वैश्विक

भोपाल त्रासदी: रसायन उद्योग जगत को ‘मानवाधिकारों का सम्मान करना होगा’

संयुक्त राष्ट्र के एक स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञ ने भारत में भोपाल गैस त्रासदी के 35 साल पूरे होने पर रसायन निर्माताओं से अपनी ज़िम्मेदारी समझने और मानवाधिकारों का सम्मान करने की अपील की है. यूएन के विशेष रैपोर्टेयर बास्कुट तुनचक ने कहा है स्वैच्छिक मानवाधिकार मानकों को अपनाने की प्रक्रिया में कमज़ोरियां नीहित हैं और इसलिए मज़बूत क़ानूनी विकल्पों की तत्काल आवश्यकता है.

भारत में नीले रंग में सराबोर होकर मनाया गया बाल दिवस

विश्व बाल दिवस पर पूरे भारत में युवाओं और बच्चों के साथ आयोजित विशेष कार्यक्रमों के अलावा, देश की प्रमुख इमारतों को ‘ब्लू’ यानी नीला करके बाल अधिकारों के लिए प्रतिबद्धता जताई गई.  बुधवार  20 नवंबर को विश्व बाल दिवस और संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा बाल अधिकार कन्वेंशन को अपनाए जाने के 30 वर्ष पूरे होने पर, संयुक्त राष्ट्र बाल कोष (यूनीसेफ़) ने भारत में कई कार्यक्रम आयोजित किए. 

गन्दगी साफ़ करने का अदम्य साहस

अनेक देशों में अब भी मानव मल व कचरा साफ़ करने के लिए स्वच्छता कर्मचारियों की ही सेवाएँ ली जाती हैं. ये कम लोग ही जानते हैं कि ये काम कितना जोखिम भरा है. कई बार तो स्वच्छता कर्मचारियों की मौत भी हो जाती है. और समाज में उनकी इस महत्वपूर्ण सेवा और बुनियादी कार्य को हिकारत की नज़र से देखा जाता है, ये तो किसी से छुपा नहीं है. ऐसे ही कुछ स्वच्छता कर्मचारियों की कहानी...

एचआईवी ग्रस्त लोगों को सशक्त बनाने से ख़त्म होगी ये बीमारी

एचआईवी - एड्स के ख़िलाफ़ लड़ाई में संयुक्त राष्ट्र के प्रयासों की अगुवाई कर रही एजेंसी यूएनएड्स ने कहा है कि एचआईवी के संक्रमित लोगों को जब उनकी ख़ुद की देखभाल करने के प्रयासों में सक्रिय भागीदारी करने का मौक़ा मिलता है तो संक्रमण के नए मामले कम होते हैं और ऐसी स्थिति में ज़्यादा संख्या में संक्रमित लोगों को इलाज की सुविधा हासिल होती है.

​​​​​​​एड्स का दैत्य निगल जाता है हर दिन 320 बच्चों व किशोरों को

दुनिया भर में हर साल हर दिन क़रीब 320 बच्चे और किशोर युवा एड्स से संबंधित बीमारियों का शिकार हो जाते हैं. संयुक्त राष्ट्र बाल कोष – यूनीसेफ़ ने एचआईवी और एड्स के बारे में एक वैश्विक संक्षिप्त रिपोर्ट जारी की है जिसके अनुसार साल 2018 में हर घंटा लगभग 13 बच्चों और युवाओं की जान एड्स की वजह से चली गई.

तापमान 3 डिग्री के उछाल की राह पर, जलवायु लक्ष्य हासिल हुए तब भी

वर्ष 2015 में हुए पेरिस जलवायु समझौते के तहत निर्धारित लक्ष्यों और संकल्पों को हासिल भी कर लिया जाए तो भी दुनिया तापमान में 3.2 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोत्तरी की राह पर आगे बढ़ रही है.  जिसका मतलब होगा कि दुनिया में जलवायु परिवर्तन के और भी ज़्यादा व्यापक व विनाशकारी प्रभाव होंगे, संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम ने ये चेतावनी वार्षिक कार्बन अंतर रिपोर्ट में मंगलवार को जारी की है.

महिलाओं पर हिंसा एक बाधा है शांतिपूर्ण भविष्य के रास्ते में

महिलाओं के प्रति हिंसा के उन्मूलन के अंतरराष्ट्रीय दिवस पर संयुक्त राष्ट्र के वरिष्ठ अधिकारियों ने हिंसा पीड़ितों के प्रति एकजुटता का प्रदर्शन करते हुए इस मानवाधिकार हनन के अंत की पुकार लगाई है. बलात्कार को मानवाधिकारों का एक ऐसा गंभीर उल्लंघन क़रार दिया गया है जिसके लंबे समय के लिए विनाशकारी परिणाम हो सकते हैं.

वातावरण में ग्रीनहाउस गैसों की मात्रा में रिकॉर्ड बढ़ोत्तरी

संयुक्त राष्ट्र मौसम विज्ञान संगठन (WMO) ने चेतावनी जारी की है कि वातावरण में तीन प्रमुख ग्रीनहाउस गैसों – कार्बन डाय ऑक्साइड, मीथेन और नाइट्रस ऑक्साइड - का स्तर लगातार बढ़ रहा है जिससे मानवता के भविष्य के लिए ख़तरा पैदा हो रहा है. यूएन एजेंसी ने सरकारों से अपील की है कि जीवाश्म ईंधनों पर निर्भरता कम करने के लिए तत्काल प्रयास करने होंगे जिनकी पुकार वर्ष 2015 के पेरिस समझौते में भी लगाई गई है.

हर तीन में से एक महिला है शारीरिक व यौन हिंसा का शिकार

विश्व में महिलाओं और लड़कियों के विरुद्ध हिंसा व्यापक रूप से व्याप्त है और यह मानवाधिकार उल्लंघन के सबसे भयानक रूपों में से एक है. लैंगिक असमानता, शर्मिंदगी और सज़ा के प्रति भय ना होने की वजह से अक्सर ऐसे मामलों का पता भी नहीं चल पाता है जो एक बड़ी चुनौती है. संयुक्त राष्ट्र सोमवार को 'महिलाओं के प्रति हिंसा के उन्मूलन के अंतरराष्ट्रीय दिवस' पर इसी समस्या को जड़ से उखाड़ने की पुकार लगा रहा है.

‘हार्लेम ग्लोबट्रॉटर्स’ बास्केटबॉल टीम ने यूएन में दिखाए करतब

‘हार्लेम ग्लोबट्रॉटर्स’ बास्केटबॉल टीम का हिस्सा होने के लिए आपको न्यूयॉर्क या अमेरिका से होने की ज़रूरत नहीं है लेकिन फिर भी इस टीम के 93 वर्ष के इतिहास में दो दर्जन से भी कम खिलाड़ी विदेशी मूल के रहे हैं. विश्व भर में भ्रमण कर अपनी खेल-कला का प्रदर्शन करने वाले  ‘हार्लेम ग्लोबट्रॉटर्स’ टीम के खिलाड़ियों ने इस सप्ताह संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय का दौरा किया.