एशिया प्रशांत

आपबीती: 'हम ही उम्मीद हैं, और हम ही अफ़ग़ानिस्तान को एकजुट रखने वाली शक्ति हैं’

विश्व की प्रमुख महिला अधिकार कार्यकर्ताओं में से एक महबूबा सेराज ने अफ़ग़ानिस्तान में अगस्त 2021 में तालेबान के अधिग्रहण के बाद, देश के हालात पर नज़र रखने व समाज कल्याण के लिये काम करने हेतु, देश में बसे रहने का फ़ैसला किया.

भारत: दिल्ली के जलमार्गों में प्रदूषण कम करने के कुछ उपाय

भारत की राजधानी दिल्ली में घरों में जितने पाना का संचय किया जाता है उसमें से लगग लगभग 80 प्रतिशत पानी, अपशिष्ट जल के रूप में समाप्त हो जाता है, जिनमें से कुछ अनुपचारित रहता है, जो शहर के जलमार्गों को प्रदूषित करता है. ये दूषित पानी स्थानीय लोगों के स्वास्थ्य और बेहतर रहन-सहन के लिए ख़तरा है. 

म्याँमार: यूएन विशेष दूत की प्रथम देश यात्रा

म्याँमार के लिये संयुक्त राष्ट्र की विशेष दूत नोएलीन हेयज़ेर ने अक्टूबर 2021 में अपनी यह ज़िम्मेदारी संभालने के बाद, पहली बार देश की यात्रा की है.

लेबनान: एक भारतीय शान्तिरक्षक की सेवाओं की वृहद मांग

लेबनान में संयुक्त राष्ट्र के अन्तरिम बल (UNIFIL) में सेवारत भारत के एक शान्तिरक्षक लैफ़्टिनैण्ट कर्नल चन्दन सिंह वहाँ एकमात्र पशु चिकित्सक हैं और उनकी सेवाओं की वृहद मांग है.

भारत: युवाओं को कार्रवाई के केन्द्र में लाने की अनूठी पहल

भारत में संयुक्त राष्ट्र ने टिकाऊ विकास लक्ष्यों के लिये भारत के 35 करोड़ युवाओं को प्रेरित करने और उनका समर्थन जुटाने के लिये प्रथम 'युवाह' पैरोकार नियुक्त किये हैं.

भारत के 75वें स्वतंत्रता दिवस पर शरणार्थियों का सुरीला उपहार

भारत के 75वें भारतीय स्वतंत्रता दिवस पर, संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी, UNHCR ने, कई बार ग्रैमी पुरस्कार विजेता रहे, भारतीय संगीतकार और पर्यावरणविद्, रिकी केज के सहयोग से, एक संगीत वीडियो का निर्माण किया, जिसमें 4 राष्ट्रीयताओं के 12 शरणार्थी, भारतीय राष्ट्रगान गा रहे हैं. सभी गायकों ने एक स्वर में कहा, "हम इस 75वें स्वतंत्रता दिवस पर भारत के लोगों को बधाई देते हैं. साथ ही, आपकी दया, प्यार और सहयोग के लिये भारत की जनता एवं सरकार को धन्यवाद देते हैं." वीडियो फ़ीचर...

अफ़ग़ानिस्तान की महिलाओं व लड़कियों के लिये यूएन एजेंसियों की प्रतिबद्धता

संयुक्त राष्ट्र की विभिन्न एजेंसियों ने सोमवार को कहा है कि अफ़ग़ानिस्तान में तालेबान के एक साल के शासन के दौरान महिलाओं और लड़कियों की ज़िन्दगियों के हालात बहुत ख़राब हुए हैं, जिससे मानवाधिकारों के तमाम क्षेत्र प्रभावित हुए हैं. यूएन एजेंसियों ने तालेबान शासन के एक साल बाद, देश की महिलाओं और लड़कियों को अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है.

अफ़ग़ानिस्तान: देश के भविष्य से पीठ नहीं फेरी जा सकती, आरसीओ

अफ़ग़ानिस्तान में अगस्त 2021 में सत्ता पर तालेबान का क़ब्ज़ा होने के एक वर्ष बाद, देश में वरिष्ठ यूएन अधिकारी – RCO रमीज़ अलअकबरोव ने लड़कियों की ज़िन्दगियों के बारे में अपने डर बयान किये हैं, और अफ़ग़ान अर्थव्यवस्था में फिर से जान फूँकने में, महिलाओं की पूर्ण भूमिका निभाए जाने की पुकार लगाई है…

यूएन मानवाधिकार प्रमुख मिशेल बाशेलेट - बांग्लादेश की यात्रा पर

संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार कार्यालय OHCHR ने शुक्रवार को बताया है कि मानवाधिकार उच्चायुक्त मिशेल बाशेलेट, सप्ताहान्त पर बांग्लादेश की यात्रा करेंगी.

अफ़ग़ानिस्तान: 'मानवाधिकारों में सुधार के बिना, भविष्य स्याह'

संयुक्त राष्ट्र के स्वतंत्र मानवाधिकार विशेषज्ञों ने कहा है कि अन्तरराष्ट्रीय समुदाय को अफ़ग़ानिस्तान में सत्ता पर क़ाबिज़ अधिकारियों (तालेबान) को बुनियादी मानवाधिकार सिद्धान्तों का पालन करने का आग्रह करने के लिये अपने प्रयास बहुत तेज़ी से बढ़ाने की दरकार है.