मध्य पूर्व

ईरान: मानवाधिकार कार्यकर्ता बन्दियों को, कोविड-19 के जोखिम में, रिहा करने की पुकार

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त मिशेल बाशेलेट ने ईरान से क़ैद में रखे गए मानवाधिकार कार्यकर्ताओं, वकीलों और राजनैतिक बन्दियों को रिहा करने की पुकार लगाई है. मानवाधिकार उच्चायुक्त ने इन तमाम बन्दियों की स्वास्थ्य स्थिति पर गहरी चिन्ता व्यक्त करते हुए उनके कोविड-19 के संक्रमण की चपेट में आने की भी आशंका जताई है.

लीबिया: उच्चस्तरीय बैठक में शान्ति को प्राथमिकता देने का आहवान

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने कहा है कि लीबिया में हिंसक टकराव में प्रत्यक्ष व परोक्ष रूप से शामिल हर पक्ष को शान्ति के एक दुर्लभ अवसर का उपयोग करना चाहिये. लीबिया में हिंसा पर विराम लगाने के उद्देश्य से सोमवार को आयोजित एक उच्चस्तरीय वर्चुअल बैठक में महासचिव ने यह बात कही है. संयुक्त राष्ट्र महासभा के 75वें सत्र के दौरान इस शिखर बैठक का आयोजन किया गया है.

यमन: युद्धरत पक्षों के बीच 1000 बन्दियों की रिहाई के लिये रज़ामन्दी

यमन में युद्धरत पक्ष बन्दियों के पहले समूह की रिहाई की के लिये रज़ामन्द हुए हैं. सप्ताहान्त के दौरान स्विट्ज़रलैण्ड़ में सप्ताह भर चली बैठक के आख़िर में ये रज़ामन्दी हुई जिसे संयुक्त राष्ट्र के विशेष दूत ने “एक बहुत ही महत्वपूर्ण पड़ाव” क़रार दिया है.

लेबनान में नेताओं को राजनीति से हटकर लोगों की बेहतरी को महत्व देना होगा

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने कहा है कि लेबनान में तमाम नेताओं को अगस्त में बेरूत बन्दरगाह पर हुए भीषण विस्फोट के बाद की चुनौतियों का सामना करने के लिये राजनीति को पीछे छोड़कर आम लोगों की भलाई को ऊपर रखना होगा.

सीरिया: नए संविधान पर वार्ता से हिंसा पर विराम लगाने की उम्मीद

सीरिया में युद्धरत पक्षों में गहरा अविश्वास क़ायम है, इसके बावजूद हाल ही में जिनीवा में संवैधानिक समिति की बैठक में आशा की एक धूमिल लेकिन वास्तविक किरण उभरती दिखाई दी है. यह बैठक नौ महीने के अन्तराल के बाद आयोजित की गई थी. शुक्रवार को संयुक्त राष्ट्र के विशेष दूत गेयर पैडरसन ने सुरक्षा परिषद को एक दशक से जारी हिंसा से सीरिया को उबारने के लिये किये जा रहे प्रयासों के सम्बन्ध में अवगत कराया है. 

यमन: युद्ध और कोविड-19 से लाखों लोग तबाही के कगार पर

संयुक्त राष्ट्र प्रमुख ने गुरुवार को बताया कि पाँच साल से अधिक समय से चल रहे युद्ध ने "यमन के करोड़ों लोगों का जीवन तबाह कर दिया है." विशेषज्ञों का अनुमान है कि यमन में लगभग दस लाख लोग कोविड-19 से प्रभावित हुए हैं.

सीरिया: आमजन पर ज़ुल्म ढाने में सभी पक्ष हैं शामिल, जाँच आयोग की रिपोर्ट


सीरिया के लिये संयुक्त राष्ट्र के जाँच आयोग की रिपोर्ट में कहा गया है कि मार्च 2020 में युद्धविराम लागू होने के बाद से बड़े पैमाने वाली युद्धक गतिविधियों में तो कुछ कमी आई है, मगर अब भी सशस्त्र गुट आम लोगों पर बहुत ज़ुल्म ढा रहे हैं, और जानबूझकर व सोचसमझकर लोगों के मानवाधिकारों का उल्लंघन किया जा रहा है. 

यमन: नई रिपोर्ट में युद्धापराधों की आशंका, जवाबदेही तय किये जाने की माँग

संयुक्त राष्ट्र द्वारा नियुक्त विशेषज्ञों ने कहा है कि यमन में जारी हिंसा के कारण देश बदहाल हालात में है और लोग पीड़ा में जीवन गुज़ार रहे हैं. साथ ही उन्होंने संदिग्ध युद्धापराधों के मामलों की अन्तरराष्ट्रीय जाँच कराने और दोषियों के ख़िलाफ़ प्रतिबन्ध लगाने की अपील की है.

कोविड19: यूनिफ़िल की मुस्तैदी

यूनिफ़िल ने लेबनान के दक्षिणी हिस्से में कोविड-19 से बचाव के ऐहतियाती उपायों के तहत अपने शान्तिरक्षकौों के लिये सख़्त नियमों वाली रोटेशन व्यवस्था लागू की है. इसका मक़सद है – शान्तिरक्षकों और मेज़बान समुदाय को कोरोनावयरस के संक्रमण से बचाना. देखिये एक वीडियो रिपोर्ट...

इसराइल-हमास समझौता होगा महामारी का मुक़ाबला करने में मददगार

मध्य पूर्व क्षेत्र के लिये संयुक्त राष्ट्र के वरिष्ठतम अधिकारी निकोलय म्लैदेनॉफ़ ने फ़लस्तीनी क्षेत्र ग़ाज़ा के भीतर और आसपास के इलाक़ों में कोविड-19 महामारी के बावजूद हाल के समय में बढ़े तनाव को कम करने के लिये हुए समझौते का स्वागत किया है.