यूरोप

यूक्रेन: युद्ध में हताहतों की बड़ी संख्या, जाँच व जवाबदेही की मांग

संयुक्त राष्ट्र के राजनैतिक व शान्तिनिर्माण मामलों की प्रमुख रोज़मैरी डीकार्लो ने गुरुवार को सुरक्षा परिषद की एक बैठक को सम्बोधित करते हुए कहा है कि यूक्रेनी शहरों पर रोज़ हो रहे हमलों में आमजन हताहत हो रहे हैं, बुनियादी ढाँचे को भीषण नुक़सान पहुँच रहा है और मानवीय आवश्यकताएँ लगातार बढ़ रही हैं. इसके मद्देनज़र, उन्होंने जाँच और जवाबदेही सुनिश्चित किये जाने का आग्रह किया है.

ब्रिटेन के राष्ट्रीयता व सीमाएँ विधेयक के 'चिन्ताजनक' प्रस्तावों में बदलाव का आग्रह

संयुक्त राष्ट्र की मानवाधिकार प्रमुख मिशेल बाशेलेट ने, ब्रिटेन से उसकी सीमा नीति में प्रस्तावित बदलावों पर फिर से विचार करने का आग्रह किया है. उन्होंने साथ ही आगाह करते हुए ये भी कहा है कि प्रस्तावित बदलावों से, कमज़ोर हालात वाले लोगों की, देश में अनियमित तरीक़े से आमद को अपराध क़रार दे दिया जाएगा.

अन्तरराष्ट्रीय न्यायालय (ICJ) का रूस को, यूक्रेन में हमले तत्काल रोकने का आदेश

अन्तरराष्ट्रीय न्यायालय (International Court of Justice) ने बुधवार को एक निर्णय में, रूस को यूक्रेन में अपना सैन्य अभियान तुरन्त स्थगित करने का आदेश जारी किया है.

यूक्रेन: 100 अरब डॉलर का ढाँचागत नुक़सान, 90% आबादी के ग़रीबी में धँसने का जोखिम

संयुक्त राष्ट्र की एक नई रिपोर्ट में कहा गया है कि यूक्रेन पर रूस का हमला शुरू होने के तीन सप्ताह बाद, युद्ध जारी रहने के कारण, देश की 90 प्रतिशत आबादी के "ग़रीबी में तेज़ी से गिर जाने" और बहुत नाज़ुक हालात में पहुँच जाने का जोखिम है.

यूक्रेन संकट: लगभग हर सैकेण्ड, एक बच्चा शरणार्थी बनने के लिये मजबूर

संयुक्त राष्ट्र की मानवीय राहत एजेंसियों ने बताया है कि यूक्रेन में मौजूदा घटनाक्रम के मद्देनज़र, लगभग हर एक सैकेण्ड में एक बच्चा, युद्ध की वजह से शरणार्थी बनने के लिये मजबूर है. रूसी हमले की शुरुआत से अब तक यूक्रेन छोड़कर, अन्य देशों में शरण लेने वाले लोगों की संख्या बढ़कर 30 लाख तक पहुँच गई है. 

यूक्रेन में युद्ध पर, योरोपीय सुरक्षा तंत्र की सबसे कठिन परीक्षा

संयुक्त राष्ट्र में राजनैतिक मामलों की शीर्ष अधिकारी रोज़मैरी डीकार्लो ने आगाह किया है कि यूक्रेन में मौजूदा युद्ध, 1975 में गठित योरोपीय सुरक्षा व सहयोग संगठन (OSCE) के लिये अब तक की सबसे कड़ी परीक्षा है. यूक्रेनी शहरों पर तेज़ होती रूसी बमबारी के बीच, सुरक्षा परिषद में संगठन के कामकाज पर सोमवार को आयोजित वार्षिक बैठक में मौजूदा हालात पर चिन्ता जताई गई है.

यूक्रेन: 'शान्ति की तत्काल दरकार, दुनिया की खाद्य टोकरी पर जोखिम'

संयुक्त राष्ट्र प्रमुख एंतोनियो गुटेरेश ने सोमवार को क्षोभ व्यक्त करते कहा है कि यूक्रेन, इस समय आग की लपटों में घिरा हुआ है और दुनिया की आँखों के सामने ही उसे तबाह किया जा रहा है. उन्होंने एक चेतावनी जारी करते हुए कहा कि यूक्रेन संकट के कारण वैश्विक अर्थव्यवस्था के दरकने का ख़तरा है, जिसका विश्व के सर्वाधिक निर्बल व ज़रूरतमन्द लोगों पर भीषण असर होगा.

यूक्रेन: स्वास्थ्य देखभाल केंद्रों पर हमले बन्द हों, यूएन एजेंसियों की पुकार

संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों के शीर्ष अधिकारियों ने रविवार को जारी अपने एक साझा बयान में यूक्रेन में स्वास्थ्य देखभाल केंद्रों पर सभी हमलों को तत्काल रोकने की पुकार लगाई है. यूक्रेन पर रूसी आक्रमण की शुरुआत से अब तक स्वास्थ्य केंद्रों पर 31 हमलों की पुष्टि हो चुकी है.

यूक्रेन: अनेक शहर पूर्ण तबाही के निकट, जैविक हथियार कार्यक्रम विवाद पर चर्चा

संयुक्त राष्ट्र में शान्तिनिर्माण व राजनैतिक मामलों की प्रमुख रोज़मैरी डीकार्लो ने सुरक्षा परिषद को आगाह किया है कि आमजन व नागरिक प्रतिष्ठानों पर सीधे तौर पर हमले किये जाने पर, अन्तरराष्ट्रीय क़ानून में पाबन्दी है और कि ऐसी घटनाओं को युद्ध अपराध की श्रेणी में रखा जा सकता है. निरस्त्रीकरण मामलों पर उच्च प्रतिनिधि ने कहा है कि यूक्रेन में जैविक हथियार कार्यक्रम के सम्बन्ध में कोई जानकारी नहीं है. 

'यूक्रेन में सिविल ठिकानों पर रूसी हमले, युद्धापराध के दायरे में गिने जा सकते हैं'

संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार कार्यालय, (OHCHR) ने यूक्रेन पर 24 फ़रवरी को रूसी संघ का आक्रमण शुरू होने के बाद वहाँ हताहत होने वाले आम लोगों बढ़ती संख्या पर शुक्रवार को गहरी चिन्ता दोहराई. साथ ही रूस को ये याद भी दिलाया है कि लड़ाई में भाग नहीं लेने वाले लोगों को निशाना बनाया जाना एक युद्धापराध हो सकता है.