एशिया प्रशांत

अफ़ग़ानिस्तान: काबुल मस्जिद में घातक हमले की निन्दा, अनेक हताहत

अफ़ग़ानिस्तान में संयुक्त राष्ट्र सहायता मिशन (UNAMA) ने राजधानी काबुल में गुरूवार को हुए एक घातक हमले की निन्दा की है.

आपबीती: अफ़ग़ानिस्तान में तालेबान शासन; दिल टूटा है, लेकिन उम्मीद क़ायम

ज़रीना* एक युवा अफ़ग़ान महिला उद्यमी हैं. नवाचार के जज़्बे और बेकिंग के जुनून के कारण, आज वो अफ़ग़ानिस्तान की सबसे युवा उद्यमियों में से एक हैं. उनका व्यवसाय अभी भी चल रहा है, लेकिन ग्राहक मुश्किल से ही मिल पा रहे हैं. साथ ही, व्यवसाय के विस्तार की उनकी योजना भी अधर में लटक गई है.

आपबीती: ‘अफ़ग़ान औरतें अब भी संघर्षरत हैं. और मैंने उनमें शामिल रहने का रास्ता चुना है.

36 वर्षीय नसीमा* अफ़ग़ानिस्तान में एक शान्ति निर्मात्री और महिला अधिकार कार्यकर्ता हैं. अगस्त 2021 में तालेबान द्वारा देश की सत्ता पर क़ब्ज़ा किये जाने के बाद से, नसीमा देश में ही रहकर काम कर रही हैं, जबकि देश के हालात दुनिया की सर्वाधिक जटिल मानवीय आपदाओं में शामिल होते जा रहे हैं. नसीमा की आपबीती...

श्रीलंका: आर्थिक संकट के कारण, स्वास्थ्य व्यवस्था बिखराव के निकट

श्रीलंका इस समय अपने इतिहास के बदतरीन सामाजिक-आर्थिक संकटों से गुज़र रहा है, और किसी समय विश्वसनीय रही स्वास्थ्य देखभाल व्यवस्था ढह जाने के निकट है, मरीज़ों को बिजली कटौती के जोखिम का सामना करना पड़ रहा है, दवाइयों का अभाव है, और उपकरणों की भी क़िल्लत है.

आपबीती: 'हम ही उम्मीद हैं, और हम ही अफ़ग़ानिस्तान को एकजुट रखने वाली शक्ति हैं’

विश्व की प्रमुख महिला अधिकार कार्यकर्ताओं में से एक महबूबा सेराज ने अफ़ग़ानिस्तान में अगस्त 2021 में तालेबान के अधिग्रहण के बाद, देश के हालात पर नज़र रखने व समाज कल्याण के लिये काम करने हेतु, देश में बसे रहने का फ़ैसला किया.

भारत: दिल्ली के जलमार्गों में प्रदूषण कम करने के कुछ उपाय

भारत की राजधानी दिल्ली में घरों में जितने पाना का संचय किया जाता है उसमें से लगग लगभग 80 प्रतिशत पानी, अपशिष्ट जल के रूप में समाप्त हो जाता है, जिनमें से कुछ अनुपचारित रहता है, जो शहर के जलमार्गों को प्रदूषित करता है. ये दूषित पानी स्थानीय लोगों के स्वास्थ्य और बेहतर रहन-सहन के लिए ख़तरा है. 

यूएन मानवधिकार प्रमुख का कॉक्सेस बाज़ार दौरा, सुनीं रोहिंज्या शरणार्थियों की चिन्ताएँ

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त मिशेल बाशेलेट ने बांग्लादेश की अपनी पहली आधिकारिक यात्रा के दौरान, मंगलवार को अनेक अधिकारियों, नागरिक समाज के प्रतिनिधियों और रोहिज्या शरणार्थियों के साथ मुलाक़ात करके उनकी स्थिति के बारे में ताज़ा जानकारी हासिल की और उनकी चिन्ताएँ सुनीं.

म्याँमार: यूएन विशेष दूत की प्रथम देश यात्रा

म्याँमार के लिये संयुक्त राष्ट्र की विशेष दूत नोएलीन हेयज़ेर ने अक्टूबर 2021 में अपनी यह ज़िम्मेदारी संभालने के बाद, पहली बार देश की यात्रा की है.

लेबनान: एक भारतीय शान्तिरक्षक की सेवाओं की वृहद मांग

लेबनान में संयुक्त राष्ट्र के अन्तरिम बल (UNIFIL) में सेवारत भारत के एक शान्तिरक्षक लैफ़्टिनैण्ट कर्नल चन्दन सिंह वहाँ एकमात्र पशु चिकित्सक हैं और उनकी सेवाओं की वृहद मांग है.

भारत: युवाओं को कार्रवाई के केन्द्र में लाने की अनूठी पहल

भारत में संयुक्त राष्ट्र ने टिकाऊ विकास लक्ष्यों के लिये भारत के 35 करोड़ युवाओं को प्रेरित करने और उनका समर्थन जुटाने के लिये प्रथम 'युवाह' पैरोकार नियुक्त किये हैं.