एशिया प्रशांत

म्याँमार में आर्थिक हालात ढहने के कगार पर – यूएन रिपोर्ट

म्याँमार में सैन्य तख़्तापलट के बाद राजनैतिक उठापठक और कोविड-19 महामारी के असर की वजह से लगभग ढाई करोड़ लोग, यानि देश की लगभग आधी आबादी, अगले वर्ष की शुरुआत तक निर्धनता में रहने के लिये मजबूर हो सकती है. संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम (UNDP) ने शुक्रवार को जारी एक नई रिपोर्ट में यह बात कही है.

म्यामाँर: राजनैतिक संकट के बीच, लोगों तक भोजन पहुँचाने की मुहिम

संयुक्त राष्ट्र का विश्व खाद्य कार्यक्रम (WFP), म्याँमार में मौजूदा राजनैतिक संकट के कारण उत्पन्न हालात के बीच खाद्य असुरक्षा का सामना कर रहे लाखों लोगों के लिये भोजन व अन्य सहायता पहुँचाने के प्रबन्ध करने में सक्रिय है. म्याँमार में यूएन खाद्य एजेंसी के उप निदेशक मारकस प्रायर ने यूएन न्यूज़ के साथ एक ख़ास बातचीत में बताया कि बैंकिग व्यवस्था चरमराने के कारण, लोगों को, भोजन असुरक्षा के साथ-साथ, भोजन ख़रीदने के लिये नक़दी का इन्तज़ाम करने की भी परेशानी भी हो रही है...

कोविड-19: संयुक्त राष्ट्र परिवार, कठिन घड़ी में, भारत के साथ एकजुट

संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेश ने भारत में वैश्विक महामारी कोविड-19 के भीषण फैलाव से उपजे हालात के मद्देनज़र देश के लोगों के साथ एकजुटता व्यक्त की है. यूएन प्रमुख ने भरोसा दिलाया है कि उनका संगठन इस घड़ी में भारत के लिये अपने समर्थन का दायरा और स्तर बढ़ाने के लिये मुस्तैद है.

भारत: कोविड से लड़ाई में, यूएन एजेंसियों की सक्रिय मदद

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने भारत में कोविड-19 संक्रमण के मामलों में आई भारी तेज़ी का मुक़ाबला करने के लिये, अस्पतालों में क्षमता बढ़ाने और अहम चिकित्सा सामग्री की क़िल्लत को दूर किये जाने पर ज़ोर दिया है. दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र में WHO की क्षेत्रीय निदेशक डॉक्टर पूनम खेत्रपाल सिंह ने कहा है कि कोरोनावायरस संकट से जूझ रहे भारत के लिये, यह सर्वोपरि प्राथमिकता होनी चाहिये. इस बीच यूएन एजेंसियाँ भारत में चिकित्सा सामान की उपलब्धता व अन्य तरह की मदद मुहैया कराने में सक्रिय हैं.

म्याँमार: ताज़ा झड़पों के कारण हज़ारों लोग विस्थापित

संयुक्त राष्ट्र के मानवीय सहायता मामलों के कार्यालय (OCHA) ने कहा है कि म्याँमार में सुरक्षा बलों और क्षेत्रीय सशस्त्र गुटों के बीच ताज़ा लड़ाई के कारण, देश भर में, हज़ारों लोगों को विस्थापित होना पड़ा है.

नेपाल: नई नियुक्तियों से मानवाधिकार आयोग की स्वतन्त्रता पर असर, यूएन विशेषज्ञ

संयुक्त राष्ट्र के स्वतन्त्र मानवाधिकार विशेषज्ञों ने नेपाल के राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग में हाल ही में नए सदस्यों की नियुक्ति किये जाने पर गम्भीर चिन्ता जताई है. यूएन मानवाधिकार विशेषज्ञों ने मंगलवार को एक वक्तव्य जारी करके कहा कि इन नियुक्तियों से आयोग की स्वतन्त्रता, सत्यनिष्ठा और वैधता कमज़ोर हुई है.

ट्रान्सजैण्डर लोगों के स्वास्थ्य एवं कल्याण की मुहिम

ट्रान्सजैण्डर अधिनियम और नियमों के सफल कार्यान्वयन के लिये एक आम और पारदर्शी तन्त्र की खोज पर, मेडिकल एपिडेमियोलॉजिस्ट, व भारत में यूएनएड्स (UNAIDS) के देश-निदेशक और संगठन की मानवाधिकार कार्रवाई के लिये सम्मान प्राप्त डॉक्टर बिलाली कैमारा का ब्लॉग…

आपबीती: शिविर में आगजनी के बाद, फिर से सदमे में रोहिंज्या समुदाय

एक रोहिंज्या शरणार्थी और अन्तरराष्ट्रीय प्रवासन संगठन (IOM) के स्वैच्छिक कार्यकर्ता ने यूएन न्यूज़ को अपनी आपबीती सुनाते हुए कहा है कि शरणार्थी शिविर में आग लगने की घटना के बाद, समुदाय एक बार फिर से गहरे सदमे में है. मार्च 2021 में, बांग्लादेश के कॉक्सेस बाज़ार के शरणार्थी शिविर को विकराल आग ने अपनी चपेट में ले लिया था, जिसमें कम से कम 11 लोगों की मौत हुई और 45 हज़ार से ज़्यादा लोग बेघर हो गए.

कोविड-19: कुछ अहम सवाल-जवाब

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने भारत में, अप्रैल महीने में, कोविड-19 के संक्रमण की दूसरी लहर देखे जाने के मद्देनज़र, ऐहतियाती उपाय अपनाए जाने और उनके बारे में और ज़्यादा जागरूकता पर भी ख़ासा ज़ोर दिया है. जिनीवा से पेश किये गए इस कार्यक्रम की वीडियो प्रस्तुति...

कोविड-19: भारत में हालात 'हृदय विदारक, बयान से परे'

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने कहा है कि कोविड-19 महामारी का अनेक देशों में तेज़ रफ़्तार से फैलना जारी है और संक्रमण के मामलों में लगातार नौवें सप्ताह बढ़ोत्तरी दर्ज की गई है. यूएन स्वास्थ्य एजेंसी के महानिदेशक टैड्रॉस एडहेनॉम घेबरेयेसेस ने भारत में मौजूदा हालात को हृदय विदारक और बयान से परे बताते हुए भरोसा दिलाया है कि यूएन एजेंसी हरसम्भव सहायता प्रदान करने में जुटी है.