट बढ़ने की आशंका के मद्देनज़र गुरुवार को एक नई पहल की घोषणा की है. इस पहल के तहत उच्च पर्वतीय क्षेत्रों की निगरानी और पूर्वानुमान तकनीकों को बेहतर बनाने पर प्रयास केंद्रित किए जाएंगे. 

जापान में हेगिबिस तूफ़ान का असर कम, साहस व तैयारी के लिए नेतृत्व की सराहना

जापान में हेगिबिस तूफ़ान जान-माल की भारी तबाही हुई है, ऐसे में संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने जलवायु आपदा से निपटने के प्रयासों में जापानी नेतृत्व की भूमिका की सराहना की है. महासचिव ने साथ ही इस तरह की प्राकृतिक आपदाओं से निपटने में जापान की पहले से ही की गई व्याक तैयारियों का ख़ास उल्लेख किया है.

गहराई से जुड़े हैं आपदा जोखिम प्रबंधन और जलवायु कार्रवाई के तार

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने कहा है कि आपदा जोखिम को कम करने और जलवायु आपदा के नुक़सानों के ख़िलाफ़ मज़बूती हासिल करने के बीच बहुत दमदार आर्थिक दलील है. महासचिव ने आपदा जोखिम प्रबंधन के लिए अंतरराष्ट्रीय दिवस के अवसर पर ये संदेश दिया है. ये दिवस सोमवार 14 अक्तूबर मनाया जा रहा है. 

टिकाऊ और समावेशी विकास में शहरों की अहम भूमिका

यूएन महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने ‘C-40 वर्ल्ड मेयर्स समिट’ को संबोधित करते हुए ध्यान दिलाया है कि टिकाऊ और समावेशी विकास को हासिल करने के प्रयासों में दुनिया भर में शहर अग्रिम मोर्चे पर खड़े हैं. डेनमार्क की राजधानी कोपेनहेगेन में गुरुवार को शुरू हुई यह शिखर वार्ता दो दिन तक चलेगी जिसमें C-40 गठबंधन के सदस्य शहरों ने टिकाऊ खाद्य नीतियों को लागू करने का संकल्प लिया है ताकि जलवायु आपात स्थिति से निपटा जा सके.