बाल मज़दूरी के ख़िलाफ़ सन्धि पर सार्वभौमिक मोहर

7 अगस्त 2020

अन्तरराष्ट्रीय श्रम संगठन यानि आईएलओ  के सभी 187 सदस्य देशों ने दासता, देह व्यापार और तस्करी सहित बाल मज़दूरी के अन्य ख़राब रूपों से बच्चों की रक्षा करने वाली सन्धि की सार्वभौमिक पुष्टि कर दी है.

वर्ष 2021 को बाल मज़दूरी के अन्त के अन्तरराष्ट्रीय वर्ष के रूप में मनाए जाने की तैयारी है और इस दिशा में प्रगति के लिये यूएन एजेंसी जागरूकता प्रसार के प्रयासों में जुटी है.
 
इस सार्वभौमिक पुष्टि के क्या मायने हैं और इसे एक ऐतिहासिक क़दम क्यों माना जा रहा है, इस विषय में ज़्यादा जानकारी के लिये हमारी सहयोगी अंशु शर्मा ने भारत में यूएन एजेंसी की राष्ट्रीय कार्यक्रम अधिकारी दिव्या वर्मा से बात की.

Audio Credit:
यूएन हिन्दी न्यूज़
अवधि
10'53"

 

♦ समाचार अपडेट रोज़ाना सीधे अपने इनबॉक्स में पाने के लिए यहाँ किसी विषय को सब्सक्राइब करें
♦ अपनी मोबाइल डिवाइस में यूएन समाचार का ऐप डाउनलोड करें – आईफ़ोन iOS या एंड्रॉयड